{"_id":"a3924f979057fef4692ab58042a739e8","slug":"earthquakes-shake-the-bangle-glass-business-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"भूकंप से चूड़ी-कांच कारोबार हिला","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
भूकंप से चूड़ी-कांच कारोबार हिला
ब्यूरो, अमर उजाला फीरोजाबाद
Updated Sun, 26 Apr 2015 11:24 PM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नेपाल में आए भूकंप से चूड़ी और कांच उद्योग भी हिल गया है। नेपाल से चूड़ियों का बड़ा कारोबार सुहाग नगरी से जुड़ा है। चूड़ी के साथ कांच के आइटम यहां से जाते हैं। नेपाल से लगभग सौ करोड़ का सालाना कारोबार है। भूकंप की त्रासदी में स्थानीय कारोबारियों का करोड़ का तगादा फंस गया है।
सुहाग नगरी से नेपाल के कई शहरों में कांच की रंग-बिरंगी चूड़ियां जाती हैं। ब्रास, कांच की चूड़ी, ग्लास और झाड़-फानूस नेपाल जाते हैं। नेपाल में काठमांडू, पोखरा, नरायन घाट, इटौरा, करांची, पुदगल आदि शहरों में कांच की चूड़ियां और कांच के अन्य आइटम जाते हैं। शहर के लगभग एक सैकड़ा कारोबारी नेपाल के कारोबार से जुडे़ हैं। ट्रांसपोर्ट कंपनियों के माध्यम से नेपाल के विभिन्न शहरों में ट्रकों से गोरखपुर होते हुए माल जाता है। इस पर कस्टम ड्यूटी भी लगती है। शहर की एक ट्रांसपोर्ट कंपनी के तीन ट्रक काठमांडू में फंसे हैं। ट्रक के साथ गए परिचालक और मुनीम से लगातार संपर्क हो रहा है लेकिन भूकंप के झटकों के साथ ट्रक जहां के तहां रोक दिए गए हैं। एक अनुमानित आंकड़ों के मुताबिक साल में लगभग चार सौ ट्रक माल यहां से नेपाल जाता है। कारोबारियों का करोड़ों का तगादा फंस गया है।
नेपाल में रह रहे परिवारीजनों की लेते रहे खबर
नेपाल में भूकंप से भारी तबाही के बाद कांच नगरी के उन परिवारों की नींद उड़ गई है जिन व्यापारियों के परिवार नेपाल में रहते हैं। उनके परिजन संपर्क बनाए हुए हैं। कुछ परिवारों ने वापस आने की तैयारी कर ली है।
विज्ञापन
नगर के हनुमान रोड निवासी अरविंद गुप्ता नेपाल के चितवन जिले के नारायणघाट में चूड़ी की दुकानें संचालित करते हैं। उनके परिवार के सप्पन गुप्ता एवं राजीव गुप्ता वहीं पर रहते हैं। वर्तमान में तो अरविंद गुप्ता खुद ही वहीं पर हैं। हालांकि नेपाल के इस क्षेत्र में भूकंप का बहुत अधिक असर नहीं हुआ है। फिर भी परिवारीजन उनसे लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। महावीर नगर गली नं. पांच निवासी राजकुमार मिश्रा के परिवार के शिवनंदन मिश्रा एवं राजीव मिश्रा भी नेपाल में चूड़ी का कारोबार करते हैं। पोखरा के समीप ही इनकी दुकानें हैं। राजकुमार मिश्रा ने कहा कि वह परिजनों से संपर्क करके वहां की स्थिति का पता कर रहे हैं। नेपाल के हिटौडा में नत्थीलाल गुप्ता भी परिवार के साथ मौजूद हैं। आगरा के एत्मादपुर निवासी रामकुमार गुप्ता एवं गोपाल गुप्ता के परिवार से लगातार संपर्क किया जा रहा है। शिवांगी रोड लाइंस के संचालक राजीव शर्मा ने कहा कि नेपाल में एक गाड़ी सलोनी वार्डर पर फंसी है वहीं पोखरा में एक गाड़ी खड़ी है। उन्होंने कहा कि नेपाल में दर्जनों परिवार रहते हैं लेकिन अधिकांश से संपर्क हो रहा है। बीएसएनएल ही नहीं बल्कि प्राइवेट कंपनियों ने भी कॉल दरें काफी सस्ती कर दी हैं।
बदला-बदला दिखा मौसम का मिजाज
फीरोजाबाद(ब्यूरो)। रविवार के मौसम का मिजाज बदला बदला दिखाई दिया। सुबह मौसम में ठंडक महसूस हुई। हवा हल्की चल रही थी। वहीं दिन में आसमान में धुंध के साथ घटाएं घिरी रहीं। पूरे दिन मौसम भी उमस भरा रहा। इसके कारण लोग परेशान थे।
विज्ञापन
सुहाग नगरी से नेपाल के कई शहरों में कांच की रंग-बिरंगी चूड़ियां जाती हैं। ब्रास, कांच की चूड़ी, ग्लास और झाड़-फानूस नेपाल जाते हैं। नेपाल में काठमांडू, पोखरा, नरायन घाट, इटौरा, करांची, पुदगल आदि शहरों में कांच की चूड़ियां और कांच के अन्य आइटम जाते हैं। शहर के लगभग एक सैकड़ा कारोबारी नेपाल के कारोबार से जुडे़ हैं। ट्रांसपोर्ट कंपनियों के माध्यम से नेपाल के विभिन्न शहरों में ट्रकों से गोरखपुर होते हुए माल जाता है। इस पर कस्टम ड्यूटी भी लगती है। शहर की एक ट्रांसपोर्ट कंपनी के तीन ट्रक काठमांडू में फंसे हैं। ट्रक के साथ गए परिचालक और मुनीम से लगातार संपर्क हो रहा है लेकिन भूकंप के झटकों के साथ ट्रक जहां के तहां रोक दिए गए हैं। एक अनुमानित आंकड़ों के मुताबिक साल में लगभग चार सौ ट्रक माल यहां से नेपाल जाता है। कारोबारियों का करोड़ों का तगादा फंस गया है।
विज्ञापन
नेपाल में रह रहे परिवारीजनों की लेते रहे खबर
नेपाल में भूकंप से भारी तबाही के बाद कांच नगरी के उन परिवारों की नींद उड़ गई है जिन व्यापारियों के परिवार नेपाल में रहते हैं। उनके परिजन संपर्क बनाए हुए हैं। कुछ परिवारों ने वापस आने की तैयारी कर ली है।
विज्ञापन
नगर के हनुमान रोड निवासी अरविंद गुप्ता नेपाल के चितवन जिले के नारायणघाट में चूड़ी की दुकानें संचालित करते हैं। उनके परिवार के सप्पन गुप्ता एवं राजीव गुप्ता वहीं पर रहते हैं। वर्तमान में तो अरविंद गुप्ता खुद ही वहीं पर हैं। हालांकि नेपाल के इस क्षेत्र में भूकंप का बहुत अधिक असर नहीं हुआ है। फिर भी परिवारीजन उनसे लगातार संपर्क बनाए हुए हैं। महावीर नगर गली नं. पांच निवासी राजकुमार मिश्रा के परिवार के शिवनंदन मिश्रा एवं राजीव मिश्रा भी नेपाल में चूड़ी का कारोबार करते हैं। पोखरा के समीप ही इनकी दुकानें हैं। राजकुमार मिश्रा ने कहा कि वह परिजनों से संपर्क करके वहां की स्थिति का पता कर रहे हैं। नेपाल के हिटौडा में नत्थीलाल गुप्ता भी परिवार के साथ मौजूद हैं। आगरा के एत्मादपुर निवासी रामकुमार गुप्ता एवं गोपाल गुप्ता के परिवार से लगातार संपर्क किया जा रहा है। शिवांगी रोड लाइंस के संचालक राजीव शर्मा ने कहा कि नेपाल में एक गाड़ी सलोनी वार्डर पर फंसी है वहीं पोखरा में एक गाड़ी खड़ी है। उन्होंने कहा कि नेपाल में दर्जनों परिवार रहते हैं लेकिन अधिकांश से संपर्क हो रहा है। बीएसएनएल ही नहीं बल्कि प्राइवेट कंपनियों ने भी कॉल दरें काफी सस्ती कर दी हैं।
बदला-बदला दिखा मौसम का मिजाज
फीरोजाबाद(ब्यूरो)। रविवार के मौसम का मिजाज बदला बदला दिखाई दिया। सुबह मौसम में ठंडक महसूस हुई। हवा हल्की चल रही थी। वहीं दिन में आसमान में धुंध के साथ घटाएं घिरी रहीं। पूरे दिन मौसम भी उमस भरा रहा। इसके कारण लोग परेशान थे।