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सिर पर मौत, बिजली पर भी आफत
ब्यूरो, अमर उजाला,गाजीपुर
Updated Mon, 09 May 2016 11:18 PM IST
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झूलते तार
- फोटो : अमर उजाला
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जर्जर तार विद्युत आपूर्ति के लिए तो बाधक हैं ही, लोगों के लिए खतरा भी बन गए हैं। शहर में 20 घंटे विद्युत आपूर्ति का शेड्यूल है लेकिन जर्जर तारों के चलते शहर में 16 घंटे से ज्यादा बिजली लोगों को नहीं मिल पा रही है। अक्सर कहीं न कहीं तार टूट कर गिरते रहते हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में तो हालात और भी बदतर हैं। कई जगह खेतों में इतने नीचे तक लटक रहे हैं कि किसान का सर टकरा जाए। जर्जर तारों की वजह से अक्सर स्पार्क़िग होती रहती है। स्पार्किंग की वजह से इस साल साल विभिन्न गांवों में 200 बीघा से अधिक गेहूं की फसल जलकर नष्ट हो गई।
महुआबाग में तारों का जंजाल
शहर के सबसे व्यस्त बाजार महुआ बाग में सड़के बीचोंबीच तार लटक रहे हैं। नौबत यह है कि भारी वाहन उधर से नहीं गुजरते क्योंकि उनके सटने का खतरा बना हुआ है। शहर के अन्य मुहल्लों की हालत तो और खराब है। त्वरित विद्युत सुधार एवं विकास योजना के तहत करोड़ों के विद्युत सुधार का काम कराए जा रहे हैं लेकिन इन जर्जर तारों को बदला नहीं जा रहा।
हाईटेंशन लाइन के नीचे मकान
दिलदारनगर के वार्ड नम्बर एक एवं दो के बीच ताज मार्केट गली में हाईटेंशन लाइन गुजरती है। इससे सट कर मकान बन गए हैं। यह हादसे का सबब बना हुआ है। गली में तार इस तरह लटक गए हैं कि बाइक लेकर जाने वाले भी भयभीत रहते हैं। मार्केट में जल्द जाने के लिये इस गली का सहारा लेकर लोग जाते रहते हैं। इसी प्रकार नगर के वार्ड पांच एवं छह के बीच गुजरने वाली सड़क के ऊपर एचटी तार ढीले होकर लटक रहा है। इसी तरह रामलीला मैदान से फतेहपुर को जाने वाली सड़क पर एचटी तार लटक रहा है। इसको लेकर वार्ड के लोगों ने कई बार विभाग को सूचना दी लेकिन किसी स्तर से ध्यान नहीं दिया गया। कस्बा निवासी तौवाब राईन ने बताया की विजली विभाग की उदासीनता से समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है।
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एबीसी लटका, परवाह नहीं किसी को
बहरियाबाद बाजार में तीन वर्ष पहले इंसुलेटेड एरियल बंच कंडक्टर लगाए गए थे। इन तारों से जान का कोई खतरा तो नहीं है लेकिन ये जगह-जगह लटक गए हैं। शिवमंदिर से कस्बा में जाने वाला तार एक टावर के पास काफी नीचे लटक रहा है। नादेपुर गांव जाने वाली सड़क पर लो टेंशन वायर लटक रहा है और जान का खतरा बना हुआ है।
बांस बल्लियों पर बिजली
दुबिहा इलाके के की गांवों में बांस और बल्लियों के सहारे लाइन खींची गई है। बाजार के रामलीला मैदान के पास बिजली का तार जमीन से कुछ ही ऊंचाई पर लटक रहा है। क्षेत्रीय लोगों की तरफ से विभागीय अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया गया है लेकिन अभी तक किसी ने इसकी सुध नहीं ली है। विभाग की उदासीनता से लोगों में नाराजगी है।
लटकते तार, हादसे को निमंत्रण
भदौरा बाजार के अलावा कुछ ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति के लिए लगाया गया तार हादसे को आमंत्रण दे रहा है। जमीन से थोड़ी सी ऊंचाई पर लटक रहे बिजली के इन तारों को लेकर विभाग बेपरवाह बना हुआ है। जर्जर तार खेत में टूटकर गिरने की वजह से पूर्व में फसल जलने की कई घटनाएं हो चुकी है। इसमें किसानों को काफी क्षति हो चुकी है। जर्जर तार अक्सर आपूर्ति में भी बाधक साबित होते रहते हैं।
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महुआबाग में तारों का जंजाल
शहर के सबसे व्यस्त बाजार महुआ बाग में सड़के बीचोंबीच तार लटक रहे हैं। नौबत यह है कि भारी वाहन उधर से नहीं गुजरते क्योंकि उनके सटने का खतरा बना हुआ है। शहर के अन्य मुहल्लों की हालत तो और खराब है। त्वरित विद्युत सुधार एवं विकास योजना के तहत करोड़ों के विद्युत सुधार का काम कराए जा रहे हैं लेकिन इन जर्जर तारों को बदला नहीं जा रहा।
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हाईटेंशन लाइन के नीचे मकान
दिलदारनगर के वार्ड नम्बर एक एवं दो के बीच ताज मार्केट गली में हाईटेंशन लाइन गुजरती है। इससे सट कर मकान बन गए हैं। यह हादसे का सबब बना हुआ है। गली में तार इस तरह लटक गए हैं कि बाइक लेकर जाने वाले भी भयभीत रहते हैं। मार्केट में जल्द जाने के लिये इस गली का सहारा लेकर लोग जाते रहते हैं। इसी प्रकार नगर के वार्ड पांच एवं छह के बीच गुजरने वाली सड़क के ऊपर एचटी तार ढीले होकर लटक रहा है। इसी तरह रामलीला मैदान से फतेहपुर को जाने वाली सड़क पर एचटी तार लटक रहा है। इसको लेकर वार्ड के लोगों ने कई बार विभाग को सूचना दी लेकिन किसी स्तर से ध्यान नहीं दिया गया। कस्बा निवासी तौवाब राईन ने बताया की विजली विभाग की उदासीनता से समस्या का समाधान नहीं हो पा रहा है।
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एबीसी लटका, परवाह नहीं किसी को
बहरियाबाद बाजार में तीन वर्ष पहले इंसुलेटेड एरियल बंच कंडक्टर लगाए गए थे। इन तारों से जान का कोई खतरा तो नहीं है लेकिन ये जगह-जगह लटक गए हैं। शिवमंदिर से कस्बा में जाने वाला तार एक टावर के पास काफी नीचे लटक रहा है। नादेपुर गांव जाने वाली सड़क पर लो टेंशन वायर लटक रहा है और जान का खतरा बना हुआ है।
बांस बल्लियों पर बिजली
दुबिहा इलाके के की गांवों में बांस और बल्लियों के सहारे लाइन खींची गई है। बाजार के रामलीला मैदान के पास बिजली का तार जमीन से कुछ ही ऊंचाई पर लटक रहा है। क्षेत्रीय लोगों की तरफ से विभागीय अधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराया गया है लेकिन अभी तक किसी ने इसकी सुध नहीं ली है। विभाग की उदासीनता से लोगों में नाराजगी है।
लटकते तार, हादसे को निमंत्रण
भदौरा बाजार के अलावा कुछ ग्रामीण क्षेत्रों में विद्युत आपूर्ति के लिए लगाया गया तार हादसे को आमंत्रण दे रहा है। जमीन से थोड़ी सी ऊंचाई पर लटक रहे बिजली के इन तारों को लेकर विभाग बेपरवाह बना हुआ है। जर्जर तार खेत में टूटकर गिरने की वजह से पूर्व में फसल जलने की कई घटनाएं हो चुकी है। इसमें किसानों को काफी क्षति हो चुकी है। जर्जर तार अक्सर आपूर्ति में भी बाधक साबित होते रहते हैं।