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जिला अस्पताल को मिली रेफ्रिजरेटेड सेंटीफ्यूज मशीन, डेंगू मरीजों को मिलेगा आराम
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अयोध्या। जिला अस्पताल में डेंगू मरीजों के लिए राहत भरी खबर है। यहां लंबे समय से खराब पड़ी प्लेटलेट्स बनाने वाली मशीन की मरम्मत तो नहीं हो सकी, लेकिन शासन से नई रेफ्रिजरेटेड सेंटीफ्यूज मशीन जिला अस्पताल में भेज दी गई है। अब डेंगू पीड़ितों के इलाज में सहूलियत मिलेगी।
इन दिनों डेंगू तेजी से पांव पसार रहा है। इसके इलाज के लिए जिला चिकित्सालय में डेंगू वार्ड आरक्षित किया गया है। कमोवेश संसाधन तो मौजूद हैं, लेकिन इलाज में लगने वाली प्लेटलेट्स की व्यवस्था नहीं थी।
डेंगू मरीजों की प्लेटलेट्स लगातार घटने की वजह से इसकी उन्हें सख्त जरूरत होती है। इसके लिए अस्पताल के ब्लड बैंक में एक रेफ्रिजरेटेड सेंटीफ्यूज मशीन तो स्थापित है, लेकिन वह लंबे समय से खराब चल रही है। कई बार प्रयास के बावजूद भी उसकी मरम्मत नहीं हो सकी है।
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इस बीच शासन की ओर से इस मशीन की अनिवार्यता को देखते हुए एक नई मशीन जिला अस्पताल में भेजी गई है। जिला अस्पताल के पैथालॉजिस्ट डॉ फुजैल अंसारी ने बताया कि करीब 19.5 लाख की यह मशीन ब्लड बैंक में स्थापित की गई है। इससे रक्त के अवयव प्लाज्मा, प्लेटलेट्स व पीआरवीसी को अलग-अलग करके विभिन्न उपयोगों में लाया जा सकेगा।
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इन दिनों डेंगू तेजी से पांव पसार रहा है। इसके इलाज के लिए जिला चिकित्सालय में डेंगू वार्ड आरक्षित किया गया है। कमोवेश संसाधन तो मौजूद हैं, लेकिन इलाज में लगने वाली प्लेटलेट्स की व्यवस्था नहीं थी।
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डेंगू मरीजों की प्लेटलेट्स लगातार घटने की वजह से इसकी उन्हें सख्त जरूरत होती है। इसके लिए अस्पताल के ब्लड बैंक में एक रेफ्रिजरेटेड सेंटीफ्यूज मशीन तो स्थापित है, लेकिन वह लंबे समय से खराब चल रही है। कई बार प्रयास के बावजूद भी उसकी मरम्मत नहीं हो सकी है।
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इस बीच शासन की ओर से इस मशीन की अनिवार्यता को देखते हुए एक नई मशीन जिला अस्पताल में भेजी गई है। जिला अस्पताल के पैथालॉजिस्ट डॉ फुजैल अंसारी ने बताया कि करीब 19.5 लाख की यह मशीन ब्लड बैंक में स्थापित की गई है। इससे रक्त के अवयव प्लाज्मा, प्लेटलेट्स व पीआरवीसी को अलग-अलग करके विभिन्न उपयोगों में लाया जा सकेगा।