{"_id":"602d683d8ebc3ee92b27589e","slug":"ganga-pull-fatehpur-news-knp6124935195","type":"story","status":"publish","title_hn":"अयोध्या, जौनपुर, रायबरेली का सफर होगा आसान","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
अयोध्या, जौनपुर, रायबरेली का सफर होगा आसान
विज्ञापन
प्रेमनगर (खागा)। खागा तहसील क्षेत्र के बाशिंदों के लिए अयोध्या, जौनपुर और रायबरेली का सफर जल्द आसान होगा। रायबरेली की ऊंचाहार तहसील और खागा तहसील को जोड़ने वाला नौबस्ता गंगा पुल का काम 70 फीसदी पूरा हो चुका है। दिसंबर 2021 में काम खत्म करने का लक्ष्य सेतु निगम ने रखा है।
नौबस्ता गंगा पुल का निर्माण मार्च 2019 में शुरू हुआ था। 85.56 करोड़ की लागत से बन रहे इस पुल की लंबाई 1064 मीटर है। 36 पिलर पर खड़े हो रहे इस गंगा पुल का काम सेतु निगम और लोक निर्माण विभाग ने करीब 70 फीसदी पूरा कर लिया है। अवर अभियंता सेतु निगम सुशील वर्मा ने बताया कि दिसंबर 2021 में पुल का काम पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। फिलहाल किसी तरह की कोई अड़चन नहीं है और कार्य तेज रफ्तार से चल रहा है।
खागा तहसील के लोगों को अगर रायबरेली, जौनपुर, फैजाबाद, प्रतापगढ़, अमेठी, सुल्तानपुर जाना होता है तो उन्हें गंगा नदी पर बने पीपा पुल या फिर नाव का सहारा लेना पड़ता है। दूसरे विकल्प के रूप में उन्हें कौशांबी के लेहदरी गंगा पुल के जरिए प्रतापगढ़ और फिर से वहां से रायबरेली, जौनपुर, सुल्तानपुर के लिए जाया जाता है। लेकिन दूसरे विकल्प में दूरी बढ़ जाती है। प्रयागराज की तरफ से जनपदों की दूरी और भी बढ़ जाती है। बरसात के समय पीपा पुल टूट जाता है और लोगों के सामने दिक्कतें और बढ़ जाती है।
विज्ञापन
व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य जैसी बिंदुओं पर अच्छा असर
पुल बनने के बाद खागा तहसील के गंगा तटवर्ती इलाके हथगाम, सुल्तानपुर घोष, प्रेमनगर, अल्लीपुर, नौबस्ता जैसे इलाके लोगों के लिए व्यापार, शिक्षा व सेहत से जुड़ी समस्याओं पर काफी राहत मिलेगी।
विज्ञापन
नौबस्ता गंगा पुल का निर्माण मार्च 2019 में शुरू हुआ था। 85.56 करोड़ की लागत से बन रहे इस पुल की लंबाई 1064 मीटर है। 36 पिलर पर खड़े हो रहे इस गंगा पुल का काम सेतु निगम और लोक निर्माण विभाग ने करीब 70 फीसदी पूरा कर लिया है। अवर अभियंता सेतु निगम सुशील वर्मा ने बताया कि दिसंबर 2021 में पुल का काम पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। फिलहाल किसी तरह की कोई अड़चन नहीं है और कार्य तेज रफ्तार से चल रहा है।
विज्ञापन
खागा तहसील के लोगों को अगर रायबरेली, जौनपुर, फैजाबाद, प्रतापगढ़, अमेठी, सुल्तानपुर जाना होता है तो उन्हें गंगा नदी पर बने पीपा पुल या फिर नाव का सहारा लेना पड़ता है। दूसरे विकल्प के रूप में उन्हें कौशांबी के लेहदरी गंगा पुल के जरिए प्रतापगढ़ और फिर से वहां से रायबरेली, जौनपुर, सुल्तानपुर के लिए जाया जाता है। लेकिन दूसरे विकल्प में दूरी बढ़ जाती है। प्रयागराज की तरफ से जनपदों की दूरी और भी बढ़ जाती है। बरसात के समय पीपा पुल टूट जाता है और लोगों के सामने दिक्कतें और बढ़ जाती है।
विज्ञापन
व्यापार, शिक्षा, स्वास्थ्य जैसी बिंदुओं पर अच्छा असर
पुल बनने के बाद खागा तहसील के गंगा तटवर्ती इलाके हथगाम, सुल्तानपुर घोष, प्रेमनगर, अल्लीपुर, नौबस्ता जैसे इलाके लोगों के लिए व्यापार, शिक्षा व सेहत से जुड़ी समस्याओं पर काफी राहत मिलेगी।