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गांवों के यात्रियों की खेवनहार बनी निजी बसें
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फर्रुखाबाद। दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, हरियाणा में रह रहे लोगों की 25 मार्च लॉकडाउन के साथ शुरू हुई मुसीबत कदम-कदम पर जारी रही। बीते 24 घंटे में यहां पहुंची करीब 38 रोडवेज बसें करीब चार हजार यात्री लेकर आईं। जिला समेत पड़ोसी जनपदों तक इन्हें पहुंचाना प्रशासन को चुनौती बनीं। ऐसे में निजी बसें और डग्गामार वाहन ही इनके लिए खेवनहार बन गए। पुलिस-प्रशासन ने खड़े होकर इन्हें भरवाया और परेशान यात्रियों को गंतव्य तक पहुंचाया।
रोडवेज डिपो ने 38 बसों को शनिवार सुबह से देर रात तक दिल्ली भेजा था। ये बसें रविवार शाम तक यात्रियों को लेकर यहां पहुंचती रहीं। गैर डिपो की भी करीब 20 बसों के यहां भेजा गया। रोडवेज पर हजारों की भीड़ को कम करने के लिए पुलिस-प्रशासन ने चौबीस घंटे मशक्कत की। शहर भर से निजी बस संचालकों को बुलाकर उनके वाहनों को लगाया गया। हरदोई, शाहजहांपुर, बेवर, कन्नौज, मैनपुरी, कलान, बरेली आदि रूटों पर इन्हें भेजा गया। रविवार शाम तक बसों का आना जारी रहा। लोकलमार्गों पर रोडवेज की पांच-छह बसों को ही भेजा गया। घरों तक पहुंचने के लिए वाहन मिलने से परेशान यात्रियों ने राहत की सांस ली।
कुछ टेंपो चालकों ने भी उठाया फायदा
कुछ चालाक टेंपो चालकों ने भी पैदल आ रही सवारियों को बैठा लिया। चौराहों-तिराहों पर तैनात पुलिस कर्मियों तक पहुंचने से पहले ही उन्हें उतार दिया। इस दूरी तक उनसे 10-20 रुपये प्रति सवारी वसूले गए। नन्हें बच्चों के साथ आ रहे परिवार के लोग खासे परेशान रहे।
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गांव में गैर जनपदों से आने वालों की होगी अलग व्यवस्था
फर्रुखाबाद। कोरोना वायरस की रोकथाम व नियंत्रण में बरती गई लापरवाही का मुख्य सचिव ने संज्ञान लिया है। उन्होंने गांवों में गैर प्रांतों व जनपदों से वापस आने वाले लोगों को अलग ठहराने के लिए चयनित स्थानों की सूची तलब की है।
शासन के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी डा.राजेंद्र पैंसिया ने जिला विकास अधिकारी व डीपीआरओ के नेतृत्व में बीडीओ व एडीओ को सभी ग्राम पंचायतों क्वारनटीन के लिए स्थल चिह्नित करने के आदेश दिए। उन्होंने सोमवार शाम पांच बजे तक चिह्नित स्थलों की सूची मांगी है। इसके साथ ही सभी बीडीओ को कर्मचारियों के अवकाश न देने के साथ जमीनी स्तर पर काम करने के निर्देश दिए। सोशल डिस्टेंसिंग (निर्धारित दूरी) के लिए दो बिस्तरों के बीच न्यूनतम एक मीटर दूरी रखकर क्वारंटीन प्रोटोकाल का पालन किया जाए। बाहर से आये व्यक्तियों के भोजन की व्यवस्था ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत सचिव के नेतृत्व में उनके घर से या स्वयं करने को कहा गया है। निर्धारित स्थल पर बाल्टी, साबुन, मग व तौलिया की व्यवस्था करने को कहा गया है।
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रोडवेज डिपो ने 38 बसों को शनिवार सुबह से देर रात तक दिल्ली भेजा था। ये बसें रविवार शाम तक यात्रियों को लेकर यहां पहुंचती रहीं। गैर डिपो की भी करीब 20 बसों के यहां भेजा गया। रोडवेज पर हजारों की भीड़ को कम करने के लिए पुलिस-प्रशासन ने चौबीस घंटे मशक्कत की। शहर भर से निजी बस संचालकों को बुलाकर उनके वाहनों को लगाया गया। हरदोई, शाहजहांपुर, बेवर, कन्नौज, मैनपुरी, कलान, बरेली आदि रूटों पर इन्हें भेजा गया। रविवार शाम तक बसों का आना जारी रहा। लोकलमार्गों पर रोडवेज की पांच-छह बसों को ही भेजा गया। घरों तक पहुंचने के लिए वाहन मिलने से परेशान यात्रियों ने राहत की सांस ली।
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कुछ टेंपो चालकों ने भी उठाया फायदा
कुछ चालाक टेंपो चालकों ने भी पैदल आ रही सवारियों को बैठा लिया। चौराहों-तिराहों पर तैनात पुलिस कर्मियों तक पहुंचने से पहले ही उन्हें उतार दिया। इस दूरी तक उनसे 10-20 रुपये प्रति सवारी वसूले गए। नन्हें बच्चों के साथ आ रहे परिवार के लोग खासे परेशान रहे।
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गांव में गैर जनपदों से आने वालों की होगी अलग व्यवस्था
फर्रुखाबाद। कोरोना वायरस की रोकथाम व नियंत्रण में बरती गई लापरवाही का मुख्य सचिव ने संज्ञान लिया है। उन्होंने गांवों में गैर प्रांतों व जनपदों से वापस आने वाले लोगों को अलग ठहराने के लिए चयनित स्थानों की सूची तलब की है।
शासन के निर्देश पर मुख्य विकास अधिकारी डा.राजेंद्र पैंसिया ने जिला विकास अधिकारी व डीपीआरओ के नेतृत्व में बीडीओ व एडीओ को सभी ग्राम पंचायतों क्वारनटीन के लिए स्थल चिह्नित करने के आदेश दिए। उन्होंने सोमवार शाम पांच बजे तक चिह्नित स्थलों की सूची मांगी है। इसके साथ ही सभी बीडीओ को कर्मचारियों के अवकाश न देने के साथ जमीनी स्तर पर काम करने के निर्देश दिए। सोशल डिस्टेंसिंग (निर्धारित दूरी) के लिए दो बिस्तरों के बीच न्यूनतम एक मीटर दूरी रखकर क्वारंटीन प्रोटोकाल का पालन किया जाए। बाहर से आये व्यक्तियों के भोजन की व्यवस्था ग्राम प्रधान व ग्राम पंचायत सचिव के नेतृत्व में उनके घर से या स्वयं करने को कहा गया है। निर्धारित स्थल पर बाल्टी, साबुन, मग व तौलिया की व्यवस्था करने को कहा गया है।