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प्रदेश का पहला आईएसओ विकास खंड बना शिकोहाबाद

Tue, 03 Nov 2015 11:28 PM IST
ब्यूरो अमर उजाला फीरोजाबाद
ब्यूरो अमर उजाला फीरोजाबाद Updated Tue, 03 Nov 2015 11:28 PM IST
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India's first ISO-development divide Shikohabad
महीनों की कवायद और परीक्षण के बाद शिकोहाबाद विकास खंड को आईएसओ 9001: 2008 दर्जा मिल गया। आईएसओ के प्रमाणपत्र पाने वाला पहला विकास खंड बना शिकोहाबाद खुशी से झूम उठा। उत्कृष्ट कार्यों के आधार पर आईएसओ का दर्जा टीयूवी नॉर्ड अंतर्राष्ट्रीय मानक संगठन ने व्यवस्थाओं के सूक्ष्म निरीक्षण के बाद प्रदान किया।
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 अंतर्राष्ट्रीय स्तर की गुणवत्ता युक्त कामकाज कराने की पहल वित्तीय वर्ष 2015-16 में डीएम विजय किरन आनंद ने की थी। उन्होंने इसके लिए एक ब्लाक और तहसील को आईएसओ का दर्जा दिलाने की पहल की। आईएसओ की गुणवत्ता पर शिकोहाबाद ब्लाक खरा साबित हुआ। ब्लाक को आईएसओ  का दर्जा आखिरकार मंगलवार को मिल गया। संस्था की ओर से इस आशय का प्रमाणपत्र भी भेज दिया गया। जानकारी पर प्रशासनिक अधिकारी भी काफी खुशी नजर आए। प्रशासनिक अधिकारियों ने एक-दूसरे को बधाई दी। प्रशासन के सूत्रों की मानें तो आमजन को बेहतर ढंग एवं शासन की नियमावली के अनुरूप सुविधाएं मुहैया कराना है। इसके तहत ब्लाक ने काम किया।
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अगस्त माह में टीम ने दी थी दस्तक
शिकोहाबाद ब्लाक प्रांगण को संजाने-संवारने का क्रम काफी लंबे अर्से से चल रहा था। आईएसओ की ऑडिट टीम ने 13 अगस्त 2015 को ब्लाक में दस्तक दी थी। इस दौरान व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया था। टीम की रिपोर्ट के आधार पर ब्लाक के आईएसओ का दर्जा मिला।
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आईएसओ का दर्जा प्राप्त करने को इन पहलुओं पर हुआ मंथन
- ब्लाक की सभी फाइलें कंप्यूटराइज्ड होना।
- मनरेगा जॉब कार्ड 15 दिन के अंदर जारी करना।
- जन्म और मृत्यु प्रमाणपत्र सात दिन की भीतर जारी करना।
- इंदिरा आवास के पात्रों को धनराशि तीन दिन में भेजना।
- लोहिया आवास की धनराशि समय से जारी करना।  
- राशन कार्ड के साथ अन्य कार्य को तेजी से कराना।
- ब्लाक प्रांगण में साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त रखना।
- शिकायतों का निस्तारण तय समय से पहले ही कराना।
- विधवा, विकलांग, वृद्धावस्था पेंशन की स्वीकृत समय से करना।


फीरोजाबाद  जिले का शिकोहाबाद प्रदेश में ऐसा पहला ब्लाक है जिसे आईएसओ का दर्जा मिला है। डीएम तथा सीडीओ के निर्देशन में व्यवस्थाओं को सुधारा। हमारा प्रयास होगा कि आमजन को और बेहतर सुविधाएं दें। पीएन यादव बीडीओ शिकोहाबाद।

जिले के एक ब्लाक एवं तहसील को आईएसओ का दर्जा दिलाने की पहल डीएम की ओर से की गई थी। ब्लाक शिकोहाबाद को आईएसओ का दर्जा मिल गया है। इसका प्रमाणपत्र जिले को मिला है। हमारा प्रयास होगा कि आमजन को सुविधाएं समय से मिलें।
सुजीत कुमार सीडीओ फीरोजाबाद।

प्रदेश में पहला आईएसओ का प्रमाण पत्र शिकोहाबाद विकास खंड को मिला है। ये प्रमाण पत्र  हमारी सफलता का परिचायक होगा, इसलिए बिना देरी किए हमने इसके मानकों को पूरा कर लिया है। अब सदर तहसील की तैयारी है। इसके बाद अन्य सरकारी कार्यालयों पर भी शुरूआत करेगे। पुरानी व्यवस्था को दरकिनार कर आधुनिकीकरण किया जाएगा।
विजय किरन आनंद, डीएम फीरोजाबाद

अन्य कार्यालयों ने भी किया है आईएसओ के लिए आवेदन
शिकोहाबाद ब्लाक के बाद सदर तहसील को आईएसओ सर्टिफिकेट दिलाने की कवायद चल रही है। इसके अलावा जिले के सरकारी कार्यालयों कलक्ट्रेट, डीआरडीए समेत थानों को भी मानकों को पूरा कर आईएसओ 9001:2008 लेने के लिए कहा गया है। इसके अनुसार सभी आवश्यक कार्रवाई  पूरी करने का निर्देश दिया गया है। आईएसओ 9001:2008   ये मानक किसी वैधानिक अनिवार्यता को पूरा करने वाले संस्थान की सेवाओं में  लगातार गुणवत्ता का प्रमाण होता है। भविष्य निधि सेवाएं कानूनी रूप से  अनिवार्य हैं, इसलिए आईएसओ 9001:2008 मानक लेने की तैयारी की गई। 


तीन साल तक रखना होगा मानकों का ध्यान
फीरोजाबाद। आईएसओ प्रमाण पत्र मिलने के बाद भी उसे बरकारार रखना बड़ी चुनौती है। जिलाधिकारी विजय किरन आनंद ने बताया कि पहले राउंड में प्रमाण पत्र पाने के साथ उसे तीन साल तक मानकों के अनुरूप व्यवस्थित  रखना पड़ेगा। वहीं आईएसओ संस्था पीयूवी के सिटीजन चार्टर को क्रियान्वयन में लाना पड़ेगा।
सदर तहसील को आईएसओ का दर्जा दिलाने की कवायद तेज
- गुड़गांव की पीएमसी प्रा.लि. कंपनी द्वारा किया जा रहा सर्वे
अमर उजाला ब्यूरो
फीरोजाबाद। सदर तहसील को आईएसओ का दर्जा देने की कवायद तेज हो गई है। गुड़गांव की  पीएमसी प्रा.लि. कंपनी द्वारा सदर तहसील का सभी बिंदुओं पर विस्तृत रूप से सर्वे किया जा रहा है। आईएसओ का दर्जा प्राप्त करने पर तहसील प्रशासन को तहसील में रिक्त पदों को भरने सहित सभी व्यवस्थाएं दुरुस्त करनी होंगी।

 आईएसओ का दर्जा पाने के लिए एसडीएम सदर डा. पंकज वर्मा द्वारा पूरी  तहसील परिसर, कार्यालयों को हाईटेक लुक दिया गया है। आईएसओ का दर्जा देने से पूर्व आईएसओ द्वारा अधिकृत गुड़गांव की पीएमसी (परफेक्शन मैनेजमेंट कस्लटिंग) प्रा. लि. द्वारा सर्वे कराया जा रहा  है। पीएमसी कंपनी प्रतिनिधि द्वारा तहसील की बिल्डिंग, कार्यालय, फर्नीचर,  फरियादियों के लिए पेयजल, सफाई जैसी व्यवस्थाओं के साथ कर्मचारियों की कार्यप्रणाली की रिपोर्ट तैयार की जा रही है।  एसडीएम पंकज वर्मा ने बताया कि पीएमसी कंपनी द्वारा प्रथम चरण में सभी बिंदुओं पर रिपोर्ट  तैयार की जा रही है। आईएसओ का दर्जा प्राप्त करने की प्रक्रिया लंबी हैं।
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