फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Farrukhabad News ›   Accused roaming freely due to lobbying of influential leaders

रसूखदार नेताओं की पैरवी में हत्यारोपियों की नहीं हो रही गिरफ्तारी

Sun, 13 Dec 2020 05:08 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sun, 13 Dec 2020 05:08 PM IST
विज्ञापन
Accused roaming freely due to lobbying of influential leaders
रसूखदार नेताओं की पैरवी से खुले घूम रहे आरोपी
विज्ञापन

फर्रुखाबाद। रसूखदार नेताओं की पैरवी के चलते स्कूल बस चालक हत्याकांड के आरोपियों की गिरफ्तारी अटक गई है। एसपी के आदेश पर एएसपी ने घटना स्थल का निरीक्षण कर वादी व अन्य ग्रामीणों के बयान दर्ज किए। सीओ अमृतपुर ने पूर्व व वर्तमान विवेचक से इस बारे में बातचीत की। एसपी ने शनिवार देर रात एएसपी, सीओ अमृतपुर, एसओ अमृतपुर को कैंप कार्यालय में बुलाकर सभी लोगों से हत्याकांड के बारे में जानकारी लेकर कार्रवाई करने के आदेश दिए।
25 सितंबर 2019 को अमृतपुर थाना क्षेत्र के गांव मुजहा निवासी स्कूल बस चालक मुनेंद्र यादव की वजनदार वस्तु से प्रहार कर हत्या कर दी गई थी। पुलिस ने मोहलिया घाट से गंगा के पानी में डूबी बस से उसका शव बरामद किया था।
विज्ञापन

इस मामले में ताऊ दृगपाल ने नयागांव निवासी राजू के खिलाफ भतीजे मुुनेंद्र की हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था। पुलिस ने राजू को पकड़ लिया। पूछताछ में उसने बताया कि गांव भटौली में 24 सितंबर की रात नौटंकी देखने गए थे। मुनेंद्र नौटंकी देखकर बस लेकर निकला।
विज्ञापन
विज्ञापन

बस को बैक करते समय गांव बिरसिंहपुर निवासी वीरेंद्र उर्फ वीरे की बाइक में टक्कर लग गई। इस पर दोनों में झगड़ा हुआ। मुनेंद्र ने वीरेंद्र की पिटाई कर दी और फिर चला। वीरेंद्र के शोर मचाने पर सकटे उर्फ राजेश, ननके उर्फ चंद्रभूषण, संजीव आ गए। इन लोगों ने बाइक से पीछा करके बस को रोक लिया। वीरेंद्र ने मुनेंद्र के सिर व नाक पर डंडे से प्रहार किया। इससे आई चोटों से मुनेंद्र की मौत हो गई। शव को बस में रखकर गंगा में धकेल दिया।
पुलिस ने इस मामले में सकटे उर्फ राजेश को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। बाकी आरोपियों की कुर्की हो चुकी है लेकिन रसूखदार नेताओं की पैरवी के कारण अब तक गिरफ्तारी नहीं हो पाई।

शनिवार को एसपी अशोक कुमार मीणा के आदेश पर एएसपी अजय प्रताप ने घटना स्थल का निरीक्षण कर वादी व अन्य ग्रामीणों के बयान दर्ज कर पूरे मामले की जानकारी की। सीओ अमृतपुर अजेय शर्मा ने पूर्व विवेचक व वर्तमान एसओ जसवंत सिंह से घटना के बारे में जानकारी की। शनिवार देर रात एसपी के कैंप कार्यालय में एएसपी, सीओ अमृतपुर व एसओ जसवंत सिंह ने फीडबैक दिया। एसपी ने आरोपियों पर कार्रवाई करने के आदेश दिए है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed