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दो संवेदनशील केंद्रों में नहीं पहुंचे स्टेटिक मजिस्ट्रेट
Updated Wed, 07 Feb 2018 12:28 AM IST
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अमर उजाला ब्यूरो
फतेहपुर। बोर्ड परीक्षा के पहले दिन परीक्षा केंद्रों में अफरातफरी रही। दो संवेदनशील केंद्रों में स्टेटिक मजिस्ट्रेट नहीं पहुंचे, जबकि चार सेक्टर मजिस्ट्रे्ट भी ड्यूटी पर नहीं आए। पुलिस के अभाव में सचल दल डेढ़ घंटे विलंब से रवाना हो सका। डीआईओएस महेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व वाले सचल दल को सिर्फ एक सुरक्षा कर्मी के साथ जाना पड़ा। सात सचल दलों में एक निकल ही नहीं पाया।
माध्यमिक शिक्षा विभाग की बोर्ड परीक्षा की तैयारी भले ही चाक चौबंद रही हो, लेकिन परीक्षा ड्यूटी में लगे अन्य विभागों के अधिकारी परीक्षा को लेकर संवेदनशील नहीं थे। संवेदनशील परीक्षा केंद्र इंटर कालेज दरियापुर के स्टेटिक मजिस्ट्रेट सहायक निदेशक मत्स्य और आदर्श इंटर कालेज जहानाबाद के स्टेटिक मजिस्ट्रेट युवा कल्याण अधिकारी ड्यूटी पर नहीं पहुंचे। इसी तरह 11 सेक्टरों में चार सेक्टर मजिस्ट्रेट जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अधिशासी अभियंता, भूमि संरक्षण अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी परीक्षा केंद्रों को जायजा लेने नहीं निकले। बोर्ड परीक्षा में नकल रोकने के लिए गठित सात सचल दलों में सिर्फ छह ही निकल पाए। बीएसए के नेतृत्व वाला सचलदल नहीं निकला। दल के सदस्य कंट्रोल रूम में सुबह 11 बजे तक बैठे रहे।
उधर, माध्यमिक शिक्षा विभाग ने सभी 99 परीक्षा केंद्रों में नकल रोकने के लिए गठित सभी सचलदलों को सुबह साढ़े छह बजे रवाना करने की तैयारी की थी। इनमें छह सचल दल तय समय पर डीआईओएस कार्यालय के लिए रवाना हो गए। उन्हें सुरक्षा कर्मियों की व्यवस्था के लिए सुबह नौ बजे तक पुलिस लाइन में इंतजार करना पड़ा। इस तरह से सचलदल डेढ़ घंटे विलंब से निकल पाए। इतना ही नहीं डीआईओएस के नेतृत्व वाला सचल दल सिर्फ एक सुरक्षा कर्मी साथ लेकर निकला।
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फतेहपुर। बोर्ड परीक्षा के पहले दिन परीक्षा केंद्रों में अफरातफरी रही। दो संवेदनशील केंद्रों में स्टेटिक मजिस्ट्रेट नहीं पहुंचे, जबकि चार सेक्टर मजिस्ट्रे्ट भी ड्यूटी पर नहीं आए। पुलिस के अभाव में सचल दल डेढ़ घंटे विलंब से रवाना हो सका। डीआईओएस महेंद्र प्रताप सिंह के नेतृत्व वाले सचल दल को सिर्फ एक सुरक्षा कर्मी के साथ जाना पड़ा। सात सचल दलों में एक निकल ही नहीं पाया।
माध्यमिक शिक्षा विभाग की बोर्ड परीक्षा की तैयारी भले ही चाक चौबंद रही हो, लेकिन परीक्षा ड्यूटी में लगे अन्य विभागों के अधिकारी परीक्षा को लेकर संवेदनशील नहीं थे। संवेदनशील परीक्षा केंद्र इंटर कालेज दरियापुर के स्टेटिक मजिस्ट्रेट सहायक निदेशक मत्स्य और आदर्श इंटर कालेज जहानाबाद के स्टेटिक मजिस्ट्रेट युवा कल्याण अधिकारी ड्यूटी पर नहीं पहुंचे। इसी तरह 11 सेक्टरों में चार सेक्टर मजिस्ट्रेट जिला उद्योग केंद्र के महाप्रबंधक, प्रधानमंत्री ग्रामीण सड़क योजना के अधिशासी अभियंता, भूमि संरक्षण अधिकारी, जिला कार्यक्रम अधिकारी परीक्षा केंद्रों को जायजा लेने नहीं निकले। बोर्ड परीक्षा में नकल रोकने के लिए गठित सात सचल दलों में सिर्फ छह ही निकल पाए। बीएसए के नेतृत्व वाला सचलदल नहीं निकला। दल के सदस्य कंट्रोल रूम में सुबह 11 बजे तक बैठे रहे।
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उधर, माध्यमिक शिक्षा विभाग ने सभी 99 परीक्षा केंद्रों में नकल रोकने के लिए गठित सभी सचलदलों को सुबह साढ़े छह बजे रवाना करने की तैयारी की थी। इनमें छह सचल दल तय समय पर डीआईओएस कार्यालय के लिए रवाना हो गए। उन्हें सुरक्षा कर्मियों की व्यवस्था के लिए सुबह नौ बजे तक पुलिस लाइन में इंतजार करना पड़ा। इस तरह से सचलदल डेढ़ घंटे विलंब से निकल पाए। इतना ही नहीं डीआईओएस के नेतृत्व वाला सचल दल सिर्फ एक सुरक्षा कर्मी साथ लेकर निकला।
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