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पुलिस और प्रशासन के खिलाफ गरजे किसान

Fri, 03 Jul 2015 12:37 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, फतेहपुर
अमर उजाला ब्यूरो, फतेहपुर Updated Fri, 03 Jul 2015 12:37 AM IST
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Thundered against the police and administration Farmers

समस्याओं की अनदेखी से आक्रोशित किसानों ने भाकियू के बैनर तले सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन में प्रदर्शन कर शासन प्रशासन के खिलाफ भड़ास निकाली।  भाकियू प्रदेश अध्यक्ष राजेश सिंह चौहान के नेतृत्व में हजारों की तादात में पहुंचे किसानों ने मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन डीएम को सौंपा और समस्याओं के निराकरण की मांग की। समस्याओं के निराकरण न होने पर वृहद आंदोलन छेड़े जाने की चेतावनी दी है।

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गुरुवार को सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन में भाकियू के पदाधिकारियों ने किसानों के साथ धरना प्रदर्शन किया। सुबह से ही किसान हाथों में लाठी और सिर पर हरी टोपी पहनकर कार्यक्रम स्थल पहुंचने लगे। कार्यक्रम शुरू होते ही किसानों की जबरदस्त भीड़ एकत्र हो गई। गांव गांव से पहुंचे महिला पुरुष किसानों ने धरना प्रदर्शन में भागीदारी निभाई और समस्याओं के निराकरण की मांग। प्रदेश अध्यक्ष राजेश सिंह चौहान ने कहा कि किसानों का उत्पीड़न बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जिले में बर्बाद हुई फसलों के बाद अभी तक 70 फीसदी किसानों को मुआवजा नहीं मिला है। थानों में किसानों के साथ पुलिस अभद्रता करती है जो ठीक नहीं है। भाकियू जिलाध्यक्ष राजकुमार सिंह गौतम, बीकेडी जिलाध्यक्ष रामदत्त मिश्र ने भी किसान समस्याओं को लेकर शासन प्रशासन के खिलाफ भड़ास निकाली। कहा कि गांवों में न तो बिजली आ रही है और न ही बंद पड़े नलकूप चालू हो रहे हैं। जबकि प्रदेश सरकार गांवों में 18 घंटे बिजली आपूर्ति का दावा कर रही है। भाकियू के प्रदर्शन में किसानों की जबरदस्त भीड़ देख प्रशासन के हाथ पांव फूल गए।
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इंसेट
कोतवाली घेरने का था कार्यक्रम
फतेहपुर। भाकियू का कोतवाली घेरने का कार्यक्रम था, लेकिन इससे पहले ही पुलिस और प्रशासनिक अफसर सिंचाई विभाग के  निरीक्षण भवन पहुंच गए। अपर जिलाधिकारी आलोक सिंह, अपर पुलिस अधीक्षक आरपी सिंह, सीओ सिटी वंदना सिंह, कोतवाल रामसूरत सोनकर एवं बिजली, सिंचाई आदि विभाग के अधिशासी अभियंता पहुंचे और किसानों की समस्याएं सुनी। देर शाम तक किसानों का धरना प्रदर्शन जारी रहा। प्रदर्शन में किसान नेता राजेंद्र सिंह, सुरेंद्र पटेल, मधुसूदन तिवारी, देव नारायण पटेल, धर्मपाल सिंह, जय कुमार पांडेय, अशोक उत्तम, दीपक गुप्ता, नवल पटेल आदि मौजूद रहे। धरना प्रदर्शन के दौरान एसओ बकेवर राजेंद्र सिंह, एसओ चांदपुर अजय सेठ, एसओ हुसैनगंज बलराम सिंह, एसओ मलवां मुन्ना बाबू निरंजन, एसओ असोथर शिवमंगल सिंह, यातायात प्रभारी शैलेंद्र सिंह, महिला थानाध्यक्ष अन्नपूर्णा चतुर्वेदी फोर्स के साथ मुस्तैद रहे।
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इनसेट ---
मांगें एक नजर में ---
- शत प्रतिशत किसानों को दिया जाए मुआवजा।
- सर्राफ व्यापारियों के हत्याकांड का किया जाए खुलासा।  
- पुलिस किसानों के साथ करे अच्छा बर्ताव।
- बिजली के बढ़े दाम वापस हों।
- बकाया विद्युत बिलों के वसूली में न काटे जाएं कनेक्शन
- प्रदेश सरकार किसानों का विद्युत बिल व बैंक लोन माफ करें
- नहरों व रजबहों में टेल तक पानी दिया जाए
- बहुआ व गाजीपुर से असोथर होते हुए विजयीपुर व जोनिहां से अमौली व महिचा मंदिर से हथगाम तथा जहानपुर मार्ग को सही किया जाए।
- ग्रामीण क्षेत्रों को 18 घंटे बिजली मिले।
- सरकारी नलकूप बंद हैं उन्हें बंद किया जाए
- स्वास्थ्य केंद्रों में न पहुंचने वाले डाक्टरों पर कार्रवाई हों


छावनी बना सिंचाई विभाग का निरीक्षण भवन
फतेहपुर। भाकियू के धरना प्रदर्शन के कार्यक्रम में पहुंचने वाली किसानों की भीड़ को नियंत्रण करने में पुलिस प्रशासन को खासी मेहनत करनी पड़ी। शहर के पटेल नगर, पत्थरकटा चौराहा, शादीपुर, वर्मा चौराहा समेत सभी प्रमुख स्थानों पर खाकी तैनात रही। भीड़ को नियंत्रण करने के लिए ट्रैक्टर से आए ग्रामीणों को आईटीआई के पास रोक लिया गया और ट्रैक्टर आईटीआई मैदान में खड़ा कराया गया। इसके अलावा कार्यक्रम स्थल सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन परिसर में जगह जगह पुलिस के जवान मुस्तैद नजर आए।

इंसेट
महिला सिपाही हुई बेहोश
फतेहपुर। सिंचाई विभाग के निरीक्षण भवन में भाकियू का धरना प्रदर्शन चल रहा था। यहां पर ड्यूटी पर मुस्तैद महिला कांस्टेबिल प्रज्ञा सिंह अचानक बेहोश हो गई, जिससे अफरातफरी मच गई। किसी तरह महिला कांस्टेबिल को होश में लाया गया। इसके बाद चिकित्सक से परामर्श लिया गया।

कोट
किसान समस्याओं को लेकर भाकियू की लड़ाई जारी रहेगी। जरूरत पड़ी तो किसानों के हक के लिए शासन प्रशासन के खिलाफ ईट से ईट बजा दी जाएगी। प्रशासन ने सभी मांगे मान ली हैं और जल्द से जल्द निस्तारण करने का आश्वासन दिया है। यदि समस्याओं का निस्तारण नहीं हुआ तो पुन: आंदोलन किया जाएगा। - राजेश सिंह चौहान, प्रदेश अध्यक्ष भाकियू।

कोट
जिन किसानों को मुआवजा नहीं मिला है उन्हें लाभ दिलाया जाएगा। ग्रामीण क्षेत्रों में पर्याप्त बिजली आपूर्ति करने के लिए अधिशासी अभियंता को निर्देश दिए जाएंगे। किसी भी किसान के साथ उत्पीड़न नहीं होगा। - आलोक सिंह, अपर जिलाधिकारी

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