फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Fatehpur News ›   Fatehpur: SO suspended for delivery due to theft

मौरंग चोरी प्रकरण में तत्कालीन थानेदार निलंबित

Tue, 22 Dec 2020 10:59 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 22 Dec 2020 10:59 PM IST
विज्ञापन
Fatehpur: SO suspended for delivery due to theft
पांच दिसंबर को अमर उजाला में प्रकाशित खबर की पीडीएफ - फोटो : FATEHPUR
पुलिस की सुपुर्दगी से 62 लाख की मौरंग चोरी प्रकरण की जांच में दोषी माने गए तत्कालीन थानेदार निशिकांत राय को निलंबित किया गया है। मामले में एसपी ने प्रकरण की तेजी से जांच के लिए सीओ सिटी को जांच करने के आदेश दिए हैं।
विज्ञापन

हुसैनगंज थानाक्षेत्र के देवरी मोड़ से लेकर असनी तक अवैध मौरंग के डंप लगाए गए थे। खनन और राजस्व टीम ने 27 डंप सीज किए थे। सीज डंप पुलिस की सुपुर्दगी में दिए गए थे।
विज्ञापन

उसके बाद डंप उन स्थानों से धीरे धीरे चोरी हो गए। इसका खुलासा खनन विभाग की नीलामी के दौरान हुआ था। विभाग की लिखापढ़ी के बाद मामले में तत्कालीन थानेदार निशिकांत राय ने अज्ञात चोरों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की थी। उसके बाद तत्कालीन थानेदार का हमीरपुर जिला स्थानांतरण हो गया था।
विज्ञापन
विज्ञापन

पुलिस सुपुर्दगी से मौरंग चोरी प्रकरण ने तूल पकड़ा तो सीओ सदर संजय सिंह ने जांच शुरू की। मामले का खनन निदेशक डॉ. रोशन जैकब ने संज्ञान में लिया।
जांच में थानेदार निशिकांत राय दोषी पाए गए। यहां से रिपोर्ट खनिज निदेशालय को दिसंबर माह की शुरुआत में भेजी गई थी। जिसके बाद प्रयागराज जोन एडीजी प्रेम प्रकाश ने थानेदार के निलंबन की संस्तुति की।
इधर, मामले की जांच में तेजी आई। अब जांच अपर पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार को सौंपी गई है। विवेचना दौरान प्रकाश में आए 12 आरोपी कामता सिंह, चंद्रवीर सिंह, विवेक सिंह, सूर्यवीर सिंह, सत्यम सिंह, कैलाश, शिवप्रसाद, श्यामवीर सिंह, भोला सिंह, आकाश, विकास पटेल, मनोज पांडेय 4 दिसंबर को नामजद हुए थे।
पुलिस ने मौरंग ढेर जिन जगहों पर थे उसके हिसाब से ही आरोपी बनाए। इस तरह से 15 आरोपियों के भी नाम प्रकाश में लाया जाना बाकी है। एसपी सतपाल अंतिल ने बताया कि तत्कालीन थानेदार को निलंबित कर दिया गया है।
पुलिस ने पहले तो मौरंग चोरी कराई अब लीपापोती के लिए चोरी के आरोपियों ने डंपों पर मौरंग फिर से पहुंचाई है। यह काम भी पुलिस की देखरेख में हो रहा है। दरअसल मौरंग चोरी के आरोपियों की सिफारिश में एक नेता जुटे हैं। वह किसी तरह से मामले को दफन कराना चाहते हैं।
मौरंग चोरी भी उनके इशारे पर हुई थी। वह मौरंग को उसी जगह पर दोबारा डंप कर यह साबित करना चाहते हैं सीज करने की कार्रवाई गलत हुई थी। उसी समय से मौरंग मौके पर मौजूद है। जो लोग चोरी के आरोपी बनाए गए हैं। वह सभी निर्दोष हैं। मामले में बड़ा पेंच फंसा है।
एफआईआर मौरंग रखवाली करने वाले बीट के सिपाहियों की ओर से कराई गई थी। उस समय खनन विभाग ने दो बार नीलामी की सूचना जारी की थी। मौरंग मौके पर मौजूद न होने के कारण ही नीलाम नहीं हो सकी थी। एसपी सतपाल अंतिल ने बताया कि पूरे घटनाक्रम की सही और जल्द से जल्द जांच पूरी करने के सीओ सिटी को जांच सौंपी गई है।

विवेचना में तीन ढाबा संचालक समेत 15 आरोपी अभी प्रकरण में बचे हैं। ढाबा संचालकों और पुलिस का तगड़ा गठजोड़ है। दो बेरागढ़ीवा और एक असनी का ढाबा संचालक है। इन ढाबों पर पुलिस का मुफ्त में खाना पानी होता है। पुलिस इस एहसान में भी दबी है।
शायद इसी वजह से ढाबा संचालकों के नाम उजागर करने से कतरा रही है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed