{"_id":"5a661b174f1c1b91268b5c6b","slug":"181516641047-ghazipur-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"कूड़ा ग्राम समाज की भूमि पर फेंके जाने का पुरजोर विरोध किया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
कूड़ा ग्राम समाज की भूमि पर फेंके जाने का पुरजोर विरोध किया
Updated Mon, 22 Jan 2018 10:40 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
मुहम्मदाबाद। स्थानीय विकासखंड के हाटा गांव में सोमवार को प्राथमिक विद्यालय पर गांव के लोगों की बैठक हुई। इसमें नगरपालिका मुहम्मदाबाद का कूड़ा गांव के पश्चमि ग्राम समाज की भूमि पर फेंके जाने का पुरजोर विरोध किया गया। गांव वालों ने कहा कि गांव में कूडा फेंकने से जहां मगही नदी का पानी प्रदूषित होगा वहीं गांव में प्रदूषण के चलते संक्रामक बीमारियों के फैलने का खतरा पैदा हो जाएगा।
हाटा ग्राम पंचायत में कूड़ा घर बनाने के लिए प्रशासन द्वारा गांव में डुगडुगी पिटवाकर ग्राम पंचायत की खुली बैठक बुलाई गई थी। गांव के लोग प्राथमिक पाठशाला पर एकत्र हुए तथा प्रशासन के इस प्रस्ताव का पुरजोर विरोध किया। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि भोला गुप्ता ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि गांव के पश्चिम तरफ कूड़ा घर बनवाने का प्रस्ताव ग्राम पंचायत की खुली बैठक में पास कराकर दिया जाए। नगरपालिका मुहम्मदाबाद के कूड़ा को निस्तारित किया जाएगा। गांव के लोगों ने प्रशासन के इस प्रस्ताव पर असहमति जताते हुए इसका विरोध किया। कहा कि गांव के पश्चिम कूड़ा फेंकने से प्रदूषण फैलेगा जिससे मगई नदी का पानी भी प्रदूषित होगा। खुली बैठक में कोई प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचा। बैठक के बाद प्रदेश कोआपरेटिव फेडरेशन के निदेशक विजयशंकर राय के नेतृत्व में गांव के लोगों का एक प्रतिनिधिमण्डल ने उपजिलाधिकारी ज्ञानप्रकाश यादव एवं तहसीलदार मोहनलाल गुप्ता से मिलकर ग्रामीणों की भावनाओं से अवगत कराया।
विज्ञापन
हाटा ग्राम पंचायत में कूड़ा घर बनाने के लिए प्रशासन द्वारा गांव में डुगडुगी पिटवाकर ग्राम पंचायत की खुली बैठक बुलाई गई थी। गांव के लोग प्राथमिक पाठशाला पर एकत्र हुए तथा प्रशासन के इस प्रस्ताव का पुरजोर विरोध किया। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि भोला गुप्ता ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि गांव के पश्चिम तरफ कूड़ा घर बनवाने का प्रस्ताव ग्राम पंचायत की खुली बैठक में पास कराकर दिया जाए। नगरपालिका मुहम्मदाबाद के कूड़ा को निस्तारित किया जाएगा। गांव के लोगों ने प्रशासन के इस प्रस्ताव पर असहमति जताते हुए इसका विरोध किया। कहा कि गांव के पश्चिम कूड़ा फेंकने से प्रदूषण फैलेगा जिससे मगई नदी का पानी भी प्रदूषित होगा। खुली बैठक में कोई प्रशासनिक अधिकारी नहीं पहुंचा। बैठक के बाद प्रदेश कोआपरेटिव फेडरेशन के निदेशक विजयशंकर राय के नेतृत्व में गांव के लोगों का एक प्रतिनिधिमण्डल ने उपजिलाधिकारी ज्ञानप्रकाश यादव एवं तहसीलदार मोहनलाल गुप्ता से मिलकर ग्रामीणों की भावनाओं से अवगत कराया।
विज्ञापन