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मुंगेरी पिस्टलें देख बैकफुट पर आई थी पुलिस
ब्यूरो अमर उजाला, फतेहपुर
Updated Sat, 19 Mar 2016 01:06 AM IST
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15 जून को छपी खबर
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ललौली थाना क्षेत्र के कस्बे में सराफा कारोबारी मूलचंद्र सोनी को लूटने वाले बदमाश पेशेवर थे। उनका पीछा करने में पुलिस भी हथियारों को देखकर बैकफुट पर आ गई थी। पीड़ित की मानें तो बदमाशों के हाथों में मामूली तमंचे नहीं बल्कि एक बार में कई राउंड गोलियां निकालने वाली पिस्टलें थीं। पुलिस अब जल्द ही बदमाशों को पकड़ने का दावा कर रही है।
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जिले में ज्वैलर्स के साथ हत्यायुक्त लूट की घटनाओं को अंजाम देने में पेशेवरों ने पिस्टलों का इस्तेमाल किया था। उन्हें खोजने में टीमों के हाथ कोई सफलता नहीं लग सकी है। जबकि बड़ी वारदातों में उभरकर पिस्टलधारी बदमाश सामने आ रहे हैं। वैसे जिले में करीब दो साल से पिस्टलों से तस्करी हो रही है।
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जीटी रोड स्थित मैरिज हॉल में दो तस्करों को पुलिस ने मुंगेरी पिस्टलों के दबोचा भी था। पुलिस ने इस नेटवर्क को पकड़ लेती तो शायद जिले की अनसुलझी हत्या और लूट की वारदातें खुल जातीं। ललौली कस्बे में सराफा कारोबारी मूलचंद्र सोनी से रविवार को दो बाइक सवार बदमाश बैंक मोड़ पर करीब बीस लाख रुपये के जेवरात लूट ले गए थे।
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बताया कि वे घटना के दिन दहशत में रहे हैं। घटना के समय बदमाशों ने पिस्टलें तानी थी। पिस्टल छोटी लेकिन कई गोलियां छोड़ने वाली थी। पुलिस सूत्रों का मानना है कि सैकड़ों की मौजूद भीड़ ने बदमाशों को पिस्टलों के साथ देखा था। जिससे स्पष्ट है कि वारदात में बदमाशों ने मुंगेरी पिस्टलों का इस्तेमाल किया था।
वहीं घटना की खबर के बाद पुलिस बाइक सवार बदमाशों के पीछा करने गई थी। अढ़ौली से दलितों के डेरे के रास्ते में बदमाश पथरी गांव में मुड़े थे। पुलिस करीब ही पहुंचने वाली थी तभी पल्सर सवार लुटेरों ने जीप से पीछा कर रही पुलिस पर भी पिस्टल तानी थी। पुलिस बदमाशों के हाथों में पिस्टलें देखकर हैरान रह गई थी।
11 अप्रैल शाम साढ़े नौ बजे- शहर के महादेवन टोला निवासी सर्राफ अन्नू महाजन अपने व्यापारी दोस्त रमेश रस्तोगी के साथ दुकान बंद कर घर जा रहे थे। उनकी दुकान से घर की दूरी मात्र ढाई सौ मीटर होगी। दुकान और घर के बीच में बाकरगंज पुलिस चौकी है। बदमाशों ने घर के पास कारोबारियों पर ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं।
दोनों की हत्या के बाद लाखों के गहनों से भरा झोला लूटकर फरार हो गए थे। पुलिस खुलासे में नाकाम है। 30 अक्टूबर सुबह नौ बजे- जहानाबाद कस्बे के आशुतोष शुक्ला अपनी कार से देवमई बाजार स्थित अपनी सराफा की दुकान खोलने जा रहे थे। कार में 14 लाख के जेवरात थे। बकेवर बैठका चौराहे पर फिल्मी स्टाइल में बोलेरो से आए बदमाशों ने कार को ओवरटेक किया। पिस्टल निकाली और ताबड़तोड़ गोलियां चलानी शुरू कर दीं और आशुतोष की हत्या कर जेवरातों से भरा बैग लूटकर फरार हो गए थे।