{"_id":"5f3ac0528ebc3e9ff3777b0f","slug":"namoone-fel-firozabad-news-agr4552035126","type":"story","status":"publish","title_hn":"दही, अरहर की दाल, पनीर में भी मिलावट, जांच में पाए गए असुरक्षित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दही, अरहर की दाल, पनीर में भी मिलावट, जांच में पाए गए असुरक्षित
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फिरोजाबाद। घर में बन रहा शुद्ध खाना भी सेहत के लिए खतरनाक हो सकता है। क्योंकि मिलावटखोर लोगों की सेहत से खिलवाड़ करने से नहीं चूक रहे हैं। खाद्य सुरक्षा विभाग की टीन द्वारा पूर्व में लिए गए अरहर की दाल, बेसन, कस्तूरी मेथी के अलावा दही, पनीर के नमूने जांच में असुरक्षित पाए गए हैं। रिपोर्ट आने के बाद विभागीय अधिकारियों ने विक्रेताओं के खिलाफ मुकदमा दायर करने की कार्रवाई शुरू कर दी है।
खाद्य सुरक्षाधिकारी ने 24 जून को अरहर की दाल का नमूना जांच के लिए विक्रेता अरविंद चौहान निवासी अरांव खुर्द से लिया था। दाल में सिट्रजिन रंग की मात्रा पाई गई, जो खाने के लिए प्रतिबंधित है। साथ ही सेहत के लिए भी खतरनाक है। इसे लगाकर दाल को चमकीला और रंगीन किया जाता था। कोटला में विक्रेता घनश्याम सिंह से भी 17 जुलाई को अरहर की दाल का नमूना लिया था। इसमें भी केमिकल की मात्रा पाई गई। इस दाल के नमूने को भी असुरक्षित घोषित किया है। वहीं, गाजीपुर के नगला उदी में भी छह जून को छैना का नमूना लिया था। इसमें भी अखाद्य रंग पाया गया, जो सेहत के लिए हानिकारक है।
दबरई चौराहे पर लक्ष्मी ढावा से 24 जून को चने की दाल का नमूना लिया, जो खाद्य विभाग की जांच रिपोर्ट में असुरक्षित निकलकर आई है। मटसैना के नगला मवासी के निवासी दूध विक्रेता पप्पू से पनीर का नमूना लिया। पनीर में सिंथेटिक पाया गया। कच्चा टूंडला, आनंद नगर निवासी विक्रेता संदीप गांगुली से बेसन का नमूना लिया। बेसन में मटर की मिलावट पाई गई। साथ ही कीड़े भी पाए गए। हिरनगांव के लतुर्रा गांव से विक्रेता विष्णु पचौरी से तीन जून को दही का नमूना संकलित किया था। दही में रिफाइंड की मात्रा मिली हुई निकली है। जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि दाल, दही एवं अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने फेल पाए गए हैं।
विज्ञापन
छैना का सैंपल भी फेल
फिरोजाबाद। जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि स्टेशन रोड पर दाऊजी मिष्ठान भंडार से 17 जुलाई को लिया छैना मिठाई का नमूना फेल आया है। इसमें रिफाइंड और मैदा की मिलावट पाई गई है। जबकि रिफाइंड तो प्रयोग ही नहीं होना चाहिए। उन्होंने बताया कि विक्रेता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है।
विज्ञापन
खाद्य सुरक्षाधिकारी ने 24 जून को अरहर की दाल का नमूना जांच के लिए विक्रेता अरविंद चौहान निवासी अरांव खुर्द से लिया था। दाल में सिट्रजिन रंग की मात्रा पाई गई, जो खाने के लिए प्रतिबंधित है। साथ ही सेहत के लिए भी खतरनाक है। इसे लगाकर दाल को चमकीला और रंगीन किया जाता था। कोटला में विक्रेता घनश्याम सिंह से भी 17 जुलाई को अरहर की दाल का नमूना लिया था। इसमें भी केमिकल की मात्रा पाई गई। इस दाल के नमूने को भी असुरक्षित घोषित किया है। वहीं, गाजीपुर के नगला उदी में भी छह जून को छैना का नमूना लिया था। इसमें भी अखाद्य रंग पाया गया, जो सेहत के लिए हानिकारक है।
विज्ञापन
दबरई चौराहे पर लक्ष्मी ढावा से 24 जून को चने की दाल का नमूना लिया, जो खाद्य विभाग की जांच रिपोर्ट में असुरक्षित निकलकर आई है। मटसैना के नगला मवासी के निवासी दूध विक्रेता पप्पू से पनीर का नमूना लिया। पनीर में सिंथेटिक पाया गया। कच्चा टूंडला, आनंद नगर निवासी विक्रेता संदीप गांगुली से बेसन का नमूना लिया। बेसन में मटर की मिलावट पाई गई। साथ ही कीड़े भी पाए गए। हिरनगांव के लतुर्रा गांव से विक्रेता विष्णु पचौरी से तीन जून को दही का नमूना संकलित किया था। दही में रिफाइंड की मात्रा मिली हुई निकली है। जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि दाल, दही एवं अन्य खाद्य पदार्थों के नमूने फेल पाए गए हैं।
विज्ञापन
छैना का सैंपल भी फेल
फिरोजाबाद। जिला अभिहित अधिकारी डॉ. सुधीर कुमार ने बताया कि स्टेशन रोड पर दाऊजी मिष्ठान भंडार से 17 जुलाई को लिया छैना मिठाई का नमूना फेल आया है। इसमें रिफाइंड और मैदा की मिलावट पाई गई है। जबकि रिफाइंड तो प्रयोग ही नहीं होना चाहिए। उन्होंने बताया कि विक्रेता के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया जा रहा है।