फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Ghazipur News ›   Farmers dissatisfied with compensation in preparation for going to court

मुआवजे से असंतुष्ट किसान कोर्ट जाने की तैयारी में

Tue, 10 Aug 2021 10:42 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 10 Aug 2021 10:42 PM IST
विज्ञापन
Farmers dissatisfied with compensation in preparation for going to court
ताड़ीघाट-मऊ नई रेल लाइन के लिए सुहवल थाना क्षेत्र के मेदनीपुर में अधिगृहित भूमि का उचित मुआवाजा नहीं मिलने से किसान बेहद नाराज हैं। जिलाधिकारी न्यायालय में दाखिल किए गए आर्बिटेशन के निस्तारण से भी असंतुष्ट हैं। नाराज किसानों ने सोमवार को निमार्ण कार्य को भी रोक दिया था। इस पर प्रशासन ने तीन किसानों को हिरासत में लेकर कुछ घंटे थाने में रखा जिनको देर रात 151 में चालान करते हुए एक लाख के निजी मुचलके पर छोड़ दिया। इससे किसान और भी नाराज हो गए हैं और आर-पार की लड़ाई के मुड में आ गए हैं। उनका कहना है कि उनकी मांगे जायज है और अब कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे।
विज्ञापन

ताड़ीघाट-मऊ रेल लाइन का कार्य 1766 करोड़ की लागत से दो चरणों में होना है। पहले चरण में सोनवल से गाजीपुर सिटी रेलवे स्टेशन तक कार्य किया जा रहा है। इसमें सोनवल में एक भव्य स्टेशन व गंगा में रेल सह रोड़ ब्रिज का कार्य हो रहा है। दूसरे चरण में गाजीपुर सिटी से मऊ तक का कार्य होना है। प्रथम चरण की परियोजना में सदर व जमानियां तहसील के कुल 17 गांव शामिल है। इन गांवों के कुल 2783 किसान परियोजना से प्रभावित हो रहे हैं। इसके लिए कुल 35.5310 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहित की गई है। बहुत से किसानों में मुआवजे व सर्किल रट को लेकर असंतोष था। जिसको लेकर किसान जिलाधिकारी न्यायालय में आर्बिटेशन दाखिल किया था। सभी आर्बिटेशन का जिलाधिकारी ने निस्तारण कर दिया, लेकिन मेदनीपुर के चार किसान अभी भी इससे असंतुष्ट हैं।
विज्ञापन

मेदनीपुर के किसान रमेश सिंह का कहना है कि हमारी जमीन के आगे-पीछे अन्य जमीनों का अलग रेट है। जिस जमीन को लेकर मामला है वह करीब 21 मंडा है। जो बीचो-बीच है। फिर भी रेट आधे से भी कम निर्धारित किया गया, जो सरासर गलत है। यह हम लोगों के साथ भेद-भाव है। जिलाधिकारी एक बार मौके पर आएं और देखें कि हमारी मांग कितनी जायज है। कहा कि जिलाधिकारी को पुनर्विचार के लिए पत्र सौंपा है। अगर वो खारिज होता है तो कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed