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अभी साल भर नहीं आएगा पानी फिर भी पाइप लाइन डालने को शहर खोद डाला गया
अमर उजाला ब्यूराे फीराेजाबाद
Updated Fri, 16 Dec 2016 12:53 AM IST
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जेड़ाझाल परियोजना से अभी एक साल तक प्यास नहीं बुझ सकेगी।
- फोटो : अमर उजाला ब्यूराे
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जेड़ाझाल परियोजना से अभी एक साल तक प्यास नहीं बुझ सकेगी। सदर विधायक मनीष असीजा द्वारा विधानसभा आश्वासन समिति में मामला उठाने के बाद गुरुवार को लखनऊ से आई जांच टीम ने योजना की प्रगति देखी। जांच के दौरान अधिकारी भी दंग रह गए।
मुख्यमंत्री अखिलेख यादव ने जनता को मीठा पानी उपलब्ध कराने के लिए 432.83 करोड़ की पेयजल पुनर्गठन परियोजना को मंजूरी दी थी। कार्यदायी संस्था जलनिगम द्वारा करोड़ों की परियोजना पर कछुआ गति से कार्य किया जा रहा है। सदर विधायक मनीष असीजा ने काम की धीमी गति का मामला विधानसभा आश्वासन समिति में उठाया था। विधायक की शिकायत पर गुरुवार को लखनऊ से जांच टीम फीरोजाबाद पहुंची। मुरादाबाद, गाजियाबाद और आगरा मंडल के प्रभारी और जलनिगम के सलाहकार आरके गर्ग और इटावा निर्माण शाखा के एसई अजय सिंह गौड़ ने नंदपुर पहुंचकर प्री सेटलिंग बेसिन और वाटर झील का निर्माण कार्य देखा। यहां टीम को कार्य की प्रगति मात्र 30 प्रतिशत मिली। नंदपुर से सैलई तक करीब चार किमी. नहर का निर्माण कार्य अधूरा मिला। सैलई में बन रहे वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, फिल्टर हाउस और केमीकल हाउस निर्माण की प्रगति भी धीमी मिली। नगर विधायक ने अधिकारियों से पूछा कि कार्य कब तक पूर्ण होगा? इस पर अधिकारियों ने भी माना कि एक वर्ष से पूर्व निर्माण संभव नहीं है। इस पर नगर विधायक ने नाराजगी व्यक्त की। निरीक्षण के समय जलनिगम के एक्सईएन राकेश कुमार, सुनील शर्मा, सत्यवीर गुप्ता, भगवानदास शंखवार, किशोर अग्रवाल, संजय शंखवार मौजूद थे।
मैं तो मात्र पांच की स्पीड से गाड़ी चला रहा हूं
जलनिगम द्वारा पाइप लाइन डालने के लिए नंदपुर से लेकर हाथवंत तक एक साल पहले ही पूरी सड़क को खोद दी गई है। सड़क निर्माण की धनराशि मिलने के बाद सड़क का निर्माण नहीं हुआ। हाथवंत मार्ग पर गाड़ी हिचकोले खाने पर सलाहकार आरके गर्ग ने चालक से गाड़ी सही तरह से चलाने को कहा। इस पर चालक ने कहा कि गाड़ी बहुत स्लो चल रही है। सड़क में गहरे गड्ढे होने के कारण गाड़ी हिचकोले ले रही है।
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हाथवंत पर ग्रामीणों ने रोका अफसरों का काफिला
हाथवंत गांव में ग्रामीणों ने विरोध करते हुए अधिकारियों की गाड़ियां रोक लीं। ग्राम प्रधान रामब्रेश ने कहा कि एक साल से सड़कें खोदी पड़ी हैं। शिकायत के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही। सलाहकार आरके गर्ग ने जल्द सड़क निर्माण का आश्वासन दिया। इसके बाद अधिकारियों को जाने दिया गया।
पैदल भ्रमण कर दिखाया सड़कों का हाल, जनता ने सुनाईं खरी-खोटी
जलनिगम द्वारा अंडरग्राउंड पाइप लाइन डालने के बाद सड़कों को यथास्थिति छोड़ दिया है। सदर विधायक ने जांच टीम के अफसरों को सैलई से नगला बरी तक, गांधीपार्क से रानीवाला कंपाउंड, सेंट्रल चौराहा, गंज चौराहा, सदर बाजार, घंटाघर, छोटा चौराहा, इमामाबड़ा से लेकर नालबंद से खुदी पड़ी सड़कों का हाल दिखाया। पैदल भ्रमण के दौरान जनता, दुकानदारों, व्यापारियों ने अधिकारियों को जमकर खरी-खोटी सुनाईं। टीम में शामिल अधिकारियों ने 15 दिन में शहर की सड़कें ठीक कराने का आश्वासन दिया है।
मुख्यमंत्री अखिलेख यादव ने जनता को मीठा पानी उपलब्ध कराने के लिए 432.83 करोड़ की पेयजल पुनर्गठन परियोजना को मंजूरी दी थी। कार्यदायी संस्था जलनिगम द्वारा करोड़ों की परियोजना पर कछुआ गति से कार्य किया जा रहा है। सदर विधायक मनीष असीजा ने काम की धीमी गति का मामला विधानसभा आश्वासन समिति में उठाया था। विधायक की शिकायत पर गुरुवार को लखनऊ से जांच टीम फीरोजाबाद पहुंची। मुरादाबाद, गाजियाबाद और आगरा मंडल के प्रभारी और जलनिगम के सलाहकार आरके गर्ग और इटावा निर्माण शाखा के एसई अजय सिंह गौड़ ने नंदपुर पहुंचकर प्री सेटलिंग बेसिन और वाटर झील का निर्माण कार्य देखा। यहां टीम को कार्य की प्रगति मात्र 30 प्रतिशत मिली। नंदपुर से सैलई तक करीब चार किमी. नहर का निर्माण कार्य अधूरा मिला। सैलई में बन रहे वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, फिल्टर हाउस और केमीकल हाउस निर्माण की प्रगति भी धीमी मिली। नगर विधायक ने अधिकारियों से पूछा कि कार्य कब तक पूर्ण होगा? इस पर अधिकारियों ने भी माना कि एक वर्ष से पूर्व निर्माण संभव नहीं है। इस पर नगर विधायक ने नाराजगी व्यक्त की। निरीक्षण के समय जलनिगम के एक्सईएन राकेश कुमार, सुनील शर्मा, सत्यवीर गुप्ता, भगवानदास शंखवार, किशोर अग्रवाल, संजय शंखवार मौजूद थे।
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मैं तो मात्र पांच की स्पीड से गाड़ी चला रहा हूं
जलनिगम द्वारा पाइप लाइन डालने के लिए नंदपुर से लेकर हाथवंत तक एक साल पहले ही पूरी सड़क को खोद दी गई है। सड़क निर्माण की धनराशि मिलने के बाद सड़क का निर्माण नहीं हुआ। हाथवंत मार्ग पर गाड़ी हिचकोले खाने पर सलाहकार आरके गर्ग ने चालक से गाड़ी सही तरह से चलाने को कहा। इस पर चालक ने कहा कि गाड़ी बहुत स्लो चल रही है। सड़क में गहरे गड्ढे होने के कारण गाड़ी हिचकोले ले रही है।
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हाथवंत पर ग्रामीणों ने रोका अफसरों का काफिला
हाथवंत गांव में ग्रामीणों ने विरोध करते हुए अधिकारियों की गाड़ियां रोक लीं। ग्राम प्रधान रामब्रेश ने कहा कि एक साल से सड़कें खोदी पड़ी हैं। शिकायत के बाद भी सुनवाई नहीं हो रही। सलाहकार आरके गर्ग ने जल्द सड़क निर्माण का आश्वासन दिया। इसके बाद अधिकारियों को जाने दिया गया।
पैदल भ्रमण कर दिखाया सड़कों का हाल, जनता ने सुनाईं खरी-खोटी
जलनिगम द्वारा अंडरग्राउंड पाइप लाइन डालने के बाद सड़कों को यथास्थिति छोड़ दिया है। सदर विधायक ने जांच टीम के अफसरों को सैलई से नगला बरी तक, गांधीपार्क से रानीवाला कंपाउंड, सेंट्रल चौराहा, गंज चौराहा, सदर बाजार, घंटाघर, छोटा चौराहा, इमामाबड़ा से लेकर नालबंद से खुदी पड़ी सड़कों का हाल दिखाया। पैदल भ्रमण के दौरान जनता, दुकानदारों, व्यापारियों ने अधिकारियों को जमकर खरी-खोटी सुनाईं। टीम में शामिल अधिकारियों ने 15 दिन में शहर की सड़कें ठीक कराने का आश्वासन दिया है।