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Farrukhabad News: आरोग्य मंदिर खुद बीमार, कैसे हो मरीजों का उपचार
Thu, 25 Sep 2025 01:10 AM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
संवाद न्यूज एजेंसी, फर्रूखाबाद
Updated Thu, 25 Sep 2025 01:10 AM IST
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फोटो-10, आरोग्य मंदिर श्यामनगर में बड़ी मात्रा में रखी जांच सामग्री। संवाद
फर्रुखाबाद। शहर के आरोग्य मंदिर अव्यवस्थाओं की बीमारी से जूझ रहे हैं। इनमें कहीं डॉक्टर तो कहीं स्टाफ गायब है। कई दिन तक ताले नहीं खुलते। इससे मरीजों की जांच नहीं हो पा रही है। उन्हें उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग की फाइलों में शहर में 12 आयुष्मान आरोग्य मंदिर (हेल्थ वेलनेस सेंटर) संचालित दिखाए जा रहेे हैं। इनमें आरोग्य मंदिर मछली टोला, बंधौआ, नरायनपुर, श्याम नगर, घोड़ा नखास, रायदीपचंद्र, हाता रोशन खां, बेवर रोड भोलेपुर, लाल दरवाजा, बाग रुस्तम, बीबीगंज, बजरिया जाफर खां शामिल हैं।
स्वास्थ्य सेवाओं पर नजर डालें तो इसकी हकीकत काफी अलग है। हाल ही में 23 डॉक्टरों की संविदा पर भर्ती होने के बावजूद हालात नहीं सुधरे। इन सेंटरों पर डॉक्टर से लेकर सहायक स्टाफ मनमानी ड्यूटी कर रहे हैं।
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14 प्रकार की जांचों के आदेश पर नहीं हैं एलटी
आरोग्य मंदिरों पर 14 प्रकार की जांच करने के आदेश हैं। किसी भी केंद्र पर एलटी की तैनाती नहीं है। इसके बावजूद सीएमएसडी स्टोर से कमीशन के खेल में लाखों रुपये की जांच सामग्री खरीदी जाती है। यह जांच सामग्री वितरण के बाद आरोग्य मंदिर में डंप हो जाती है। इससे मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है।
झाड़ू लगाने के बाद बंद कर दिया जाता आरोग्य मंदिर भोलेपुर
दोपहर दो बजे आरोग्य मंदिर भोलेपुर में ताला लगा मिला। स्थानीय लोगों ने बताया कि यदा-कदा कुछ देर के लिए खोलकर झाड़ू लगाने के बाद बंद कर दिया जाता है। नगरीय आरोग्य मंदिर श्याम नगर में दोपहर एक बजे डॉ.रविरतन अकेले बैठे मिले।
सहायक स्टाफ व क्लीनर गायब थे। परिसर में घास व झाड़ियां खड़ी थीं। स्टोर में बड़ी तादाद में जांच सामग्री डंप थी। फार्मासिस्ट, एलटी, स्टाफ नर्स व एएनएम की तैनाती नहीं है। इससे कुछ जांचों को छोड़कर शेष सामग्री निष्प्रयोज्य साबित हो रही है।
कुछ देर बाद सहायक स्टाफ जया द्विवेदी पहुंचीं तो उन्होंने बताया कि थोड़ी देर के लिए काम से गई थीं। डॉक्टर ने बताया कि अकेले ही जितने मरीजों का सहयोग कर सकते हैं, वह कर रहे हैं। बिना एलटी के सभी जांचें नहीं की जा सकती हैं। अन्य आरोग्य मंदिरों में भी डॉक्टर व स्टाफ की मनमानी ड्यूटी से मरीजों को लाभ नहीं मिल रहा है।
आरोग्य मंदिरों का निरीक्षण कर अनुपस्थित मिलने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। व्यवस्था सुधारने का प्रयास किया जाएगा। -डॉ.सर्वेश यादव, एसीएमओ-नोडल अधिकारी
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स्वास्थ्य विभाग की फाइलों में शहर में 12 आयुष्मान आरोग्य मंदिर (हेल्थ वेलनेस सेंटर) संचालित दिखाए जा रहेे हैं। इनमें आरोग्य मंदिर मछली टोला, बंधौआ, नरायनपुर, श्याम नगर, घोड़ा नखास, रायदीपचंद्र, हाता रोशन खां, बेवर रोड भोलेपुर, लाल दरवाजा, बाग रुस्तम, बीबीगंज, बजरिया जाफर खां शामिल हैं।
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स्वास्थ्य सेवाओं पर नजर डालें तो इसकी हकीकत काफी अलग है। हाल ही में 23 डॉक्टरों की संविदा पर भर्ती होने के बावजूद हालात नहीं सुधरे। इन सेंटरों पर डॉक्टर से लेकर सहायक स्टाफ मनमानी ड्यूटी कर रहे हैं।
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14 प्रकार की जांचों के आदेश पर नहीं हैं एलटी
आरोग्य मंदिरों पर 14 प्रकार की जांच करने के आदेश हैं। किसी भी केंद्र पर एलटी की तैनाती नहीं है। इसके बावजूद सीएमएसडी स्टोर से कमीशन के खेल में लाखों रुपये की जांच सामग्री खरीदी जाती है। यह जांच सामग्री वितरण के बाद आरोग्य मंदिर में डंप हो जाती है। इससे मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल पा रहा है।
झाड़ू लगाने के बाद बंद कर दिया जाता आरोग्य मंदिर भोलेपुर
दोपहर दो बजे आरोग्य मंदिर भोलेपुर में ताला लगा मिला। स्थानीय लोगों ने बताया कि यदा-कदा कुछ देर के लिए खोलकर झाड़ू लगाने के बाद बंद कर दिया जाता है। नगरीय आरोग्य मंदिर श्याम नगर में दोपहर एक बजे डॉ.रविरतन अकेले बैठे मिले।
सहायक स्टाफ व क्लीनर गायब थे। परिसर में घास व झाड़ियां खड़ी थीं। स्टोर में बड़ी तादाद में जांच सामग्री डंप थी। फार्मासिस्ट, एलटी, स्टाफ नर्स व एएनएम की तैनाती नहीं है। इससे कुछ जांचों को छोड़कर शेष सामग्री निष्प्रयोज्य साबित हो रही है।
कुछ देर बाद सहायक स्टाफ जया द्विवेदी पहुंचीं तो उन्होंने बताया कि थोड़ी देर के लिए काम से गई थीं। डॉक्टर ने बताया कि अकेले ही जितने मरीजों का सहयोग कर सकते हैं, वह कर रहे हैं। बिना एलटी के सभी जांचें नहीं की जा सकती हैं। अन्य आरोग्य मंदिरों में भी डॉक्टर व स्टाफ की मनमानी ड्यूटी से मरीजों को लाभ नहीं मिल रहा है।
आरोग्य मंदिरों का निरीक्षण कर अनुपस्थित मिलने वाले कर्मचारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। व्यवस्था सुधारने का प्रयास किया जाएगा। -डॉ.सर्वेश यादव, एसीएमओ-नोडल अधिकारी

फोटो-10, आरोग्य मंदिर श्यामनगर में बड़ी मात्रा में रखी जांच सामग्री। संवाद

फोटो-10, आरोग्य मंदिर श्यामनगर में बड़ी मात्रा में रखी जांच सामग्री। संवाद