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भाषण में अनमोल और निबंध में विशाल ने मारी बाजी
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फर्रुखाबाद। गीता जयंती के अवसर पर केआर रस्तोगी इंटर कालेज में प्रतियोगिताएं कराई गईं। भाषण में अनमोल अग्निहोत्री और निबंध प्रतियोगिता में विशाल राठौर ने प्रथम स्थान प्राप्त किया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक के आदेश पर शुक्रवार को गीता के श्लोकों से संबंधित भाषण, चित्रकला एवं निबंध प्रतियोगिता कराई गई। इसमें करीब दो सौ छात्रों ने भाग लिया। भाषण प्रतियोगिता में अनमोल अग्निहोत्री ने प्रथम, मनीष ने द्वितीय, मयंक ने तृतीय स्थान पाया है। निबंध प्रतियोगिता में विशाल राठौर ने प्रथम, कपिल सिंह ने द्वितीय, अमन श्रीवास्तव ने तृतीय स्थान पर कब्जा किया।
चित्रकला प्रतियोगिता में अमन कुमार ने प्रथम, अदनान सिद्दीकी ने द्वितीय और अस्मित गुप्ता ने तीसरा स्थान पाया। इस कार्यक्रम का संचालन डॉ. यशवंत सिंह, हिमांशु शुक्ला, ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी ने किया। प्रधानाचार्य संतोष कुमार त्रिपाठी ने विजेता छात्रों को पुरस्कार दिए। इस दौरान गजेंद्र सिंह, रमेश कुमार, राजेश चंद्र शर्मा, रामतीर्थ अग्निहोत्री, प्रमोद कुमार शुक्ला समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
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छात्र-छात्राओं को समझाया गीता का महत्व
कायमगंज। कंपिल रोड स्थित शकुंतला देवी इंटर कालेज में तुलसी दिवस व गीता जयंती पर कार्यक्रम हुआ। इसमें मुख्य अतिथि चंद्रप्रकाश अग्रवाल उर्फ पिक्को बाबू ने भगवत गीता व तुलसी के पौधों पर पुष्प अर्पित किए। उन्होंने छात्राओं और शिक्षकों को गीता के महत्व के बारे में बताया। इस दौरान छात्राओं ने तुलसी दिवस के पोस्टर बनाए, जिसमें उन्होंने तुलसी के महत्व को दर्शाया। सबसे अच्छे पोस्टर बनाने वाली श्रष्टि सक्सेना, सुविक्षा तिवारी, राजनंदनी को मुख्य अतिथि ने पुरस्कार दिए। प्रधानाचार्य सुतीक्ष्ण कुमार ने गीता का जीवन में महत्व और भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन का मोह भंग करने के प्रसंग को बताया। प्राचार्य वेणु सिंह ने सभी का आभार प्रकट किया। इंग्लिश मीडियम की प्रधानाचार्य तान्या गुप्ता, संतोष शर्मा, ममता सिंह, लक्ष्मी गंगवार, सुनील मिश्रा, दीप्ति अग्निहोत्री, शिखा गंगवार, पूजा यादव, तृप्ति गंगवार, साधना तिवारी आदि मौजूद रहीं।
सर्वोत्तम साहित्य है गीता
फर्रुखाबाद। गीता प्रवक्ता आचार्य श्याम ने कहा, गीता साक्षात ओंकार अथवा प्रणव स्वरूप है। श्रीकृष्ण साक्षात परमब्रह्म परमात्मा हैं। कहा, गीता ऐसा दर्पण है, जिसमें मनुष्य अपने यथार्थ स्वरूप का दर्शन कर सकता है। गीता संस्कृत साहित्य का सर्वोत्तम साहित्य है। (संवाद)
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जिला विद्यालय निरीक्षक के आदेश पर शुक्रवार को गीता के श्लोकों से संबंधित भाषण, चित्रकला एवं निबंध प्रतियोगिता कराई गई। इसमें करीब दो सौ छात्रों ने भाग लिया। भाषण प्रतियोगिता में अनमोल अग्निहोत्री ने प्रथम, मनीष ने द्वितीय, मयंक ने तृतीय स्थान पाया है। निबंध प्रतियोगिता में विशाल राठौर ने प्रथम, कपिल सिंह ने द्वितीय, अमन श्रीवास्तव ने तृतीय स्थान पर कब्जा किया।
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चित्रकला प्रतियोगिता में अमन कुमार ने प्रथम, अदनान सिद्दीकी ने द्वितीय और अस्मित गुप्ता ने तीसरा स्थान पाया। इस कार्यक्रम का संचालन डॉ. यशवंत सिंह, हिमांशु शुक्ला, ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी ने किया। प्रधानाचार्य संतोष कुमार त्रिपाठी ने विजेता छात्रों को पुरस्कार दिए। इस दौरान गजेंद्र सिंह, रमेश कुमार, राजेश चंद्र शर्मा, रामतीर्थ अग्निहोत्री, प्रमोद कुमार शुक्ला समेत अन्य लोग मौजूद रहे।
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छात्र-छात्राओं को समझाया गीता का महत्व
कायमगंज। कंपिल रोड स्थित शकुंतला देवी इंटर कालेज में तुलसी दिवस व गीता जयंती पर कार्यक्रम हुआ। इसमें मुख्य अतिथि चंद्रप्रकाश अग्रवाल उर्फ पिक्को बाबू ने भगवत गीता व तुलसी के पौधों पर पुष्प अर्पित किए। उन्होंने छात्राओं और शिक्षकों को गीता के महत्व के बारे में बताया। इस दौरान छात्राओं ने तुलसी दिवस के पोस्टर बनाए, जिसमें उन्होंने तुलसी के महत्व को दर्शाया। सबसे अच्छे पोस्टर बनाने वाली श्रष्टि सक्सेना, सुविक्षा तिवारी, राजनंदनी को मुख्य अतिथि ने पुरस्कार दिए। प्रधानाचार्य सुतीक्ष्ण कुमार ने गीता का जीवन में महत्व और भगवान श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन का मोह भंग करने के प्रसंग को बताया। प्राचार्य वेणु सिंह ने सभी का आभार प्रकट किया। इंग्लिश मीडियम की प्रधानाचार्य तान्या गुप्ता, संतोष शर्मा, ममता सिंह, लक्ष्मी गंगवार, सुनील मिश्रा, दीप्ति अग्निहोत्री, शिखा गंगवार, पूजा यादव, तृप्ति गंगवार, साधना तिवारी आदि मौजूद रहीं।
सर्वोत्तम साहित्य है गीता
फर्रुखाबाद। गीता प्रवक्ता आचार्य श्याम ने कहा, गीता साक्षात ओंकार अथवा प्रणव स्वरूप है। श्रीकृष्ण साक्षात परमब्रह्म परमात्मा हैं। कहा, गीता ऐसा दर्पण है, जिसमें मनुष्य अपने यथार्थ स्वरूप का दर्शन कर सकता है। गीता संस्कृत साहित्य का सर्वोत्तम साहित्य है। (संवाद)