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बेटों से क्षुब्ध होकर बुजुर्ग दंपती ने दी जान
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फतेहपुर। चार शादीशुदा बेटों होने के बावजूद अलग रहने को मजबूर बुजुर्ग दंपती ने गुरुवार को ट्रेन से कटकर आत्महत्या कर ली। उनके शवों की देर शाम को पहचान हो सकी। पुलिस ने शवों को पोस्टमार्टम हाउस में रखवाया है। पुलिस का कहना है कि बटवारे के विवाद से परेशान होकर दंपती ने जान दी है।
गाजीपुर थाना क्षेत्र के फुलवामऊ गांव निवासी शिवराज (68) और धनपतिया (65) सुबह घर से निकले थे। इधर, सदर कोतवाली क्षेत्र के 50 नंबर गेट ओवरब्रिज के नीचे दोपहर करीब 11 बजे बुजुर्ग पुरुष और महिला के शव मिले। उनके दंपती होने की आशंका जताई गई थी। पिता-मां की खोजबीन करते बेटा जितेंद्र शाम को जीआरपी थाने पहुंचा।
थाने में जितेंद्र ने शवों की फोटो देखकर पिता शिवराज और मां धनपतिया के रूप में शिनाख्त की। जितेंद्र ने बताया कि उसके तीन बड़े भाई अशोक, संतोष, गजेंद्र और दो बहनें गुड़िया, सरोज हैं। बहनें शादीशुदा है। बड़ा भाई अशोक पहले कतर में और संतोष चेन्नई में रहते थे। करीब दो साल से दोनों गांव में रहते हैं। बटवारे को लेकर अशोक और संतोष के बीच विवाद चल रहा है।
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दोनों भाई पिता और मां को कोसते थे। एक हफ्ते पहले घर का बटवारा हुआ था। जिसके बाद मां और पिता अलग रहने लगे थे। गुरुवार को वह लोग काम पर चले गए थे। पिता और मां सुबह घर से निकले थे। ग्रामीणों में चर्चा रही कि चार बेटे होने के बावजूद अलग रहकर गुजर बसर करने को दंपती मजबूर हो गए थे। तभी उन्होंने आत्महत्या की है। जीआरपी थानाध्यक्ष अंकुश कैथवास ने बताया कि घरेलू विवाद में दंपती ने आत्महत्या की है।
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गाजीपुर थाना क्षेत्र के फुलवामऊ गांव निवासी शिवराज (68) और धनपतिया (65) सुबह घर से निकले थे। इधर, सदर कोतवाली क्षेत्र के 50 नंबर गेट ओवरब्रिज के नीचे दोपहर करीब 11 बजे बुजुर्ग पुरुष और महिला के शव मिले। उनके दंपती होने की आशंका जताई गई थी। पिता-मां की खोजबीन करते बेटा जितेंद्र शाम को जीआरपी थाने पहुंचा।
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थाने में जितेंद्र ने शवों की फोटो देखकर पिता शिवराज और मां धनपतिया के रूप में शिनाख्त की। जितेंद्र ने बताया कि उसके तीन बड़े भाई अशोक, संतोष, गजेंद्र और दो बहनें गुड़िया, सरोज हैं। बहनें शादीशुदा है। बड़ा भाई अशोक पहले कतर में और संतोष चेन्नई में रहते थे। करीब दो साल से दोनों गांव में रहते हैं। बटवारे को लेकर अशोक और संतोष के बीच विवाद चल रहा है।
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दोनों भाई पिता और मां को कोसते थे। एक हफ्ते पहले घर का बटवारा हुआ था। जिसके बाद मां और पिता अलग रहने लगे थे। गुरुवार को वह लोग काम पर चले गए थे। पिता और मां सुबह घर से निकले थे। ग्रामीणों में चर्चा रही कि चार बेटे होने के बावजूद अलग रहकर गुजर बसर करने को दंपती मजबूर हो गए थे। तभी उन्होंने आत्महत्या की है। जीआरपी थानाध्यक्ष अंकुश कैथवास ने बताया कि घरेलू विवाद में दंपती ने आत्महत्या की है।