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अपर आयुक्त ने की भ्रष्टाचार मामले की जांच
farrukhabad
Updated Tue, 23 Oct 2018 11:37 PM IST
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अपर आयुक्त से बात करते सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज।
- फोटो : अमर उजाला
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कानपुर मंडल के अपर आयुक्त ने नगर पालिका फर्रुखाबाद में भ्रष्टाचार की शिकायत की जांच-पड़ताल की। इससे पहले वह पत्रकारों से कुछ देर के लिए रूबरू हुए। सांसद प्रतिनिधि ने भी अपर आयुक्त से शिकायतें कीं।
सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज और सभासद अतुल शंकर दुबे की शिकायत पर अपर आयुक्त कानपुर मंडल अधर किशोर मिश्र मंडल स्तरीय टीम के साथ मंगलवार को जांच करने आए। बताते हैं कि दोपहर करीब 12 बजे वह जिले में आ गए थे। इसकी जानकारी मिलने पर सभासद अतुलशंकर दुबे, सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज, सभासद श्यामसुंदर लल्ला और सभासद पति बाबू अग्निहोत्री नगर पालिका पहुंच गए। अपर आयुक्त शाम करीब 4 बजे नगर पालिका कार्यालय पहुंचे। अपर आयुक्त ने शिकायतों के आधार पर पत्रावलियों की बिंदुवार जांच की और रिकार्ड तलब कर साक्ष्यों को देखा। जांच के दौरान सदन की बैठक में प्रस्तावों को पारित करने की प्रक्रिया में खामियां देख उन्होंने जेई मुकेश जायसवाल से पूछा कि कौन सा प्रस्ताव आम सहमति से पारित है और कौन सा अस्वीकृत किया गया। इसे दर्शाया क्यों नहीं गया है।
जेई ने बात घुमाते हुए कहा कि सदन की बैठक में सदस्यों को कार्यवाही बताई जाती है। उन्होंने तर्क मानने से इनकार कर दिया। इसी दौरान सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज ने पालिका के वाहनों का रजिस्ट्रेशन न होना और सड़कों के निर्माण में अनियमितताओं के मुद्दे उठाए। अपर आयुक्त ने कहा कि जांच अभी चल रही है। जरूरी हुआ तो टीम स्थलीय निरीक्षण भी करेगी। जांच पूरी होने के बाद ही कोई निर्णय लिया जाएगा। जांच कब तक पूरी होगी। इस पर अपर आयुक्त ने कहा कि इस बारे में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता।
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लिपिक अमित रस्तोगी ने प्रस्ताव संबंधी सवाल पर बताया कि पालिका के सभासदों से पूछा जा सकता है कि सभी प्रस्ताव उनकी सहमति से पारित होते हैं। अपर आयुक्त ने कहा कि सभासद कोई हरिश्चंद्र नहीं हैं। जो सच्चाई है वह बताएं। उनके तेवर देख पालिकाकर्मी चुप्पी साध गए। इस अवसर पर लिपिक विजय शुक्ल आदि भी मौजूद रहे।
पालिकाध्यक्ष के समर्थक लेते रहे टोह
अपर आयुक्त के जांच करने की खबर पाकर उनके आने से पहले ही पालिकाध्यक्ष के कई समर्थक कार्यालय पहुंच गए। अपर आयुक्त के रहने तक वह कार्यालय में ही डटे रहे। इनमें कई ठेकेदार और सभासद समर्थक भी थे। बताया गया कि पालिकाध्यक्ष जिले से बाहर हैं। ब्यूरो
जिसकी शिकायत उसी के साथ पहुंचे अफसर
फर्रुखाबाद। नगर पालिका कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार की शिकायत के मामले की जांच करने अपर आयुक्त के साथ जेई मुकेश जायसवाल को देख शिकायतकर्ता सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज ने कहा कि जिसके खिलाफ शिकायत की गई है। उन्हीं के साथ अपर आयुक्त आए। सांसद प्रतिनिधि ने कहा कि पालिका में निर्माण कार्यों में की गई धांधली की शिकायत उन्होंने की थी और निर्माण कार्य जेई मुकेश जायसवाल ही देखते हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें जानकारी मिली कि जेई अपर आयुक्त के जिले में आते ही उनके साथ मौजूद रहे। इसी के चलते उन्हें कार्यालय आने में भी देरी हुई। ब्यूरो
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सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज और सभासद अतुल शंकर दुबे की शिकायत पर अपर आयुक्त कानपुर मंडल अधर किशोर मिश्र मंडल स्तरीय टीम के साथ मंगलवार को जांच करने आए। बताते हैं कि दोपहर करीब 12 बजे वह जिले में आ गए थे। इसकी जानकारी मिलने पर सभासद अतुलशंकर दुबे, सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज, सभासद श्यामसुंदर लल्ला और सभासद पति बाबू अग्निहोत्री नगर पालिका पहुंच गए। अपर आयुक्त शाम करीब 4 बजे नगर पालिका कार्यालय पहुंचे। अपर आयुक्त ने शिकायतों के आधार पर पत्रावलियों की बिंदुवार जांच की और रिकार्ड तलब कर साक्ष्यों को देखा। जांच के दौरान सदन की बैठक में प्रस्तावों को पारित करने की प्रक्रिया में खामियां देख उन्होंने जेई मुकेश जायसवाल से पूछा कि कौन सा प्रस्ताव आम सहमति से पारित है और कौन सा अस्वीकृत किया गया। इसे दर्शाया क्यों नहीं गया है।
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जेई ने बात घुमाते हुए कहा कि सदन की बैठक में सदस्यों को कार्यवाही बताई जाती है। उन्होंने तर्क मानने से इनकार कर दिया। इसी दौरान सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज ने पालिका के वाहनों का रजिस्ट्रेशन न होना और सड़कों के निर्माण में अनियमितताओं के मुद्दे उठाए। अपर आयुक्त ने कहा कि जांच अभी चल रही है। जरूरी हुआ तो टीम स्थलीय निरीक्षण भी करेगी। जांच पूरी होने के बाद ही कोई निर्णय लिया जाएगा। जांच कब तक पूरी होगी। इस पर अपर आयुक्त ने कहा कि इस बारे में अभी कुछ कहा नहीं जा सकता।
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लिपिक अमित रस्तोगी ने प्रस्ताव संबंधी सवाल पर बताया कि पालिका के सभासदों से पूछा जा सकता है कि सभी प्रस्ताव उनकी सहमति से पारित होते हैं। अपर आयुक्त ने कहा कि सभासद कोई हरिश्चंद्र नहीं हैं। जो सच्चाई है वह बताएं। उनके तेवर देख पालिकाकर्मी चुप्पी साध गए। इस अवसर पर लिपिक विजय शुक्ल आदि भी मौजूद रहे।
पालिकाध्यक्ष के समर्थक लेते रहे टोह
अपर आयुक्त के जांच करने की खबर पाकर उनके आने से पहले ही पालिकाध्यक्ष के कई समर्थक कार्यालय पहुंच गए। अपर आयुक्त के रहने तक वह कार्यालय में ही डटे रहे। इनमें कई ठेकेदार और सभासद समर्थक भी थे। बताया गया कि पालिकाध्यक्ष जिले से बाहर हैं। ब्यूरो
जिसकी शिकायत उसी के साथ पहुंचे अफसर
फर्रुखाबाद। नगर पालिका कार्यालय में व्याप्त भ्रष्टाचार की शिकायत के मामले की जांच करने अपर आयुक्त के साथ जेई मुकेश जायसवाल को देख शिकायतकर्ता सांसद प्रतिनिधि दिलीप भारद्वाज ने कहा कि जिसके खिलाफ शिकायत की गई है। उन्हीं के साथ अपर आयुक्त आए। सांसद प्रतिनिधि ने कहा कि पालिका में निर्माण कार्यों में की गई धांधली की शिकायत उन्होंने की थी और निर्माण कार्य जेई मुकेश जायसवाल ही देखते हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें जानकारी मिली कि जेई अपर आयुक्त के जिले में आते ही उनके साथ मौजूद रहे। इसी के चलते उन्हें कार्यालय आने में भी देरी हुई। ब्यूरो