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घरों पर अदा की जुमा अलविदा की नमाज,बाजार में मुस्तैद रही फोर्स
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कटरा मुहल्ला स्थित अपने अपने घरो में जुमा अलविदा की नमाज अदा करते परिवार के लोग
- फोटो : FIROZABAD
फिरोजाबाद। सुहागनगरी में जुमा अलविदा की नमाज सादगी के साथ घरों पर अदा की गई। शहर की प्रमुख मस्जिदों में इमाम के साथ चार पांच अन्य लोगों ने नमाज अदा की। बाजार में पुलिस फोर्स की मुस्तैद नजर आई। उलमा इकराम ने इसी प्रकार से ईद की नमाज घरों पर अदा करने का आह्वान किया। नमाज के दौरान अल्लाह ताला से कोरोना रूपी महामारी को जल्द दुनिया से खत्म करने की दुआ मांगी गई।
रमजान माह के अंतिम जुमे की नमाज को लेकर पुलिस प्रशासन हाईअलर्ट पर रहा। नमाज के समय से पहले ही सदर बाजार की ओर जाने वाले सभी रास्तों एवं गलियों को सुबह तकरीबन 11 बजे से सील कर दिया गया। वहीं फोर्स की भी तैनाती कर दी गई। इस दौरान बिना वजह निकलने वालों के चालान भी काटे गए।
खुदा से दुआ कोरोना से मुक्त हो शहर, कारोबार हो शुरू
सदर बाजार स्थित जामा मस्जिद मे मौलाना अशरफ अलीम ने पांच छह अन्य लोगों के साथ नमाज अदा की। इस दौरान खुतबा पढ़ा और नमाजियों ने अल्लाह ताला से कांच की नगरी को कोरोना से मुक्त करने की दुआ मांगी। सके साथ ही गरीबों को खाना दे, सभी को सेहतमंद अता फरमा दे। नाले की पुलिया स्थित मस्जिद मेवा फरोशान में मौलाना मोहम्मद सफी कासमी ने छह अन्य लोगों के साथ नमाज अदा की। उन्होने खुतबा पढ़ने के साथ नमाज के बाद संदेश दिया कि खुद एवं परिवार बच्चों की सेहत के लिए घरों पर रहें। नमाज घरों पर अदा करें। ईद उल फितर का त्योहार घरों पर मनाएं। गले मिलने से परहेज करें। नालबंद चौराहे पर मौलाना कासिम रजी के साथ मौलाना इश्तियाक ने नमाज अदा कराई। इस दौरान चंद लोग मस्जिद में पहुंचे। सामाजिक दूरी का पालन करते हुए नमाज अदा की गई। मोहल्ला कोटला स्थित मस्जिद में शिया समुदाय के अध्यक्ष मंसूर रिजवी के साथ मौलाना एवं चंद लोगों ने नमाज अदा की। अधिकांश लोगों ने घरों पर नमाज अदा की।
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तीखी धूप में छांव तलाशते दिखे सिपाही
जुमा अलविदा की नमाज का समय दोपहर 12.40 के बाद से शुरू हो रहा था। दोपहर के समय धूप अधिक तेज होने के कारण ड्यूटी पर तैनात सिपाही छांव तलाशते नजर आए।
ईद की नमाज भी घरों पर अदा करें : कासमी
फिरोजाबाद। मौलाना मोहम्मद सफी कासमी ने कहा कि रमजान माह का आखिरी जुमा एक साल के बाद आता है। इस दिन सभी एकत्रित होकर अल्लाह ताला से दुआ करते हैं लेकिन कोरोना के कारण शहर के प्रत्येक मुसलमान ने लॉकडाउन का पालन करते हुए घरों में नमाज अदा की। ईद-उल-फितर की नमाज भी लोग अपने घरों पर ही अदा करें।
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रमजान माह के अंतिम जुमे की नमाज को लेकर पुलिस प्रशासन हाईअलर्ट पर रहा। नमाज के समय से पहले ही सदर बाजार की ओर जाने वाले सभी रास्तों एवं गलियों को सुबह तकरीबन 11 बजे से सील कर दिया गया। वहीं फोर्स की भी तैनाती कर दी गई। इस दौरान बिना वजह निकलने वालों के चालान भी काटे गए।
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खुदा से दुआ कोरोना से मुक्त हो शहर, कारोबार हो शुरू
सदर बाजार स्थित जामा मस्जिद मे मौलाना अशरफ अलीम ने पांच छह अन्य लोगों के साथ नमाज अदा की। इस दौरान खुतबा पढ़ा और नमाजियों ने अल्लाह ताला से कांच की नगरी को कोरोना से मुक्त करने की दुआ मांगी। सके साथ ही गरीबों को खाना दे, सभी को सेहतमंद अता फरमा दे। नाले की पुलिया स्थित मस्जिद मेवा फरोशान में मौलाना मोहम्मद सफी कासमी ने छह अन्य लोगों के साथ नमाज अदा की। उन्होने खुतबा पढ़ने के साथ नमाज के बाद संदेश दिया कि खुद एवं परिवार बच्चों की सेहत के लिए घरों पर रहें। नमाज घरों पर अदा करें। ईद उल फितर का त्योहार घरों पर मनाएं। गले मिलने से परहेज करें। नालबंद चौराहे पर मौलाना कासिम रजी के साथ मौलाना इश्तियाक ने नमाज अदा कराई। इस दौरान चंद लोग मस्जिद में पहुंचे। सामाजिक दूरी का पालन करते हुए नमाज अदा की गई। मोहल्ला कोटला स्थित मस्जिद में शिया समुदाय के अध्यक्ष मंसूर रिजवी के साथ मौलाना एवं चंद लोगों ने नमाज अदा की। अधिकांश लोगों ने घरों पर नमाज अदा की।
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तीखी धूप में छांव तलाशते दिखे सिपाही
जुमा अलविदा की नमाज का समय दोपहर 12.40 के बाद से शुरू हो रहा था। दोपहर के समय धूप अधिक तेज होने के कारण ड्यूटी पर तैनात सिपाही छांव तलाशते नजर आए।
ईद की नमाज भी घरों पर अदा करें : कासमी
फिरोजाबाद। मौलाना मोहम्मद सफी कासमी ने कहा कि रमजान माह का आखिरी जुमा एक साल के बाद आता है। इस दिन सभी एकत्रित होकर अल्लाह ताला से दुआ करते हैं लेकिन कोरोना के कारण शहर के प्रत्येक मुसलमान ने लॉकडाउन का पालन करते हुए घरों में नमाज अदा की। ईद-उल-फितर की नमाज भी लोग अपने घरों पर ही अदा करें।