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Ayodhya News: मेडिकल कॉलेज में लगे दो एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन
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अयोध्या। राजर्षि दशरथ मेडिकल कॉलेज में अब अस्थि व स्त्री रोग विभाग में भी बड़े ऑपरेशन आसानी से हो सकेंगे। इसके लिए मेडिकल कॉलेज को दो दिन पूर्व दो एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन मिले हैं। करीब 50 लाख की लागत से आई इस मशीन को आर्थो व गायनी ओटी में स्थापित किया गया है। इससे ऑपरेशन के दौरान मरीजों को लंबे समय तक बेहोश करने में सहूलियत मिलेगी।
किसी भी प्रकार के ऑपरेशन से पहले मरीज को बेहोश करना होता है। इसके लिए निश्चेतक की जरूरत होती है। छोटे-मोटे ऑपरेशन में तो यह व्यवस्था मैनुअली हो जाती है, लेकिन बड़े ऑपरेशन के लिए देर तक मरीजों को बेहोश रखना चुनौतीपूर्ण होता है।
कुछ मरीजों को लंबे समय तक बेहोश रखने के बाद उनके शरीर में तमाम दिक्कतें होने लगती हैं। इससे निजात के लिए एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन की जरूरत होती है। यह एक तरह का मिनी आईसीयू होता है, जिसमें वेंटीलेटर समेत अन्य आधुनिक उपकरण लगे होते हैं।
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इसकी मदद से ऑपरेशन के दौरान मरीज के शरीर की तमाम गतिविधियों पर नजर रखी जाती है। हार्ट, बीपी, शुगर, हार्टबीट समेत अन्य महत्वपूर्ण जानकारी मॉनीटर पर दिखने से डॉक्टरों को भी सुविधा होती है।
इसके जरिए मेडिकल कॉलेज के सर्जरी विभाग में एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन पहले से स्थापित है। दो दिन पूर्व दो और एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन खरीदे गए हैं। इनकी लागत करीब 50 लाख रुपये बताई गई है। इनमें एक को अस्थि रोग व दूसरे को स्त्री रोग की ओटी में लगाया गया है।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सत्यजीत वर्मा ने बताया कि दो एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन खरीदे गए हैं। एक को आर्थो व दूसरे को स्त्री रोग विभाग में लगाया गया है। इससे तमाम बड़े ऑपरेशनों में मदद मिलेगी।
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किसी भी प्रकार के ऑपरेशन से पहले मरीज को बेहोश करना होता है। इसके लिए निश्चेतक की जरूरत होती है। छोटे-मोटे ऑपरेशन में तो यह व्यवस्था मैनुअली हो जाती है, लेकिन बड़े ऑपरेशन के लिए देर तक मरीजों को बेहोश रखना चुनौतीपूर्ण होता है।
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कुछ मरीजों को लंबे समय तक बेहोश रखने के बाद उनके शरीर में तमाम दिक्कतें होने लगती हैं। इससे निजात के लिए एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन की जरूरत होती है। यह एक तरह का मिनी आईसीयू होता है, जिसमें वेंटीलेटर समेत अन्य आधुनिक उपकरण लगे होते हैं।
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इसकी मदद से ऑपरेशन के दौरान मरीज के शरीर की तमाम गतिविधियों पर नजर रखी जाती है। हार्ट, बीपी, शुगर, हार्टबीट समेत अन्य महत्वपूर्ण जानकारी मॉनीटर पर दिखने से डॉक्टरों को भी सुविधा होती है।
इसके जरिए मेडिकल कॉलेज के सर्जरी विभाग में एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन पहले से स्थापित है। दो दिन पूर्व दो और एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन खरीदे गए हैं। इनकी लागत करीब 50 लाख रुपये बताई गई है। इनमें एक को अस्थि रोग व दूसरे को स्त्री रोग की ओटी में लगाया गया है।
मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. सत्यजीत वर्मा ने बताया कि दो एनेस्थीसिया वर्क स्टेशन खरीदे गए हैं। एक को आर्थो व दूसरे को स्त्री रोग विभाग में लगाया गया है। इससे तमाम बड़े ऑपरेशनों में मदद मिलेगी।