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गेहूं खरीद की तैयारी
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Tue, 05 Apr 2016 11:17 PM IST
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गेहूं बारदाने की दिक्क्त
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गेहूं खरीद की तैयारी, बारदाने की जानकारी नहीं फीरोजाबाद। शासन ने किसानों का गेहूं खरीदने को जिले में 63 खरीद केंद्र निर्धारित कर दिए हैं। 28 हजार एमटी गेहूं खरीदने का लक्ष्य तय किया गया है लेकिन खरीद केंद्रों की स्थापना के प्रति विभाग गंभीर नहीं है। मंगलवार को कोटला रोड मंडी का खरीद केंद्र बंद मिला। ऐसे में किसान आढ़तियों को गेहूं बेचने पर विवश हो रहे थे। वहीं विभागीय अधिकारी पैकिंग पैकेट के अभाव की बात कह रहे हैं।
किसानों का गेहूं खरीदने को जिले में 63 केंद्र स्थापित किए गए हैं। इसमें खाद्य विभाग के पांच, यूपी एग्रो के दस, पीसीएफ 43 एवं कर्मचारी कल्याण निगम के पांच खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर एक अप्रैल से खरीद शुरू होनी थी लेकिन पांच अप्रैल के बाद भी खरीद होना तो दूर केंद्र चालू भी नहीं हो सके। कोटला रोड स्थित मंडी समिति के खरीद केंद्र की दुकान की चाभी तक खाद्य विभाग को नहीं मिल सकी। कर्मचारी कायम सिंह मंडी में घूमते नजर आए। बोले की दुकान की चाभी मिलने के बाद गेहूं की खरीद हो सकेगी। मंगलवार को कई किसान गेहूं की बिक्री करने के लिए सरकारी खरीद केंद्र पहुंचे लेकिन केंद्र बंद मिलने के कारण वह आढ़ती को गेहूं बेचने को मजबूर हुए। विभागीय सूत्रों की मानें तो जिले में कोई खरीद केंद्र अभी तक चालू नहीं हो सका। इसका प्रमुख कारण विभाग के पास बारदाने का अभाव है। वहीं विभाग किसानों को भुगतान आरटीजीएस के माध्यम से बैंक एकाउंट में होगा। किसानों से कहा गया कि वह अपने खातों को अपडेट करा लें। गेहूं साफ एवं सूखा लेकर आएं, खतौनी की नकल, पहचान पत्र के साथ बैंक का पासबुक को भी साथ लाने के निर्देश दिए थे।
सरकारी खरीद केंद्र पर गेहूं की बिक्री करने के लिए लाया था। लेकिन खरीद केंद्र बंद होने के कारण आढ़तिया के यहां गेहूं बेचा है।
नीरज शर्मा किसान गाजीपुर
बारदाना के अभाव में खरीद प्रारंभ नहीं हो सकी है। शासन के आदेश हैं कि पुराने बोरों में खरीदारी नहीं होगी। हमें उम्मीद है कि कल शाम तक आगरा से बारदाना आ जाएगा। इसके बाद ही गेहूं की खरीद शुरू होगी। अभी किसानों का गेहूं तैयार नहीं हुआ है। शासन ने 28 हजार एमटी गेहूं खरीद का लक्ष्य दिया है।
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राघवेंद्र सिंह यादव
डिप्टी आरएमओ फीरोजाबाद।
किसानों का गेहूं खरीदने को जिले में 63 केंद्र स्थापित किए गए हैं। इसमें खाद्य विभाग के पांच, यूपी एग्रो के दस, पीसीएफ 43 एवं कर्मचारी कल्याण निगम के पांच खरीद केंद्र बनाए गए हैं। इन केंद्रों पर एक अप्रैल से खरीद शुरू होनी थी लेकिन पांच अप्रैल के बाद भी खरीद होना तो दूर केंद्र चालू भी नहीं हो सके। कोटला रोड स्थित मंडी समिति के खरीद केंद्र की दुकान की चाभी तक खाद्य विभाग को नहीं मिल सकी। कर्मचारी कायम सिंह मंडी में घूमते नजर आए। बोले की दुकान की चाभी मिलने के बाद गेहूं की खरीद हो सकेगी। मंगलवार को कई किसान गेहूं की बिक्री करने के लिए सरकारी खरीद केंद्र पहुंचे लेकिन केंद्र बंद मिलने के कारण वह आढ़ती को गेहूं बेचने को मजबूर हुए। विभागीय सूत्रों की मानें तो जिले में कोई खरीद केंद्र अभी तक चालू नहीं हो सका। इसका प्रमुख कारण विभाग के पास बारदाने का अभाव है। वहीं विभाग किसानों को भुगतान आरटीजीएस के माध्यम से बैंक एकाउंट में होगा। किसानों से कहा गया कि वह अपने खातों को अपडेट करा लें। गेहूं साफ एवं सूखा लेकर आएं, खतौनी की नकल, पहचान पत्र के साथ बैंक का पासबुक को भी साथ लाने के निर्देश दिए थे।
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सरकारी खरीद केंद्र पर गेहूं की बिक्री करने के लिए लाया था। लेकिन खरीद केंद्र बंद होने के कारण आढ़तिया के यहां गेहूं बेचा है।
नीरज शर्मा किसान गाजीपुर
बारदाना के अभाव में खरीद प्रारंभ नहीं हो सकी है। शासन के आदेश हैं कि पुराने बोरों में खरीदारी नहीं होगी। हमें उम्मीद है कि कल शाम तक आगरा से बारदाना आ जाएगा। इसके बाद ही गेहूं की खरीद शुरू होगी। अभी किसानों का गेहूं तैयार नहीं हुआ है। शासन ने 28 हजार एमटी गेहूं खरीद का लक्ष्य दिया है।
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राघवेंद्र सिंह यादव
डिप्टी आरएमओ फीरोजाबाद।