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Ghazipur News: प्राकृतिक खेती के बताए लाभ, किया प्रोत्साहित

Sat, 10 Dec 2022 11:32 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sat, 10 Dec 2022 11:32 PM IST
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Explained the benefits of natural farming, encouraged
कृषि विज्ञान केंद्र पीजी कॉलेज गाजीपुर की ओर से प्राकृतिक खेती को लेकर किसान मेला एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि मुख्य विकास अधिकारी श्री प्रकाश गुप्ता, जिलाध्यक्ष भानु प्रताप सिंह, अपर महाधिवक्ता अजीत कुमार सिंह एवं अध्यक्ष कृषि विज्ञान डा. मार्कंडेय सिंह ने संयुक्त रूप से किया।
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इस अवसर पर मुख्य अतिथि ने कहा कि केंद्र और राज्य सरकार किसानों को प्राकृतिक खेती से जोड़ने के लिए कई योजनाएं चला रही हैं। ताकि किसानों को आर्थिक लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी जानलेवा बीमारियों के होने का मुख्य कारण फसलों में कीटनाशक दवा और रासायनिक खादों का अंधाधुंध प्रयोग करना है। प्राकृतिक खेती करने से किसानों की फसलों में लागत कम होगी और उनके जहां कृषि उत्पाद महंगे बिकने से उनकी आमदनी भी ज्यादा होगी।
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केंद्र के अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश सरकार के अपर महाधिवक्ता अजित कुमार सिंह ने आग्रह किया कि किसानों को प्राकृतिक खेती को अपनाएं। इस अवसर पर जनपद के प्रगतिशील कृषक डा. मार्कंडेय सिंह ने कृषि विज्ञान केंद्र पीजी कॉलेज गाजीपुर के संस्थापक एवं गाजीपुर के मालवीय कहे जाने वाले स्वर्गीय राजेश्वर प्रसाद सिंह के कार्यों को याद किया।
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कहा कि कृषि विज्ञान केंद्र पूरे जनपद के गांव गांव जाकर किसानों को कृषि की नवीनतम तकनीकों से जानकारी उपलब्ध करा रहा है इसके लिए केंद्र के कार्यों की सराहना की। मौके पर जिला उद्यान अधिकारी डा. शैलेंद्र दुबे ने बताया कि तकनीकी सत्र के दौरान केंद्र के वैज्ञानिकों द्वारा बताया गया कि प्राकृतिक खेती कृषि की प्राचीन पद्धति है। यह भूमि के प्राकृतिक स्वरूप को बनाए रखती है।

प्राकृतिक खेती में रासायनिक कीटनाशक का उपयोग नहीं किया जाता है। इस प्रकार की खेती में जो तत्व प्रकृति में पाए जाते हैं, उन्ही को खेती में कीटनाशक के रूप में प्रयोग किया जाता है। किसान मेला के दौरान विभिन्न विभागों द्वारा कुल दस स्टाल लगाए गए। इस अवसर पर महिला किसानों को लेकर 500 किसानों की उपस्थिति रही। इस अवसर पर डा. किरण सिंह, डा. अशोक कुमार सिंह कपिल देव शर्मा सहित अन्य लोग उपस्थित रहे।
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