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अवैध फैक्ट्री से असलहों का जखीरा पकड़ा
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फतेहपुर। जाफरगंज थाना क्षेत्र के समसपुर गांव के जंगल में बुधवार को स्वॉट और पुलिस की संयुक्त टीम ने छापा मारकर असलहा फैक्टरी पकड़ी। मौके से बने और अधबने असलहे व अन्य उपकरण बरामद किए गए। पुलिस ने दो शातिरों को जेल भेजा है। पूछताछ में पता चला कि ज्यादातर असलहों की सप्लाई बांदा व हमीरपुर जिलों में होती थी।
पुलिस लाइन में एएसपी राजेश कुमार ने बताया कि समसपुर गांव के जंगल में कोठरी में स्वॉट टीम प्रभारी वीरेंद्र सिंह यादव और जाफरगंज थानेदार शेर सिंह राजपूत की संयुक्त टीम ने छापा मारा। मौके से समसपुर गांव के बबलू उर्फ गुप्ता , संतोष विश्वकर्मा को पकड़ा गया। संतोष असलहा बनाने का पुराना कारीगर है। असलहा फैक्टरी से एक राइफल, एक अध्धी बंदूक, तीन तमंचा, अधबने पांच तमंचे, नाल, स्प्रिंग हैमर, आरी, रेती, भट्ठी बरामद हुई।
आरोपी बांदा, हमीरपुर और जिले में सालों से तमंचे बनाकर बेचते रहे हैं। साढ़े तीन हजार का एक तमंचा और राइफल, बंदूक पांच हजार में बेचते हैं। टीम के लिए 15 हजार का पुरस्कार घोषित किया गया है। शातिर संतोष छह बार तमंचा बनाने में पकड़ा जा चुका है। संतोष का पिता परसन तमंचा बनाने में तीन बार पकड़ा जा चुका है। संतोष का साथी बबलू गैर जिलों में असलहों की बिक्री करता है। आरोपियों की धरपकड़ में स्वॉट टीम के एसआई सत्य प्रकाश, हेड कांस्टेबल राजेश सिंह, कांस्टेबल पंकज सिंह मौजूद रहे।
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पुलिस लाइन में एएसपी राजेश कुमार ने बताया कि समसपुर गांव के जंगल में कोठरी में स्वॉट टीम प्रभारी वीरेंद्र सिंह यादव और जाफरगंज थानेदार शेर सिंह राजपूत की संयुक्त टीम ने छापा मारा। मौके से समसपुर गांव के बबलू उर्फ गुप्ता , संतोष विश्वकर्मा को पकड़ा गया। संतोष असलहा बनाने का पुराना कारीगर है। असलहा फैक्टरी से एक राइफल, एक अध्धी बंदूक, तीन तमंचा, अधबने पांच तमंचे, नाल, स्प्रिंग हैमर, आरी, रेती, भट्ठी बरामद हुई।
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आरोपी बांदा, हमीरपुर और जिले में सालों से तमंचे बनाकर बेचते रहे हैं। साढ़े तीन हजार का एक तमंचा और राइफल, बंदूक पांच हजार में बेचते हैं। टीम के लिए 15 हजार का पुरस्कार घोषित किया गया है। शातिर संतोष छह बार तमंचा बनाने में पकड़ा जा चुका है। संतोष का पिता परसन तमंचा बनाने में तीन बार पकड़ा जा चुका है। संतोष का साथी बबलू गैर जिलों में असलहों की बिक्री करता है। आरोपियों की धरपकड़ में स्वॉट टीम के एसआई सत्य प्रकाश, हेड कांस्टेबल राजेश सिंह, कांस्टेबल पंकज सिंह मौजूद रहे।
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