{"_id":"7f6e463f054d14ce6638211b8b3a16a5","slug":"apni-nagaria-wet-drizzle-of-ram-hindi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"बूंदाबांदी में भीगी राम की नगरिया","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बूंदाबांदी में भीगी राम की नगरिया
अमर उजाला ब्यूरो, फर्रुखाबाद
Updated Mon, 22 Feb 2016 01:11 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
पतित पावनी मां भागीरथी के तट पर लगने वाले मेला श्री रामनगरिया में कल्पवास कर रहे श्रद्धालुओं की राउटियां बूंदाबांदी में भीग गईं। राउटी के अंदर पानी न पहुंचे, इसकेे लिए कल्पवासियों को मशक्कत करनी पड़ी। शनिवार दोपहर से हो रही बूंदाबांदी रविवार रात तक जारी रही। हल्की बरसात में भीगी राउटियों में ठंड के कारण कल्पवासी दुबके रहे। रविवार सुबह आसमान में बदली छाने से लोग बरसात होने की संभावना जता रहे थे, लेकिन सुबह 10 बजे धूप निकलते ही लोगों ने राहत की सांस ली। मेला क्षेत्र में बूंदाबांदी के कारण लोगों के न पहुंचने से झूले खाली रहे।
रविवार को गुलजार हुई रामनगरिया
मेला रामनगरिया में रविवार को खिली धूप के चलते लोगों के कदम मेले की ओर निकल पड़े। भीड़ के चलते पूरे दिन पांचाल घाट पर जाम की स्थित बनी रही। रविवार को लोगों के बड़ी संख्या में मेले में पहुंचने से मेला गुलजार हो गया। श्रद्धालुओं की भीड़ के कारण पांचाल घाट से लेकर जमापुर मोड़ तक वाहनों की कतारें लगी रहीं।
सोमवार को माघ पूर्णिमा होने से लोगों का गंगा स्नान के लिए रविवार शाम से ही आने का सिलसिला शुरू हो गया। मेले के बाजारों में उमड़ी भीड़ से कहीं पैर रखने तक को जगह नहीं थी। एक-दूसरे से टकराते हुए लोगों ने बाजारों में खरीददारी की। भीड़ पहुंचने के कारण दुकानदारों के चेहरों पर मुस्कान बिखरी रही। मेला क्षेत्र में जहां एक ओर जहां भक्ति की बयार बही। वहीं फिल्मी गीतों और लाउडस्पीकरों के शोर-शराबे में लोग मगन दिखे।
विज्ञापन
नेशनल ग्रीन कोर के पदाधिकारियों ने की सफाई
फर्रुखाबाद स्वच्छता अभियान के तहत नेशनल ग्रीन कोर पदाधिकारियों ने पांचाल घाट स्थित दुर्वाषा ऋषि आश्रम व गंगा घाट पर सफाई अभियान चलाया। संस्थापक अध्यक्ष रोहित व सचिव बीना जालान ने लोगों से गंगा को स्वच्छ बनाने के लिए सप्ताह में एक दिन दो घंटे का श्रमदान करने की अपील की। इस अवसर पर आलोक श्रीवास्तव, सतीश यादव ने भी सफाई के साथ पौधरोपण करने की अपील की।
सांस्कृतिक पंडाल में हुआ मानस सम्मेलन
मेले के सांस्कृतिक पंडाल में शनिवार की देर रात मानस सम्मेलन में मानस मर्मज्ञ ने मानस की एक- एक चौपाई को संगीत में लयबद्ध कर भावार्थ की व्याख्या की। सम्मेलन में आए विद्वानों ने मानस की बारीकियों को विस्तार से समझाया।
हिला दे दिल जो दुश्मन का, वह ललकार बनना है
मेले के वैदिक क्षेत्र में रविवार को कवि सम्मेलन हुआ। सम्मेलन में सरस्वती पुत्रों ने विभिन्न रसों में श्रोताओं को डुबो दिया। अलीगढ़ से आए ओज कवि धर्मेश अविचल ने हंसी ठिठोली कुमकुम रोली बिंदी पायल की झंकार, मानवता की रक्षा हो अब कलम बने ऐसी हथियार.. सुनाकर श्रोताओं में जोश का संचार किया। भरतपुर (राजस्थान) से आए चंद्रभान ने हम शिखरों से गिरकर आए, हमको कौन संभालेगा... सुनाकर जनमानस का ध्यान अपनी ओर आकृष्ट किया। शाजापुर (एमपी) से आए पंडित अशोक नागर ने हर एक घर के अंधेरे में किरन कैसे आएगी, हर एक भाई के घर बहन कैसे आएगी... कविता प्रस्तुत कर समाज में बढ़ रही भ्रूण हत्याओं की ओर ध्यान खींचा।
गीता भारद्वाज ने तुम्हें पायल नहीं बनना, तुम्हें तलवार बनना है, हिला दे दिल जो दुश्मन का वह ललकार बनना है... सुनाकर नारी की शक्ति को परिभाषित किया। गाजियाबाद के स्वदेश यादव, राजस्थान के सोमदत्त व्यास, मथुरा की सुधा अरोड़ा, मथुरा के सूरजपाल बैनीवाल, आगरा की चेतना शर्मा आदि ने काव्य पाठ कर श्रोताओं की तालियां बंटोरी। कवि सम्मेलन का उद्घाटन सपा विधायक नरेंद्र सिंह यादव व विधायक प्रतिनिधि राजेश पाठक ने दीप प्रज्जवलित कर किया। सम्मेलन में डा. हरिदत्त द्विवेदी, डा. शिवराम आर्य, प्रमोद यादव, मुन्ना यादव, सीमा यादव, उदिता आर्या, सोहित, आचार्य चंद्रदेव शास्त्री आदि मौजूद रहे।
विधिक जानकारी को जागरूक हों-एडीजे
उत्तर प्रदेश राज्य विधिक प्राधिकरण द्वारा मेला के सांस्कृ़तिक पंडाल में रविवार को विधिक साक्षरता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए अध्यक्ष एवं अपर जिला जज आलोक पांडेय ने लोगों को विधिक जानकारी करने की सलाह दी। कार्यक्रम में रविंद्र कुमार श्रीवास्तव, साजिया नाजिर जैदी, अनुतोष कुमार शर्मा, राजीव रंजन, अतीक घोष, मोहम्मद आरिफ खां, जवाहर सिंह गंगवार, महेश चंद्र यादव, कामता प्रसाद राजपूत, चंद्रशेखर वर्मा, वीना वर्मा, दीपक दुबे, स्नेहलता शाक्य, धर्मपाल सिंह, सरिता दुबे आदि मौजूद रहे।
विज्ञापन
रविवार को गुलजार हुई रामनगरिया
मेला रामनगरिया में रविवार को खिली धूप के चलते लोगों के कदम मेले की ओर निकल पड़े। भीड़ के चलते पूरे दिन पांचाल घाट पर जाम की स्थित बनी रही। रविवार को लोगों के बड़ी संख्या में मेले में पहुंचने से मेला गुलजार हो गया। श्रद्धालुओं की भीड़ के कारण पांचाल घाट से लेकर जमापुर मोड़ तक वाहनों की कतारें लगी रहीं।
विज्ञापन
सोमवार को माघ पूर्णिमा होने से लोगों का गंगा स्नान के लिए रविवार शाम से ही आने का सिलसिला शुरू हो गया। मेले के बाजारों में उमड़ी भीड़ से कहीं पैर रखने तक को जगह नहीं थी। एक-दूसरे से टकराते हुए लोगों ने बाजारों में खरीददारी की। भीड़ पहुंचने के कारण दुकानदारों के चेहरों पर मुस्कान बिखरी रही। मेला क्षेत्र में जहां एक ओर जहां भक्ति की बयार बही। वहीं फिल्मी गीतों और लाउडस्पीकरों के शोर-शराबे में लोग मगन दिखे।
विज्ञापन
नेशनल ग्रीन कोर के पदाधिकारियों ने की सफाई
फर्रुखाबाद स्वच्छता अभियान के तहत नेशनल ग्रीन कोर पदाधिकारियों ने पांचाल घाट स्थित दुर्वाषा ऋषि आश्रम व गंगा घाट पर सफाई अभियान चलाया। संस्थापक अध्यक्ष रोहित व सचिव बीना जालान ने लोगों से गंगा को स्वच्छ बनाने के लिए सप्ताह में एक दिन दो घंटे का श्रमदान करने की अपील की। इस अवसर पर आलोक श्रीवास्तव, सतीश यादव ने भी सफाई के साथ पौधरोपण करने की अपील की।
सांस्कृतिक पंडाल में हुआ मानस सम्मेलन
मेले के सांस्कृतिक पंडाल में शनिवार की देर रात मानस सम्मेलन में मानस मर्मज्ञ ने मानस की एक- एक चौपाई को संगीत में लयबद्ध कर भावार्थ की व्याख्या की। सम्मेलन में आए विद्वानों ने मानस की बारीकियों को विस्तार से समझाया।
हिला दे दिल जो दुश्मन का, वह ललकार बनना है
मेले के वैदिक क्षेत्र में रविवार को कवि सम्मेलन हुआ। सम्मेलन में सरस्वती पुत्रों ने विभिन्न रसों में श्रोताओं को डुबो दिया। अलीगढ़ से आए ओज कवि धर्मेश अविचल ने हंसी ठिठोली कुमकुम रोली बिंदी पायल की झंकार, मानवता की रक्षा हो अब कलम बने ऐसी हथियार.. सुनाकर श्रोताओं में जोश का संचार किया। भरतपुर (राजस्थान) से आए चंद्रभान ने हम शिखरों से गिरकर आए, हमको कौन संभालेगा... सुनाकर जनमानस का ध्यान अपनी ओर आकृष्ट किया। शाजापुर (एमपी) से आए पंडित अशोक नागर ने हर एक घर के अंधेरे में किरन कैसे आएगी, हर एक भाई के घर बहन कैसे आएगी... कविता प्रस्तुत कर समाज में बढ़ रही भ्रूण हत्याओं की ओर ध्यान खींचा।
गीता भारद्वाज ने तुम्हें पायल नहीं बनना, तुम्हें तलवार बनना है, हिला दे दिल जो दुश्मन का वह ललकार बनना है... सुनाकर नारी की शक्ति को परिभाषित किया। गाजियाबाद के स्वदेश यादव, राजस्थान के सोमदत्त व्यास, मथुरा की सुधा अरोड़ा, मथुरा के सूरजपाल बैनीवाल, आगरा की चेतना शर्मा आदि ने काव्य पाठ कर श्रोताओं की तालियां बंटोरी। कवि सम्मेलन का उद्घाटन सपा विधायक नरेंद्र सिंह यादव व विधायक प्रतिनिधि राजेश पाठक ने दीप प्रज्जवलित कर किया। सम्मेलन में डा. हरिदत्त द्विवेदी, डा. शिवराम आर्य, प्रमोद यादव, मुन्ना यादव, सीमा यादव, उदिता आर्या, सोहित, आचार्य चंद्रदेव शास्त्री आदि मौजूद रहे।
विधिक जानकारी को जागरूक हों-एडीजे
उत्तर प्रदेश राज्य विधिक प्राधिकरण द्वारा मेला के सांस्कृ़तिक पंडाल में रविवार को विधिक साक्षरता सम्मेलन का आयोजन किया गया। सम्मेलन को संबोधित करते हुए अध्यक्ष एवं अपर जिला जज आलोक पांडेय ने लोगों को विधिक जानकारी करने की सलाह दी। कार्यक्रम में रविंद्र कुमार श्रीवास्तव, साजिया नाजिर जैदी, अनुतोष कुमार शर्मा, राजीव रंजन, अतीक घोष, मोहम्मद आरिफ खां, जवाहर सिंह गंगवार, महेश चंद्र यादव, कामता प्रसाद राजपूत, चंद्रशेखर वर्मा, वीना वर्मा, दीपक दुबे, स्नेहलता शाक्य, धर्मपाल सिंह, सरिता दुबे आदि मौजूद रहे।