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Ghazipur News: मिनी लाइब्रेरी के रूप में विकसित होंगे जिले के 207 आंगनबाड़ी केंद्र
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गाजीपुर। जनपद में 4127 आंगनबाड़ी केंद्र हैं। इन आंगनबाड़ी केंद्रों पर चरणबद्ध तरीके से मिनी लाइब्रेरी विकसित की जाएगी। पहले चरण में 207 आंगनबाड़ी केंद्र मिनी लाइब्रेरी के रूप में विकसित होंगे। 207 आंगनबाड़ी केंद्रों को मिनी लाइब्रेरी के रूप में विकसित करने पर करीब 20.70 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। आंगनबाड़ी केंद्रों पर मिनी लाइब्रेरी की सुविधा होने से बच्चों का ज्ञानवर्धन होगा।
आंगनबाड़ी केंद्रों का मुख्य उद्देश्य एकीकृत बाल विकास सेवाओं के तहत 0-6 वर्ष के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली माताओं के स्वास्थ्य, पोषण और विकास में सुधार करना है। यह बच्चों में कुपोषण कम करने, टीकाकरण, पूर्व-विद्यालयी शिक्षा और स्वास्थ्य जांच जैसी सेवाएं प्रदान कर बच्चों के शारीरिक व मानसिक विकास की नींव रखना है।
वहीं जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों को अब और अधिक आकर्षक व उपयोगी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। नौनिहालों के सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए इन केंद्रों पर मिनी लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी, जहां बच्चों के लिए आकर्षक चित्रों वाली लगभग 150 रंगीन किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। किताबों के माध्यम से बच्चों में प्रारंभिक शिक्षा के प्रति रुचि विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। एक आंगनबाड़ी केंद्र पर मिनी लाइब्रेरी विकसित करने पर 10 हजार 125 रुपये खर्च किए जाएंगे।
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आंगनबाड़ी केंद्रों का मुख्य उद्देश्य एकीकृत बाल विकास सेवाओं के तहत 0-6 वर्ष के बच्चों, गर्भवती महिलाओं और स्तनपान कराने वाली माताओं के स्वास्थ्य, पोषण और विकास में सुधार करना है। यह बच्चों में कुपोषण कम करने, टीकाकरण, पूर्व-विद्यालयी शिक्षा और स्वास्थ्य जांच जैसी सेवाएं प्रदान कर बच्चों के शारीरिक व मानसिक विकास की नींव रखना है।
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वहीं जिले के आंगनबाड़ी केंद्रों को अब और अधिक आकर्षक व उपयोगी बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। नौनिहालों के सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए इन केंद्रों पर मिनी लाइब्रेरी स्थापित की जाएगी, जहां बच्चों के लिए आकर्षक चित्रों वाली लगभग 150 रंगीन किताबें उपलब्ध कराई जाएंगी। किताबों के माध्यम से बच्चों में प्रारंभिक शिक्षा के प्रति रुचि विकसित करने का प्रयास किया जाएगा। एक आंगनबाड़ी केंद्र पर मिनी लाइब्रेरी विकसित करने पर 10 हजार 125 रुपये खर्च किए जाएंगे।
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