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Farrukhabad News: मंत्री का आदेश, 11 माह बाद जागा विभाग
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फर्रुखाबाद। यात्रियों को सुगम यात्रा मुहैया कराने की मंशा से पांच मार्गों पर बसें चलाने के परिवहन मंत्री के आदेश की पत्रावली भी 11 माह तक क्षेत्रीय प्रबंधक (आरएम) कार्यालय में दबी रही। उच्चाधिकारियों की सख्ती के बाद जिम्मेदारों ने मार्गों का सर्वे शुरू किया है।
शासन की मंशा है कि ग्रामीण क्षेत्रों को रोडवेज बस सेवा से जोड़ा जाए। सांसद मुकेश राजपूत ने परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह को 18 जनवरी 2023 को पत्र देकर फर्रुखाबाद से वाया मोहम्मदाबाद, संकिसा, ढटींगरा, मैनपुरी, आगरा होकर मथुरा, फर्रुखाबाद से वाया हरदोई होकर लखनऊ, फर्रुखाबाद से कानपुर होकर प्रयागराज, फर्रुखाबाद से आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे होकर लखनऊ व अयोध्या तक जनरथ सेवा और फर्रुखाबाद से वाया मोहम्मदाबाद, नीबकरोरी, संकिसा, नगला विशुन, भनऊघाट तक साधारण सेवा शुरू करने की मांग की थी।
परिवहन मंत्री ने तीन अप्रैल को प्रबंध निदेशक को जनहित में बस संचालन शुरू करने के आदेश दिए। इस पत्र पर प्रबंध निदेशालय में कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद 13 अप्रैल 2023 को सहायक प्रबंधक (संचालन) लखनऊ ने क्षेत्रीय प्रबंधक को मार्गों पर तुरंत बसें चलाकर ईमेल पर आख्या भेजने के आदेश दिए थे।
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परिवहन मंत्री, प्रबंध निदेशक समेत कई वरिष्ठ अफसरों के आदेश के बावजूद क्षेत्रीय कार्यालय में पत्रावली दबा दी गई। इस मामले को वरिष्ठ अफसरों ने जब दोबारा संज्ञान लिया, तब पिछले सप्ताह पांच में से दो नए मार्गों का सर्वे कराने का पत्र जारी किया जा सका। क्षेत्रीय कार्यालय की लापरवाही की वजह से जनता को अभी तक लाभ नहीं मिल सका है। वरिष्ठ केंद्र प्रभारी गौरीशंकर ने बताया कि आरएम दफ्तर के आदेश पर यातायात निरीक्षक सूरज सहाय से सर्वे कराया गया है। एआरएम के अवकाश से लौटते ही बसों के संचालन की कार्रवाई की जाएगी।
-उच्चाधिकारियों के आदेश का हर हाल में अनुपालन होगा। ऐसा पत्र उनके संज्ञान में नहीं है। वह इस मामले को दिखवाकर जनहित में तुरंत बसें चलाने की कार्रवाई कराएंगे।
-परशुराम पांडेय, क्षेत्रीय प्रबंधक, इटावा
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शासन की मंशा है कि ग्रामीण क्षेत्रों को रोडवेज बस सेवा से जोड़ा जाए। सांसद मुकेश राजपूत ने परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह को 18 जनवरी 2023 को पत्र देकर फर्रुखाबाद से वाया मोहम्मदाबाद, संकिसा, ढटींगरा, मैनपुरी, आगरा होकर मथुरा, फर्रुखाबाद से वाया हरदोई होकर लखनऊ, फर्रुखाबाद से कानपुर होकर प्रयागराज, फर्रुखाबाद से आगरा-लखनऊ एक्सप्रेस वे होकर लखनऊ व अयोध्या तक जनरथ सेवा और फर्रुखाबाद से वाया मोहम्मदाबाद, नीबकरोरी, संकिसा, नगला विशुन, भनऊघाट तक साधारण सेवा शुरू करने की मांग की थी।
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परिवहन मंत्री ने तीन अप्रैल को प्रबंध निदेशक को जनहित में बस संचालन शुरू करने के आदेश दिए। इस पत्र पर प्रबंध निदेशालय में कागजी कार्रवाई पूरी होने के बाद 13 अप्रैल 2023 को सहायक प्रबंधक (संचालन) लखनऊ ने क्षेत्रीय प्रबंधक को मार्गों पर तुरंत बसें चलाकर ईमेल पर आख्या भेजने के आदेश दिए थे।
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परिवहन मंत्री, प्रबंध निदेशक समेत कई वरिष्ठ अफसरों के आदेश के बावजूद क्षेत्रीय कार्यालय में पत्रावली दबा दी गई। इस मामले को वरिष्ठ अफसरों ने जब दोबारा संज्ञान लिया, तब पिछले सप्ताह पांच में से दो नए मार्गों का सर्वे कराने का पत्र जारी किया जा सका। क्षेत्रीय कार्यालय की लापरवाही की वजह से जनता को अभी तक लाभ नहीं मिल सका है। वरिष्ठ केंद्र प्रभारी गौरीशंकर ने बताया कि आरएम दफ्तर के आदेश पर यातायात निरीक्षक सूरज सहाय से सर्वे कराया गया है। एआरएम के अवकाश से लौटते ही बसों के संचालन की कार्रवाई की जाएगी।
-उच्चाधिकारियों के आदेश का हर हाल में अनुपालन होगा। ऐसा पत्र उनके संज्ञान में नहीं है। वह इस मामले को दिखवाकर जनहित में तुरंत बसें चलाने की कार्रवाई कराएंगे।
-परशुराम पांडेय, क्षेत्रीय प्रबंधक, इटावा