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रिक्शे पर दिल्ली से पहुंचे तीन संदिग्ध, शेल्टर होम में एंट्री नहीं
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दिल्ली से पहुंचे तीन संदिग्ध, शेल्टर होम में एंट्री नहीं
फर्रुखाबाद। दिल्ली से रिक्शे पर दो किशोरों सहित पहुंचे युवक की गतिविधियां संदिग्ध हैं। शनिवार देर रात युवक ने एक किशोर के दुर्घटना में घायल की सूचना देकर एंबुलेंस बुलाई। कमालगंज सीएचसी से उन्हें लोहिया अस्पताल ले जाया गया। वहां भर्ती नहीं किए जाने पर फतेहगढ़ शेल्टर होम ले जाया गया। आधार कार्ड न होने से वहां इनकी एंट्री नहीं की गई। रविवार को एंबुलेंस से मिशन अस्पताल में भर्ती कराया गया।
कमालगंज क्षेत्र के गांव कतरौलीपट्टी के निकट रिक्शा सवार संदिग्ध युवक दो किशोरों के साथ सड़क किनारे रुका। उसने देर रात किशोर के हादसे में घायल होने की सूचना देकर एंबुलेंस बुलाई। एंबुलेंस से तीनों को सीएचसी कमालगंज ले जाया गया। घायल किशोर का इलाज कर लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया गया।
एंबुलेंस के ईएमटी अभिनव ने बताया कि वह लोहिया अस्पताल डाक्टर न होने से उन्हें भर्ती नहीं किया गया। ईएमटी के अनुसार युवक ने अपना नाम नदीम, एक किशोर का नाम आरिफ हुसैन व घायल किशोर का सलमान बताया। उधर, घायल अपना नाम शिवा उर्फ रामबाबू बता रहा था। नदीम उसे सलमान नाम बताने का इशारा कर रहा था। सलमान ने कहा कि वह हरिद्वार में 6 माह की जेल भी काट चुका है।
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शेल्टर होम के प्रबंधक आबिद मंसूरी का कहना है कि किसी के पास आधार कार्ड न होने और बार-बार नाम-पता बदलने से उनकी एंट्री नहीं की गई। इसकी जानकारी एडीएम को दे दी गई। दोपहर करीब 1.15 बजे युवक व दोनों किशोरों को एंबुलेंस से मिशन अस्पताल स्थित क्वारंटीन फैसिलिटी सेंटर में भर्ती कराया गया। इनमें दो लोग बुखार से पीड़ित बताए गए। फिलहाल कोरोना जांच अभी नहीं की गई।
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फर्रुखाबाद। दिल्ली से रिक्शे पर दो किशोरों सहित पहुंचे युवक की गतिविधियां संदिग्ध हैं। शनिवार देर रात युवक ने एक किशोर के दुर्घटना में घायल की सूचना देकर एंबुलेंस बुलाई। कमालगंज सीएचसी से उन्हें लोहिया अस्पताल ले जाया गया। वहां भर्ती नहीं किए जाने पर फतेहगढ़ शेल्टर होम ले जाया गया। आधार कार्ड न होने से वहां इनकी एंट्री नहीं की गई। रविवार को एंबुलेंस से मिशन अस्पताल में भर्ती कराया गया।
कमालगंज क्षेत्र के गांव कतरौलीपट्टी के निकट रिक्शा सवार संदिग्ध युवक दो किशोरों के साथ सड़क किनारे रुका। उसने देर रात किशोर के हादसे में घायल होने की सूचना देकर एंबुलेंस बुलाई। एंबुलेंस से तीनों को सीएचसी कमालगंज ले जाया गया। घायल किशोर का इलाज कर लोहिया अस्पताल रेफर कर दिया गया।
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एंबुलेंस के ईएमटी अभिनव ने बताया कि वह लोहिया अस्पताल डाक्टर न होने से उन्हें भर्ती नहीं किया गया। ईएमटी के अनुसार युवक ने अपना नाम नदीम, एक किशोर का नाम आरिफ हुसैन व घायल किशोर का सलमान बताया। उधर, घायल अपना नाम शिवा उर्फ रामबाबू बता रहा था। नदीम उसे सलमान नाम बताने का इशारा कर रहा था। सलमान ने कहा कि वह हरिद्वार में 6 माह की जेल भी काट चुका है।
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शेल्टर होम के प्रबंधक आबिद मंसूरी का कहना है कि किसी के पास आधार कार्ड न होने और बार-बार नाम-पता बदलने से उनकी एंट्री नहीं की गई। इसकी जानकारी एडीएम को दे दी गई। दोपहर करीब 1.15 बजे युवक व दोनों किशोरों को एंबुलेंस से मिशन अस्पताल स्थित क्वारंटीन फैसिलिटी सेंटर में भर्ती कराया गया। इनमें दो लोग बुखार से पीड़ित बताए गए। फिलहाल कोरोना जांच अभी नहीं की गई।