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फोटो - राहत पैकेज से कांच ही नहीं दूसरे कारोबार को भी मिलेगी संजीवनी
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फिरोजाबाद। बंदी की मार झेल रहे एमएसएमई के तहत संचालित फिरोजाद के कांच डेकोरेशन, पैकेजिंग यूनिट एवं एक्सपोर्ट उद्यमियों के लिए केंद्र सरकार का राहत पैकेज संजीवनी का काम करेगा। सब्सिडी युक्त ऋण से आर्थिक मदद प्राप्त करने वाले कांच उद्योग को राहत मिलेगी। एमएसएमई एवं ओडीओपी योजना के लाभार्थी केंद्र सरकार के पैकेज को सकारात्मक कदम बता रहे हैं।
फिरोजाबाद में ओडीओपी एवं एमएसएमई के तहत पांच सौ से अधिक इकाइयां संचालित हैं। अधिकांश इकाइयां ग्लास डेकोरेशन, पैकेजिंग और छोटे स्तर पर एक्सपोर्ट आइटम का निर्माण करती हैं। लॉकडाउन में उद्योग विभाग के माध्यम से अथवा अन्य वित्तीय संस्थानों द्वारा वित्त पोषित करीब 200 इकाइयां ऋण वापसी एवं अन्य मदों में होने वाले खर्चों की भरपाई का संकट झेल रही हैं। कुछ इकाइयां वित्तीय संकट के कारण स्थायी बंदी जैसी हालत में पहुंच चुकी हैं। केंद्र सरकार द्वारा हाल में की गई घोषणा यदि धरातल पर उतरी तो इन इकाइयों को संजीवनी मिलेगी। लॉकडाउन से पूर्व औद्योगिक विस्तारीकरण का इंतजार कर रही 100 इकाइयों के संचालकों को भी उम्मीद बंधी है।
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फिरोजाबाद में ओडीओपी एवं एमएसएमई के तहत पांच सौ से अधिक इकाइयां संचालित हैं। अधिकांश इकाइयां ग्लास डेकोरेशन, पैकेजिंग और छोटे स्तर पर एक्सपोर्ट आइटम का निर्माण करती हैं। लॉकडाउन में उद्योग विभाग के माध्यम से अथवा अन्य वित्तीय संस्थानों द्वारा वित्त पोषित करीब 200 इकाइयां ऋण वापसी एवं अन्य मदों में होने वाले खर्चों की भरपाई का संकट झेल रही हैं। कुछ इकाइयां वित्तीय संकट के कारण स्थायी बंदी जैसी हालत में पहुंच चुकी हैं। केंद्र सरकार द्वारा हाल में की गई घोषणा यदि धरातल पर उतरी तो इन इकाइयों को संजीवनी मिलेगी। लॉकडाउन से पूर्व औद्योगिक विस्तारीकरण का इंतजार कर रही 100 इकाइयों के संचालकों को भी उम्मीद बंधी है।
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