फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Fatehpur News ›   exam,ARTO,licence

पहल: जनपद में ड्राइविंग लाइसेंस की फेसलेस परीक्षा व्यवस्था शुरु

Fri, 27 May 2022 11:27 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 27 May 2022 11:27 PM IST
विज्ञापन
exam,ARTO,licence
उप संभागीय परिवाहन कार्यालय। संवाद - फोटो : FATEHPUR
फतेहपुर। ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए आवेदकों को एआरटीओ दफ्तर के चक्कर नहीं काटने होंगे। कोई भी आवेदक अब लर्निंग लाइसेंस बनवाने के दौरान होने वाली परीक्षा ऑनलाइन दे सकता हैं। विभाग ने इसे फेसलेस प्रक्रिया का नाम दिया है।
विज्ञापन

इसके अंतर्गत ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने के लिए अब आवेदक को सिर्फ एक बार ही एआरटीओ दफ्तर जाना होगा। अधिकारियों की मानें तो इस प्रक्रिया से आवेदक का समय तो बचेगा ही साथ में एआरटीओ दफ्तर में लगने वाली भीड़ भी कम होगी।
विज्ञापन

ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने वाली ऑनलाइन परीक्षा का लाभ अभी तक दो हजार से अधिक आवेदक ले चुके हैं। मगर जानकारी के अभाव में अभी भी बड़े पैमाने पर लोग लर्निंग लाइसेंस बनवाने और परीक्षा देने एआरटीओ दफ्तर पहुंच रहे हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

आवेदक को परिवहन सेवा की वेबसाइट पर जाकर ऑनलाइन सर्विस चुननी होगी। यहां ड्राइविंग लाइसेंस से संबंधित सेवाओं को चुनकर अपना राज्य चुनना होगा, फिर आपकी स्क्रीन पर कॉनटैक्ट लेस लाइसेंस सर्विस आएगी। इसे क्लिक करते ही आपको स्क्रीन में आए विकल्पों में अपने सारे प्रपत्रों को स्वप्रमाणित कर अपलोड कर देंगे।
आवेदन दो पहिया वाहन के लिए है तो 200 और चार पहिया या बड़े वाहनों के लिए है तो 350 रुपये शुल्क जमा करने के बाद आधार अपलोड करना होगा। कंप्यूटर या मोबाइल स्क्रीन पर लगे फ्रंट कैमरे से वेबसाइट आपके आधार कार्ड में लगे हुए फोटो की पहचान कर लेगी।
आपके मोबाइल नंबर पर आए ओटीपी का मिलान करने के बाद परीक्षा प्रश्नपत्र आपकी स्क्रीन पर होगा। परीक्षा देने के बाद सारा डेटा एआरटीओ कार्यालय को चला जाएगा। इस ऑनलाइन परीक्षा में नौ सवालों के जवाब देने होंगे।
जनपद में ऑटोमेटिक ड्राइविंग टेस्टिंग ट्रैक बनाए जाने की तैयारी है। तकरीबन बीस करोड़ लागत की यह ट्रैक एक हेक्टेएयर जमीन पर बनेगा। डीएल बनवाने के लिए चालकों का यहीं पर वाहन चलाकर दिखाना होगा। ट्रैक में सेंसर लगे होंगे। बाइक, कार और कार्मिशियल वाहन के अलग-अलग ट्रैक होंगे। ट्रैक में बाधाएं भी होंगी, जिन्हें पार करने के बाद ही ड्राइविंग लाइसेंस बनेगा।

फेसलेस प्रक्रिया का प्रचार-प्रसार किया जाएगा, ताकि अधिक से अधिक लोग ड्राइविंग लाइसेंस के लिए सुविधा का लाभ प्राप्त कर सके। नई व्यवस्था पूरी तरह से पारदर्शी और सुविधाजनक है।
- अरविंद त्रिवेदी, एआरटीओ प्रशासन।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed