फर्रुखाबाद। बच्चे ही देश का भविष्य हैं। खास बात यह कि गांव के बच्चे भी प्रतिभा, हुनर व अपने साहस के दम पर कामयाबी के साथ सफलता का आसमान चूम रहे हैं। बालपन में ही अपनी उपलब्धियों का डंका मोहनी और विशाल ने बजाया है। मोहिनी ने सामाजिक सरोकार के लिए ऐसी मुहिम छेड़ी कि ढोल की गूंज से जनतांत्रिक मूल्य खिल उठे। वहीं विशाल ने अपनी वैज्ञानिक सोच व प्रतिभा के बल पर मिसाइल भी उड़ा दी। तभी तो बेसिक शिक्षा समुदाय इन बच्चों पर नाज कर रहा है और कह रहा है वाह! बच्चे हैं तो क्या हुआ, इन्होंने तो कर दिया कमाल।
अपनी ऊंची सोच व नेतृत्व कौशल की छाप छोड़ने वाली राजेपुर ब्लाक के उच्च प्राथमिक विद्यालय महमदपुर गढ़िया की कक्षा 7 की छात्रा मोहनी को पिछले वर्ष जनपद स्तर पर पावर एंजिल (शक्ति परी) चुना गया था। उन्होंने जनतांत्रिक मूल्यों की अलख जगाने के लिए मीना मंच की टोली बनाई। लोकसभा चुनाव में नए तरीके से मतदाताओं को जागरूक करने का बीड़ा उठाया। ढोल बजाने वाले ने 400 रुपये मांगे तो मोहिनी ने अपनी गोलक तोड़ दी। पहले दिन रुपये देकर ढोल वाले को मना कर दिया। ढोल वादक ने पूछा कि तुम्हे इसके कितने पैसे मिले। मोहिनी ने कहा कि किसी से पैसे नहीं मिले मैंने तो अपनी गुल्लक तोड़ कर तुम्हे पैसा दिया। इस पर ढोल बजाने वाले बलीराम ने रुपये वापस कर दिए और बिना पैसे लिए ढोल बजाकर टोली के साथ सोच समझकर वोट डालने व मताधिकार का प्रयोग अवश्य करने के लिए निकटवर्ती तेराखास, कनकापुर, दहेलिया, महमदपुर गढ़िया सहित कई गांवों में जागरूकता की अलख जगाई। स्कूल में जलभराव व बाउंड्रीवाल के लिए जिला मुख्यालय आकर अधिकारियों को समस्या बताई। नमामि गंगे कार्यक्रम में सीडीओ ने इस शक्ति परी छात्रा के जज्बे को सलाम किया।