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मामा भांजों ने बारी-बारी से किशोरी की काटी थी गर्दन
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पुलिस लाइन में पकड़े गये हत्या के आरोपी
- फोटो : FATEHPUR
फतेहपुर। शादी का दबाव बनाने पर शिवानी की बेरहमी से चाकुओं से गला काट कर हत्या मामा ने अपने दो भांजों के साथ मिल कर की थी।
पुलिस ने तीनों आरोपियों को बुधवार को जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से 5 चाकू और एक बाइक बरामद की है। जल्द ही मामले की विवेचना लखनऊ के गोसाईंगंज थाने में स्थानांतरित की जाएगी।
पुलिस लाइन में एसपी सतपाल आंतिल ने बताया कि असोथर थाना क्षेत्र के सरवल गांव के फइया दुबे के खेत से छह फरवरी को लखनऊ गोसाईंगंज थाना क्षेत्र के आदमपुर नौबस्ता निवासी शिवानी पासवान (17) पुत्री स्व.सुक्खू का सिर विहीन शव बरामद हुआ था।
मामले में ट्रक चालक भोला दुबे निवासी सेवरामऊ थाना गाजीपुर उसके चचेरे भाई अमित दुबे बीडीसी सदस्य सेवरामऊ, उमेश चंद्र तिवारी उर्फ मुन्ना तिवारी निवासी दांदो थाना कमासिन जिला बांदा को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
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पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि भोला प्रेम प्रसंग में फंसाकर शिवानी को सेवरामऊ गांव 25 नवंबर को लाया था। जहां से 27 नवंबर को शिवानी को बांदा के दांदो मामा उमेश के घर पहुंचा दिया था।
वहां भोला का लगातार आना जाना बना रहता था। कुछ दिनों से शिवानी शादी करने की जिद पर अड़ी थी। इस पर भोला ने अपने चचेरे भाई और मामा के साथ मिल कर शिवानी को ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी।
घटना की रात बाइक से शिवानी को भोला और उमेश घर छोड़ने की बात कहकर लाए थे। सेवरामऊ से आधा किलोमीटर पहले ही भोला ने बाइक रोक दी।
इधर सरवल गांव के खेत में अमित पहले से उनका इंतजार कर रहा था। भोला ने शिवानी का गला दुपट्टे से गला घोंटकर हत्या की। इसके बाद उसकी पहचान छिपाने के लिए शिवानी की तीनों ने बारी-बारी से गर्दन काटी।
गर्दन काटने के लिए सब्जी काटने वाले नए चाकू खरीदे थे। गला काटने में तीनों को एक घंटे का वक्त लगा था। खून से सने कपड़े, कटी हुई गर्दन शिवानी के बैग में भरकर कुएं में फेंक कर ये फरार हुए थे। एसपी ने खुलासे में शामिल टीम को 15 हजार का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
मोबाइल नंबर की पर्ची से हुआ राजफाश
मृतका शिवानी के शव के पास एक पर्ची मिली थी। जिसमें दो मोबाइल नंबर दर्ज थे। यह नंबर उमेश के किशनपुर थाना क्षेत्र में रहने वाले एक रिश्तेदार की बेटी का था। पुलिस उसी नंबर की पड़ताल करते हुए उमेश तक पहुंची थी। भोला के पकड़े जाने के बाद शिवानी के सही पते का खुलासा हुआ।
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पुलिस ने तीनों आरोपियों को बुधवार को जेल भेज दिया। पुलिस ने आरोपियों के पास से 5 चाकू और एक बाइक बरामद की है। जल्द ही मामले की विवेचना लखनऊ के गोसाईंगंज थाने में स्थानांतरित की जाएगी।
पुलिस लाइन में एसपी सतपाल आंतिल ने बताया कि असोथर थाना क्षेत्र के सरवल गांव के फइया दुबे के खेत से छह फरवरी को लखनऊ गोसाईंगंज थाना क्षेत्र के आदमपुर नौबस्ता निवासी शिवानी पासवान (17) पुत्री स्व.सुक्खू का सिर विहीन शव बरामद हुआ था।
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मामले में ट्रक चालक भोला दुबे निवासी सेवरामऊ थाना गाजीपुर उसके चचेरे भाई अमित दुबे बीडीसी सदस्य सेवरामऊ, उमेश चंद्र तिवारी उर्फ मुन्ना तिवारी निवासी दांदो थाना कमासिन जिला बांदा को पुलिस ने गिरफ्तार किया था।
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पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि भोला प्रेम प्रसंग में फंसाकर शिवानी को सेवरामऊ गांव 25 नवंबर को लाया था। जहां से 27 नवंबर को शिवानी को बांदा के दांदो मामा उमेश के घर पहुंचा दिया था।
वहां भोला का लगातार आना जाना बना रहता था। कुछ दिनों से शिवानी शादी करने की जिद पर अड़ी थी। इस पर भोला ने अपने चचेरे भाई और मामा के साथ मिल कर शिवानी को ठिकाने लगाने की योजना बनाई थी।
घटना की रात बाइक से शिवानी को भोला और उमेश घर छोड़ने की बात कहकर लाए थे। सेवरामऊ से आधा किलोमीटर पहले ही भोला ने बाइक रोक दी।
इधर सरवल गांव के खेत में अमित पहले से उनका इंतजार कर रहा था। भोला ने शिवानी का गला दुपट्टे से गला घोंटकर हत्या की। इसके बाद उसकी पहचान छिपाने के लिए शिवानी की तीनों ने बारी-बारी से गर्दन काटी।
गर्दन काटने के लिए सब्जी काटने वाले नए चाकू खरीदे थे। गला काटने में तीनों को एक घंटे का वक्त लगा था। खून से सने कपड़े, कटी हुई गर्दन शिवानी के बैग में भरकर कुएं में फेंक कर ये फरार हुए थे। एसपी ने खुलासे में शामिल टीम को 15 हजार का पुरस्कार देने की घोषणा की है।
मोबाइल नंबर की पर्ची से हुआ राजफाश
मृतका शिवानी के शव के पास एक पर्ची मिली थी। जिसमें दो मोबाइल नंबर दर्ज थे। यह नंबर उमेश के किशनपुर थाना क्षेत्र में रहने वाले एक रिश्तेदार की बेटी का था। पुलिस उसी नंबर की पड़ताल करते हुए उमेश तक पहुंची थी। भोला के पकड़े जाने के बाद शिवानी के सही पते का खुलासा हुआ।