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Fatehpur News: छीमी गांव से शुरू हुई पीटने की घटना मोहनखेड़ा में जान लेकर मानी
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फतेहपुर। मलवां थाना क्षेत्र में 10 दिन में चौथी घटना हुई, जिसमें भीड़ ने आरोपी की पिटाई की, छीमी गांव से शुरू हुई पीटने की घटना मोहनखेड़ा में जान लेकर मानी। खागा कोतवाली क्षेत्र के छीमी गांव में कुछ दिन पहले नरेश पासवान को पेड़ पर उल्टा लटकाकर ग्रामीणों ने चोरी के शक पर पीटा। वहीं मुचुवापुर गांव में मंदिर से घंटा चोरी करते समय बुधवार रात गाजीपुर सामियाना निवासी रमेश को ग्रामीणों ने पकड़ा। पिटाई कर गले में घंटा लटका कर उसे थाने ले गए। वहीं, किशनपुर थाना क्षेत्र के गढ़ा खास गांव में एक घर में घुसेे युवक को शनिवार रात परिवार के शोर मचाने पर पकड़ा। चोरी की नीयत से घर में घुसने का आरोप लगाया। उसका अर्द्धनग्न हालत में वीडियो बनाया गया। वीडियो से युवक की हालत की अंदाजा लगाया जा सकता है, पर मोहनखेड़ा गांव की वारदात में युवक की जान चली गई।
कानून को दरकिनार कर तालिबानी अंदाज में सजा देने के बढ़े चलन के ऐसे मामले जिले में सामने आ रहे थे। एक घटना में आरोपियों के खिलाफ पुलिस सख्ती से पेश आई, बाकी मामलों में हीलाहवाली ही बरती गई।
खागा कोतवाली क्षेत्र के छीमी गांव में नरेश पासवान को पेड़ पर उल्टा लटकाकर ग्रामीणों ने चोरी के शक पर पीटा। पिटाई से नरेश बेदम हो गया। वीडियो वायरल होेने के बाद पुलिस हरकत में आई। अमानवीय मामले में पुलिस ने सात से आठ लोगों को गिरफ्तार किया। बाकी घटनाओं में भीड़ के ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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ग्रामीण प्रधानी चुनाव की खुन्नस मान रहे
फतेहपुर। मोहनखेड़ा गांव में पिटाई से मनोज की मौत होने के बाद से ग्रामीणों में खौफ व्याप्त है। गांव के स्कूल में भी बच्चों का आना-जाना नहीं दिखा। ग्रामीण कहीं न कहीं घटना के पीछे प्रधानी चुनाव की रंजिश मान रहे हैं। मनोज को एक पक्ष का समर्थक बताया जा रहा है।
घटना के बाद आरोपियों में मीरा के बच्चे रागिनी, अकिंता, अंशिका, अमित पड़ोसी परिवार की शरण में नजर आए। मीरा का पति जियालाल व उसके भाई रज्जन, मन्नीलाल दूसरे राज्य में नौकरी करते हैं। मीरा ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि पति जियालाल घटना के कई दिन पहले से बाहर ही हैं। कुछ लोगों ने कहना है कि जियालाल रात में घर में था। पुलिस जियालाल का मोबाइल ट्रेस कर जांच में जुटी है। बाकी आरोपियों के घरों में ताले बंद हैं। गांव के कुछ और परिवार भी गायब हैं। ग्रामीणों ने बताया कि मोहनखेड़ा में एक जाति के लोगों का समूह है। समूह में प्रधानी चुनाव की खुन्नस है। दिवंगत मनोज दूसरे जाति के प्रधान का समर्थक था। घटना के पीछे चुनावी रंजिश भी मानी जा रही है। भाई धनीराम व विनोद ने बताया कि बताया कि मनोज शराब पीता था, लेकिन चोर नहीं था। बेटे की मौत से मां श्यामपति का हाल बेहाल दिखा। बेटे को वापस रविवार काम पर लौटना था। उससे पहले ही जान चली गई।
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कानून को दरकिनार कर तालिबानी अंदाज में सजा देने के बढ़े चलन के ऐसे मामले जिले में सामने आ रहे थे। एक घटना में आरोपियों के खिलाफ पुलिस सख्ती से पेश आई, बाकी मामलों में हीलाहवाली ही बरती गई।
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खागा कोतवाली क्षेत्र के छीमी गांव में नरेश पासवान को पेड़ पर उल्टा लटकाकर ग्रामीणों ने चोरी के शक पर पीटा। पिटाई से नरेश बेदम हो गया। वीडियो वायरल होेने के बाद पुलिस हरकत में आई। अमानवीय मामले में पुलिस ने सात से आठ लोगों को गिरफ्तार किया। बाकी घटनाओं में भीड़ के ऊपर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
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ग्रामीण प्रधानी चुनाव की खुन्नस मान रहे
फतेहपुर। मोहनखेड़ा गांव में पिटाई से मनोज की मौत होने के बाद से ग्रामीणों में खौफ व्याप्त है। गांव के स्कूल में भी बच्चों का आना-जाना नहीं दिखा। ग्रामीण कहीं न कहीं घटना के पीछे प्रधानी चुनाव की रंजिश मान रहे हैं। मनोज को एक पक्ष का समर्थक बताया जा रहा है।
घटना के बाद आरोपियों में मीरा के बच्चे रागिनी, अकिंता, अंशिका, अमित पड़ोसी परिवार की शरण में नजर आए। मीरा का पति जियालाल व उसके भाई रज्जन, मन्नीलाल दूसरे राज्य में नौकरी करते हैं। मीरा ने पुलिस की पूछताछ में बताया कि पति जियालाल घटना के कई दिन पहले से बाहर ही हैं। कुछ लोगों ने कहना है कि जियालाल रात में घर में था। पुलिस जियालाल का मोबाइल ट्रेस कर जांच में जुटी है। बाकी आरोपियों के घरों में ताले बंद हैं। गांव के कुछ और परिवार भी गायब हैं। ग्रामीणों ने बताया कि मोहनखेड़ा में एक जाति के लोगों का समूह है। समूह में प्रधानी चुनाव की खुन्नस है। दिवंगत मनोज दूसरे जाति के प्रधान का समर्थक था। घटना के पीछे चुनावी रंजिश भी मानी जा रही है। भाई धनीराम व विनोद ने बताया कि बताया कि मनोज शराब पीता था, लेकिन चोर नहीं था। बेटे की मौत से मां श्यामपति का हाल बेहाल दिखा। बेटे को वापस रविवार काम पर लौटना था। उससे पहले ही जान चली गई।