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Fatehpur News: 50 साल में फायर स्टेशन बनाने के लिए नहीं मिली जमीन
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जहानाबाद। राजस्व विभाग 50 साल में फायर स्टेशन बनाने के लिए जमीन नहीं खोज पाया। फायर स्टेशन न होने के कारण हर साल क्षेत्र में लाखों की फसल जलकर राख हो जाती है। लंबे समय से क्षेत्रीय लोग फायर स्टेशन की मांग कर रहे हैं, लेकिन शासन-प्रशासन के कानों में जू तक नहीं रेंग रही।
विधानसभा क्षेत्र के किसान मेहनत, लागत लगाकर फसलों की बुआई करते हैं। अन्ना जानवरों से रात दिन रखवाली कर भविष्य के लिए सपने देखते हैं। जब फसलों में किसी वज़ह से आग लगती है, तो उसे बुझाने के लिए समुचित व्यवस्था नहीं है। इसके लिए क्षेत्र के किसान लंबे समय से मांग करते आ रहे हैं कि जहानाबाद में अग्निशमन केंद्र बनाया जाए।
वर्ष 1974 में जहानाबाद में अग्निशमन केंद्र बनाने के लिए भूमि की तलाश शुरू हुई थी। राजस्व विभाग को अब तक भूमि नहीं मिली। 25 किमी दूर बिंदकी या घाटमपुर फायर स्टेशन को सूचना देने के बाद यह सुविधा किसानों को उस समय उपलब्ध होती है जब सबकुछ जलकर राख हो हो होता है।
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राजस्व निरीक्षक अजय मिश्रा ने बताया कि अग्निशमन के नाम कोई भूमि अभिलेखों में दर्ज़ नहीं है। फिर भी अग्निशमन की टीम को गाटा संख्या 452/453 की भूमि दी गई थी, जिसे फायर टीम ने अस्वीकार कर दिया। क्षेत्रीय विधायक राजेंद्र पटेल से किसानों ने फायर स्टेशन बनाए जाने की मांग की है।
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विधानसभा क्षेत्र के किसान मेहनत, लागत लगाकर फसलों की बुआई करते हैं। अन्ना जानवरों से रात दिन रखवाली कर भविष्य के लिए सपने देखते हैं। जब फसलों में किसी वज़ह से आग लगती है, तो उसे बुझाने के लिए समुचित व्यवस्था नहीं है। इसके लिए क्षेत्र के किसान लंबे समय से मांग करते आ रहे हैं कि जहानाबाद में अग्निशमन केंद्र बनाया जाए।
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वर्ष 1974 में जहानाबाद में अग्निशमन केंद्र बनाने के लिए भूमि की तलाश शुरू हुई थी। राजस्व विभाग को अब तक भूमि नहीं मिली। 25 किमी दूर बिंदकी या घाटमपुर फायर स्टेशन को सूचना देने के बाद यह सुविधा किसानों को उस समय उपलब्ध होती है जब सबकुछ जलकर राख हो हो होता है।
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राजस्व निरीक्षक अजय मिश्रा ने बताया कि अग्निशमन के नाम कोई भूमि अभिलेखों में दर्ज़ नहीं है। फिर भी अग्निशमन की टीम को गाटा संख्या 452/453 की भूमि दी गई थी, जिसे फायर टीम ने अस्वीकार कर दिया। क्षेत्रीय विधायक राजेंद्र पटेल से किसानों ने फायर स्टेशन बनाए जाने की मांग की है।