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फर्रुखाबाद: चार डॉक्टरों सहित पांच का वेतन रोका
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पीएचसी भोलेपुर में बीपी चेक कराते सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार। संवाद
- फोटो : FARRUKHABAD
फर्रुखाबाद। प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को लगे आरोग्य मेलों में डॉक्टरों की लापरवाही खुलकर सामने आ गई। सीएमओ को तीन डॉक्टर और एक कर्मचारी अनुपस्थित मिले, जबकि एक डॉक्टर ओपीडी छोड़कर आराम फरमाते मिले। सीएमओ ने उनका वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण तलब किया है।
जिले में शहर के चार और ग्रामीण क्षेत्र के 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। सीएमओ की चेतावनी के बावजूद व्यवस्थाएं पुराने ढर्रे पर ही चल रही हैं। शहर से सटी पीएचसी रमन्ना गुुलजार बाग में डॉ. ऋषिनाथ गुप्ता 10:30 पहुंचे और हाजिरी लगाकर 15 मिनट में ही चले गए। यहां आए 67 मरीजों को फार्मासिस्ट संजीव शाक्य ने देखकर दवा दी।
इनमें दाद, खाज के अलावा जुकाम-बुखार के भी मरीज थे। एलटी अंकित के न आने से मरीजों की जांच नहीं हो पा रही है। शहर की पीएचसी साहबगंज में डॉ. अंजुला गोस्वामी के न पहुंचने से फार्मासिस्ट रत्नेश ने मरीज देखे। एलटी आदर्श ने 11 मरीजों की जांच की। रकाबगंज पीएचसी में डॉ. शोभा सक्सेना ने 24 मरीज देखकर दवाएं दिलवाई।
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सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने संकिसा पीएचसी का निरीक्षण किया। यहां डॉ. प्रभात त्रिपाठी व स्वीपर संतोष गैर हाजिर मिले। खिमसेपुर पीएचसी पहुंचे तो डॉ. गौरव कटियार व डॉ. विधात्री मिश्रा अनुपस्थित थीं। डॉ. राजीव कटियार ओपीडी छोड़कर आराम फरमाते मिले। सीएमओ ने बताया कि उन्होंने चारों डॉक्टरों और स्वीपर का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण तलब किया है।
भोलेपुर पीएचसी पर दोपहर एक बजे तक 16 मरीज पहुंचे। डीएम के निरीक्षण की भनक लगते ही करीब 20 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पहुंच गईं। मरीज देखने के बाद डॉ. श्वेता ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बुलाया और कहा कि कितने मरीज लाई हो तो एक-दूसरे का मुंह ताकने लगीं।
इसी बीच सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार पहुंचे। उन्होंने उपकरण की सक्रियता देखने के लिए डॉक्टर से बीपी चेक कराया और एलटी विनय से शुगर की जांच कराई। डॉ. श्वेता सिंह ने बताया कि पांच एएनएम के सहयोग के लिए 30 आशा कार्यकर्ता हैं।
इनमें आठ ही आती हैं। 22 आशा बरौन सीएचसी पर काम कर रही हैं। आरोग्य मेले में एक भी आशा कार्यकर्ता नहीं आतीं। संविदा पर तैनात फार्मासिस्ट अखिलेश, स्टाफ नर्स आदि किसी को दो माह से मानदेय और पिछले एरियर का भुगतान नहीं किया गया। इस पर सीएमओ ने एनएचएम के नगरीय प्रभारी राजीव पाठक को फोन कर फटकार लगाई। आशा कार्यकर्ताओं को भेजने और कर्मचारियों के भुगतान करने के निर्देश दिए।
शमसाबाद। क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आरोग्य मेले में भी डॉक्टर की तैनाती नहीं की गई। फार्मासिस्ट कमलेश के स्थानांतरण के बाद से पीएचसी बंद है। रविवार को सीएचसी शमसाबाद के फार्मासिस्ट राजीव कुमार की ड्यूटी लगाकर आरोग्य मेले की औपचारिकता पूरी की गई। उन्होंने 32 मरीजों को देखकर दवा दी। पीएचसी फैजबाग में डॉ. कल्पना कटियार ने 21 मरीज देखे। फार्मासिस्ट वीरेंद्र कुमार ने दवा दी। एलटी न आने से मरीजों की जांच नहीं हो सकी। सीएमओ ने बताया कि चिलसरा पीएचसी संचालित करने के लिए फार्मासिस्ट नरेंद्र की तैनाती के निर्देश दे दिए हैं। (संवाद)
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जिले में शहर के चार और ग्रामीण क्षेत्र के 28 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर रविवार को मुख्यमंत्री आरोग्य मेले का आयोजन किया गया। सीएमओ की चेतावनी के बावजूद व्यवस्थाएं पुराने ढर्रे पर ही चल रही हैं। शहर से सटी पीएचसी रमन्ना गुुलजार बाग में डॉ. ऋषिनाथ गुप्ता 10:30 पहुंचे और हाजिरी लगाकर 15 मिनट में ही चले गए। यहां आए 67 मरीजों को फार्मासिस्ट संजीव शाक्य ने देखकर दवा दी।
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इनमें दाद, खाज के अलावा जुकाम-बुखार के भी मरीज थे। एलटी अंकित के न आने से मरीजों की जांच नहीं हो पा रही है। शहर की पीएचसी साहबगंज में डॉ. अंजुला गोस्वामी के न पहुंचने से फार्मासिस्ट रत्नेश ने मरीज देखे। एलटी आदर्श ने 11 मरीजों की जांच की। रकाबगंज पीएचसी में डॉ. शोभा सक्सेना ने 24 मरीज देखकर दवाएं दिलवाई।
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सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने संकिसा पीएचसी का निरीक्षण किया। यहां डॉ. प्रभात त्रिपाठी व स्वीपर संतोष गैर हाजिर मिले। खिमसेपुर पीएचसी पहुंचे तो डॉ. गौरव कटियार व डॉ. विधात्री मिश्रा अनुपस्थित थीं। डॉ. राजीव कटियार ओपीडी छोड़कर आराम फरमाते मिले। सीएमओ ने बताया कि उन्होंने चारों डॉक्टरों और स्वीपर का वेतन रोकते हुए स्पष्टीकरण तलब किया है।
भोलेपुर पीएचसी पर दोपहर एक बजे तक 16 मरीज पहुंचे। डीएम के निरीक्षण की भनक लगते ही करीब 20 आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पहुंच गईं। मरीज देखने के बाद डॉ. श्वेता ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को बुलाया और कहा कि कितने मरीज लाई हो तो एक-दूसरे का मुंह ताकने लगीं।
इसी बीच सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार पहुंचे। उन्होंने उपकरण की सक्रियता देखने के लिए डॉक्टर से बीपी चेक कराया और एलटी विनय से शुगर की जांच कराई। डॉ. श्वेता सिंह ने बताया कि पांच एएनएम के सहयोग के लिए 30 आशा कार्यकर्ता हैं।
इनमें आठ ही आती हैं। 22 आशा बरौन सीएचसी पर काम कर रही हैं। आरोग्य मेले में एक भी आशा कार्यकर्ता नहीं आतीं। संविदा पर तैनात फार्मासिस्ट अखिलेश, स्टाफ नर्स आदि किसी को दो माह से मानदेय और पिछले एरियर का भुगतान नहीं किया गया। इस पर सीएमओ ने एनएचएम के नगरीय प्रभारी राजीव पाठक को फोन कर फटकार लगाई। आशा कार्यकर्ताओं को भेजने और कर्मचारियों के भुगतान करने के निर्देश दिए।
शमसाबाद। क्षेत्र के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर आरोग्य मेले में भी डॉक्टर की तैनाती नहीं की गई। फार्मासिस्ट कमलेश के स्थानांतरण के बाद से पीएचसी बंद है। रविवार को सीएचसी शमसाबाद के फार्मासिस्ट राजीव कुमार की ड्यूटी लगाकर आरोग्य मेले की औपचारिकता पूरी की गई। उन्होंने 32 मरीजों को देखकर दवा दी। पीएचसी फैजबाग में डॉ. कल्पना कटियार ने 21 मरीज देखे। फार्मासिस्ट वीरेंद्र कुमार ने दवा दी। एलटी न आने से मरीजों की जांच नहीं हो सकी। सीएमओ ने बताया कि चिलसरा पीएचसी संचालित करने के लिए फार्मासिस्ट नरेंद्र की तैनाती के निर्देश दे दिए हैं। (संवाद)