फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   तीन मौतों से गंगा टोला में मचा कोहराम

तीन मौतों से गंगा टोला में मचा कोहराम

Tue, 30 Apr 2019 10:50 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Tue, 30 Apr 2019 10:50 PM IST
विज्ञापन
तीन मौतों से गंगा टोला में मचा कोहराम
फर्रुखाबाद मार्ग पर हुए भीषण सड़क हादसे ने दो परिवारों की खुशियों को पल भर में ही बिखेर कर रख दिया। दो सगे भाइयों मुबीन, यामीन पुत्रगण इदरीश व उनके चचेरे चाचा अली मोहम्मद पुत्र बादशाह की मौत की खबर जैसे गंगा टोला में घर पहुंची तो कोहराम मच गया।
विज्ञापन



अपनों को खोने के गम में बस सबकी आंखों से आंसू बह रहे थे। उनके घर के पास गली में भीड़ लग गई। सभी लोग बस दर्दनाक घटना को कोस रहे थे। हादसे में दो पुत्राें यामीन और मुबीन की मौत की खबर सुनते ही पिता इदरीश व माता बिंदू बेगम बेसुध हो गईं।
विज्ञापन



गरीबी में माता-पिता ने मेहनत मजदूरी कर बेटों का पालन किया था। बूढ़े मां-बाप को सहारा देने के लिए दोनों भाई बाजार में फल व सब्जी आदि की ठेली लगाकर गुजर बसर कर रहे थे। परिवार में सब ठीक चल रहा था। एक माह बाद ईद पर यामीन की शादी मैनपुरी के कुरावली गांव में होनी थी।
विज्ञापन
विज्ञापन



घर में खुशियों का माहौल था। शादी की तैयारियां चल रही थीं। यामीन अपने जर्जर कच्चे मकान को तोड़कर मेहनत म ?जदूरी कर निर्माण करा रहा था। यामीन व मुबीन की मौत से परिवार की सारी खुशियां बिखर गईं।


वहीं अली मोहम्मद पुत्र बादशाह की मौत से तीन बच्चों रूबी (8), मोहम्मद हसन (6), लाडो (4) के सिर से पिता का सहारा छीन गया। मासूम बच्चों के चेहरों पर दर्द की लकीरें साफ देखी जा सकती हैं। परिजनों को रोता देख बच्चे भी अपने आंसू नहीं रोक पाए।


मां जैनब बेगम अपने बेटे की मौत की खबर ो सुनते ही बेहोश हो गईं। अली मोहम्मद ठेली पर खीरा -ककड़ी बेचकर पत्नी व बच्चों का पालन पोषण करता था। अली मोहम्मद पांच भाइयों में चौथे नंबर का था। सबसे बड़ा ईद मोहम्मद, लालमन, नासिर, अली मोहम्मद सबसे छोटा भाई गुल मोहम्मद दिव्यांग है। पत्नी फरजाना बेगम का रो-रो कर बुरा हाल है।


कोतवाली क्षेत्र के लहरा गांव निवासी सर्वेश आम की बागवानी करते थे। उनका बड़ा पुत्र सचिन दिल्ली में प्राइवेट नौकरी करता है। सचिन की 12 मई को शादी है। घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं। सर्वेश अपने साढ़ूू के गांव किंदर नगला में कार्ड बांटने गए थे।


साइकिल खराब होने पर उन्होंने अपनी साइकिल वहीं छोड़ दी और साढ़ूू के पुत्र के ई-रिक्शा से कायमगंज तक आ गए। गांव जाने के लिए पुल गालिब तिराहे पर खड़े थे। सुबह के समय उन्हें यह टेंपो जाता मिला तो वह उसी में बैठ गए थे। सर्वेश की मौत की सूचना मिलते ही घर मे कोहराम मच गया।



परिवार वाले घटना स्थल की ओर रवाना हुए तो बताया गया कि सर्वेश का शव फर्रुखाबाद भेज दिया गया है। उनके दो पुत्र सचिन (25) व रजत (17) पुत्री दीक्षा (19) दिव्या (22) हैं। दिव्या की शादी हो चुकी है। सर्वेश की अचानक मौत से बेटे सचिन की शादी की खुशियां मातम में बदल गईं।


चार मौतों से दो परिवारों पर टूटा गम का पहाड़

फर्रुखाबाद मार्ग पर हुआ भीषण हादसा, तीन भाई थे यामीन और मुबीन
विज्ञापन
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय Hindi News वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें हर राज्य और शहर से जुड़ी क्राइम समाचार की
ब्रेकिंग अपडेट।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed