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आंदोलन कामयाब, बनेगा विद्युत शवदाह गृह
ब्यूरो, अमर उजाला फर्रुखाबाद
Updated Sat, 28 Feb 2015 11:33 PM IST
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सर्वोदयी नेता का आंदोलन कामयाब हो गया है। जिले में बिजली शवदाह गृह का
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रास्ता साफ हो गया है। स्थानीय निकाय निदेशक ने पालिका को 4 मार्च तक
प्रस्ताव भेजने का निर्देश दिया है। दो भट्ठियाें वाला यह शवदाह गृह 2
करोड़ 20 लाख रु पये से बनेगा। एक करोड़ रुपया सियासी नुमाइंदे देने का
वादा कर चुके हैं।
बिजली शवदाह गृह 26 स्क्वायर फिट में 2 करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से बनेगा। इसमें दो भट्ठियां हाेंगी। इनके लिए 415 वोल्ट थ्री फेज लाइट मिलेगी। बिजली न होने पर जनरेटर का इंतजाम रहेगा। जनरेटर के डीजल का पैसा मृतक के परिजनाें से लिया जाएगा। अंत्येष्टि के लिए 550 रुपये की रसीद कटेगी। आधा घंटे में अंत्येष्टि होगी। अभी करीब 8 हजार रुपये खर्च के बाद तीन से चार घंटे में अंत्येष्टि होती है।
स्थानीय निकाय निदेशक ने पालिका से कार्ययोजना मांगी थी। पालिका ने पांचाल घाट को पालिका सीमा में न होने की बात कह कर प्रस्ताव देने से हाथ खड़े कर दिए। सहायक निदेशक लेखा ने इसे नकारते हुए 4 मार्च तक कार्ययोजना मांगी है। सर्वोदयी नेता लक्ष्मण सिंह ने पंाचाल घाट पर बिजली शवदाह गृह की मांग बुलंद की थी। वह दो साल से आंदोलन कर रहे थे। उनकी पहल पर बिजली शवदाह गृह के लिए सांसद मुकेश राजपूत ने 50 लाख रुपया देने के
लिए, सदर विधायक विजय सिंह व एमएलसी मनोज अग्रवाल ने 25-25 लाख रुपये देने के लिए हामी भरी है। बाकी पैसा शासन लगाएगा। लक्ष्मण सिंह ने 48 घंटे बंधा पर आमरण अनशन भी किया था। इसके बाद कार्रवाई शुरू हुई थी। उन्होंने शवदाह गृह की लड़ाई जीतने पर सभी क ा आभार जताया है। उन्हाेंने कहा कि अगली लड़ाई भूमि अधिग्रहण व गंगा में गिरने वाले गंदे नालाें को खिलाफ लड़ी जाएगी।
बिजली शवदाह गृह 26 स्क्वायर फिट में 2 करोड़ 20 लाख रुपये की लागत से बनेगा। इसमें दो भट्ठियां हाेंगी। इनके लिए 415 वोल्ट थ्री फेज लाइट मिलेगी। बिजली न होने पर जनरेटर का इंतजाम रहेगा। जनरेटर के डीजल का पैसा मृतक के परिजनाें से लिया जाएगा। अंत्येष्टि के लिए 550 रुपये की रसीद कटेगी। आधा घंटे में अंत्येष्टि होगी। अभी करीब 8 हजार रुपये खर्च के बाद तीन से चार घंटे में अंत्येष्टि होती है।
स्थानीय निकाय निदेशक ने पालिका से कार्ययोजना मांगी थी। पालिका ने पांचाल घाट को पालिका सीमा में न होने की बात कह कर प्रस्ताव देने से हाथ खड़े कर दिए। सहायक निदेशक लेखा ने इसे नकारते हुए 4 मार्च तक कार्ययोजना मांगी है। सर्वोदयी नेता लक्ष्मण सिंह ने पंाचाल घाट पर बिजली शवदाह गृह की मांग बुलंद की थी। वह दो साल से आंदोलन कर रहे थे। उनकी पहल पर बिजली शवदाह गृह के लिए सांसद मुकेश राजपूत ने 50 लाख रुपया देने के
लिए, सदर विधायक विजय सिंह व एमएलसी मनोज अग्रवाल ने 25-25 लाख रुपये देने के लिए हामी भरी है। बाकी पैसा शासन लगाएगा। लक्ष्मण सिंह ने 48 घंटे बंधा पर आमरण अनशन भी किया था। इसके बाद कार्रवाई शुरू हुई थी। उन्होंने शवदाह गृह की लड़ाई जीतने पर सभी क ा आभार जताया है। उन्हाेंने कहा कि अगली लड़ाई भूमि अधिग्रहण व गंगा में गिरने वाले गंदे नालाें को खिलाफ लड़ी जाएगी।