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Fatehpur News: मिट्टी का स्वास्थ्य गिरा, किसानों को जैविक खेती अपनाने की सलाह
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फोटो-25-मिट्टी की जांच कर उसके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी देते अधिकारी। संवाद
चौडगरा। मलवां ब्लॉक के मवैइया स्थित उत्कर्ष फार्मर प्रोड्यूसर कंपनी लिमिटेड में बृहस्पतिवार को कृषि विभाग की टीम सचल मृदा परीक्षण प्रयोगशाला पहुंची। टीम ने किसानों के खेतों से मिट्टी के नमूने लेकर मौके पर जांच की और उन्हें मिट्टी के स्वास्थ्य के प्रति जागरूक किया।
लैब टेक्नीशियन पवन कुमार शर्मा, लैब असिस्टेंट कृष्ण द्विवेदी और संतोष कुमार त्रिपाठी ने करीब 60 किसानों की मिट्टी की जांच की। परीक्षण में अधिकांश नमूनों में जीवांश कार्बन का स्तर बेहद कम पाया गया।
विशेषज्ञों ने सलाह दी कि यूरिया और डीएपी का उपयोग कम करते हुए नैनो यूरिया और जैविक तरीकों को अपनाया जाए। इससे मिट्टी की उपजाऊ क्षमता बढ़े और भूमि लंबे समय तक स्वस्थ रहे।
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उत्कर्ष एफपीओ के सीईओ हरिकृष्ण अवस्थी ने किसानों से जैविक खेती की दिशा में आगे बढ़ने की अपील की। कार्यक्रम में इफको के क्षेत्राधिकारी साजिद अंसारी, उपमहाप्रबंधक (विपणन) एके सिंह, अरविंद कुमार सहित मवैइया, कोरसम, जलाला, शाहजहांपुर, बनियनखेड़ा, बरेठर, अलीपुर और पहुर गांवों के किसान मौजूद रहे।
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लैब टेक्नीशियन पवन कुमार शर्मा, लैब असिस्टेंट कृष्ण द्विवेदी और संतोष कुमार त्रिपाठी ने करीब 60 किसानों की मिट्टी की जांच की। परीक्षण में अधिकांश नमूनों में जीवांश कार्बन का स्तर बेहद कम पाया गया।
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विशेषज्ञों ने सलाह दी कि यूरिया और डीएपी का उपयोग कम करते हुए नैनो यूरिया और जैविक तरीकों को अपनाया जाए। इससे मिट्टी की उपजाऊ क्षमता बढ़े और भूमि लंबे समय तक स्वस्थ रहे।
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उत्कर्ष एफपीओ के सीईओ हरिकृष्ण अवस्थी ने किसानों से जैविक खेती की दिशा में आगे बढ़ने की अपील की। कार्यक्रम में इफको के क्षेत्राधिकारी साजिद अंसारी, उपमहाप्रबंधक (विपणन) एके सिंह, अरविंद कुमार सहित मवैइया, कोरसम, जलाला, शाहजहांपुर, बनियनखेड़ा, बरेठर, अलीपुर और पहुर गांवों के किसान मौजूद रहे।

फोटो-25-मिट्टी की जांच कर उसके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी देते अधिकारी। संवाद