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Farrukhabad News: अर्पित बनकर अजीत कर रहा था एक्सरे टेक्नीशियन की नौकरी
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फोटो-07, आरोपी अजीत सिंह। स्रोत:सोशल मीडिया
फर्रुखाबाद। स्वास्थ्य विभाग में नौ वर्षों से अर्पित सिंह बनकर एटा का अजीत कुमार एक्सरे टेक्नीशियन की नौकरी कर रहा है। विभागीय दस्तावेज में उसका पता आगरा का है, जबकि वह एटा का निवासी है। शनिवार को तीन सदस्यीय कमेटी ने उसके घर जाकर जांच की तो फर्जीवाड़े से पर्दा उठ गया।
स्वास्थ्य विभाग में वर्ष 2016 में अधीनस्थ सेवा चयन आयोग से चयनित अर्पित सिंह के नाम से ही छह एक्सरे टेक्नीशियन की नियुक्ति हुई थी। सबसे पहले उसकी तैनाती सीएचसी शमसाबाद में हुई। मानव संपदा पोर्टल पर एक ही नाम-पता और नियुक्ति तिथि पर छह अर्पित सिंह की फीडिंग है। सभी अर्पित सिंह का जन्म 12 जून 1989, पिता का नाम अनिल सिंह है। इनमें चार का पता आगरा का, दो का अन्य स्थान का है।
अमर उजाला ने पांच सितंबर के अंक में खुलासा किया तो स्वास्थ्य विभाग की नींद उड़ गई। सीएमओ ने एसीएमओ की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की। इस पर शनिवार को एसीएमओ डॉ. सर्वेश यादव, डिप्टी सीएमओ डॉ. दीपक कटारिया व डॉ. आरसी माथुर ने एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह के घर जनपद एटा थाना अलीगंज के गांव अगौनापुर पहुंचकर परिजनों से पूछताछ की। तब पता चला कि एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह पुत्र अनिल कुमार सिंह असलियत में अजीत पुत्र रामलड़ैते है।
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सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने बताया कि एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह का असली नाम अजीत पुत्र रामलड़ैते है। वह व उसका परिवार जनपद एटा के गांव अगौनापुर में रहता है। ग्राम पंचायत अगौनापुर के प्रधान अरविंद शाक्य ने शपथपत्र देकर उसकी पुष्टि की। विभाग में नियुक्ति पत्रावली में एक्सरे टेक्नीशियन का नाम अर्पित सिंह पुत्र अनिल कुमार सिंह और निवास स्थान सी-22 प्रतापनगर शाहगंज आगरा का है।
प्रथम दृष्टया जांच में फर्जी नियुक्ति का मामला लग रहा है। जांच पूरी होने के बाद फर्जीवाड़े की पुष्टि होने पर उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के साथ दिए गए वेतन की रिकवरी की भी कार्रवाई की जाएगी।
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स्वास्थ्य विभाग में वर्ष 2016 में अधीनस्थ सेवा चयन आयोग से चयनित अर्पित सिंह के नाम से ही छह एक्सरे टेक्नीशियन की नियुक्ति हुई थी। सबसे पहले उसकी तैनाती सीएचसी शमसाबाद में हुई। मानव संपदा पोर्टल पर एक ही नाम-पता और नियुक्ति तिथि पर छह अर्पित सिंह की फीडिंग है। सभी अर्पित सिंह का जन्म 12 जून 1989, पिता का नाम अनिल सिंह है। इनमें चार का पता आगरा का, दो का अन्य स्थान का है।
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अमर उजाला ने पांच सितंबर के अंक में खुलासा किया तो स्वास्थ्य विभाग की नींद उड़ गई। सीएमओ ने एसीएमओ की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित की। इस पर शनिवार को एसीएमओ डॉ. सर्वेश यादव, डिप्टी सीएमओ डॉ. दीपक कटारिया व डॉ. आरसी माथुर ने एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह के घर जनपद एटा थाना अलीगंज के गांव अगौनापुर पहुंचकर परिजनों से पूछताछ की। तब पता चला कि एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह पुत्र अनिल कुमार सिंह असलियत में अजीत पुत्र रामलड़ैते है।
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सीएमओ डॉ. अवनींद्र कुमार ने बताया कि एक्सरे टेक्नीशियन अर्पित सिंह का असली नाम अजीत पुत्र रामलड़ैते है। वह व उसका परिवार जनपद एटा के गांव अगौनापुर में रहता है। ग्राम पंचायत अगौनापुर के प्रधान अरविंद शाक्य ने शपथपत्र देकर उसकी पुष्टि की। विभाग में नियुक्ति पत्रावली में एक्सरे टेक्नीशियन का नाम अर्पित सिंह पुत्र अनिल कुमार सिंह और निवास स्थान सी-22 प्रतापनगर शाहगंज आगरा का है।
प्रथम दृष्टया जांच में फर्जी नियुक्ति का मामला लग रहा है। जांच पूरी होने के बाद फर्जीवाड़े की पुष्टि होने पर उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने के साथ दिए गए वेतन की रिकवरी की भी कार्रवाई की जाएगी।

फोटो-07, आरोपी अजीत सिंह। स्रोत:सोशल मीडिया