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तीन तलाक पीड़िता और तलाकशुदा को भी मिलेगा आयुष्मान योजना का लाभ
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फिरोजाबाद। प्रधानमंत्री की प्रमुख स्वास्थ्य योजना आयुष्मान जन आरोग्य का लाभ अब तीन तलाक पीड़िता और तलाकशुदा महिलाओं को भी दिया जाएगा। साथ ही मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना में भी इन पीड़िताओं को शामिल किया जाना है।
तीन दिन पहले आए शासन ने आदेश के बाद इन तलाक पीड़िताओं का डाटा जुटाने की कवायद तेज कर दी है। यह डाटा शासन को भेजा जाएगा। इसके बाद इन परिवारों को योजना में शामिल किया जाएगा।
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य के तहत गरीब परिवारों को सरकार की तरफ से पांच लाख रुपये तक मुफ्त इलाज देने की योजना चलाई गई है। 23 सितंबर 2018 को लागू की गई योजना में शामिल हुए लाभार्थियों का चयन 2011 की आर्थिक जनगणना के आधार पर किया गया था।
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तीन तलाक से पीड़ित महिलाओं और तलाकशुदा महिलाओं का डाटा एकत्रित करने के लिए शासन ने निर्देश जारी किए हैं। इस निर्देश के तहत अपने क्षेत्र से आशा-एएनएम ऐसी पीड़िताओं की तलाश के लिए एक-एक घर जाएंगी।
सीएमओ डॉ. एसके दीक्षित ने बताया कि शासन से निर्देश मिला है। तीन तलाक पीड़िताओं और तलाकशुदा महिलाओं का डाटा जुटाया जा रहा है। जिससे उन्हें आसानी से स्वास्थ्य योजना का लाभ दिया जा सके। इसमें जिनका इलाज करवाया जाता है। उनके पास आयुष्मान योजना का कार्ड होना अनिवार्य है।
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तीन दिन पहले आए शासन ने आदेश के बाद इन तलाक पीड़िताओं का डाटा जुटाने की कवायद तेज कर दी है। यह डाटा शासन को भेजा जाएगा। इसके बाद इन परिवारों को योजना में शामिल किया जाएगा।
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आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य के तहत गरीब परिवारों को सरकार की तरफ से पांच लाख रुपये तक मुफ्त इलाज देने की योजना चलाई गई है। 23 सितंबर 2018 को लागू की गई योजना में शामिल हुए लाभार्थियों का चयन 2011 की आर्थिक जनगणना के आधार पर किया गया था।
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तीन तलाक से पीड़ित महिलाओं और तलाकशुदा महिलाओं का डाटा एकत्रित करने के लिए शासन ने निर्देश जारी किए हैं। इस निर्देश के तहत अपने क्षेत्र से आशा-एएनएम ऐसी पीड़िताओं की तलाश के लिए एक-एक घर जाएंगी।
सीएमओ डॉ. एसके दीक्षित ने बताया कि शासन से निर्देश मिला है। तीन तलाक पीड़िताओं और तलाकशुदा महिलाओं का डाटा जुटाया जा रहा है। जिससे उन्हें आसानी से स्वास्थ्य योजना का लाभ दिया जा सके। इसमें जिनका इलाज करवाया जाता है। उनके पास आयुष्मान योजना का कार्ड होना अनिवार्य है।