{"_id":"126-87131","slug":"Faizabad-87131-126","type":"story","status":"publish","title_hn":"यशपेपर मिल मालिक पत्नी को दें `50 हजार प्रतिमाह","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
यशपेपर मिल मालिक पत्नी को दें `50 हजार प्रतिमाह
Faizabad
Updated Tue, 21 Oct 2014 05:31 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
फैजाबाद। दर्शननगर स्थित यशपेपर मिल के मालिक पर पत्नी के साथ घरेलू हिंसा का आरोप सही पाया गया है। अदालत ने आरोप सही मिलने पर पेपर मिल के मालिक को पत्नी व बेटियों को 70 हजार रुपये प्रतिमाह देने का आदेश दिया है। कोर्ट ने आदेश में कहा कि इसमें 50 हजार पत्नी तथा 10-10 हजार बेटियों को प्रतिमाह दिया जाय। इसके साथ ही अदालत ने पत्नी का मानसिक उत्पीड़न करने के मामले में एक मुश्त तीन लाख रुपये भी देने का आदेश दिया है। यह आदेश मिल मालिक की पत्नी शैलजा कृष्णा के परिवाद पर सीजेएम ज्ञान प्रकाश सिंह की अदालत से हुआ।
अधिवक्ता सौरभ मिश्र व नवीन मिश्र ने बताया कि कोर्ट में दायर परिवाद के अनुसार मिल मालिक वेद कृष्णा की शादी कोलकाता निवासी शैलजा कृष्णा के साथ 30 मई 1996 को हुई थी। मार्च 2005 में शैलजा के ससुर कृष्ण कुमार झुनझुनवाला की मौत हो गई, तो यश पेपर मिल व अन्य प्रतिष्ठानों के मालिक वेद कृष्णा हो गए। इसके बाद शैलजा के पति ने उसे यश पेपर्स लिमिटेड का उपाध्यक्ष बनाया। इसके अलावा अन्य दायित्वों का निर्वहन परिवादिनी ने 2010 तक किया। वेद कृष्णा का अरबों रुपये का कारोबार है। इसी बीच शैलजा के दो पुत्रियां सरगम व विद्या हुईं। इसके बाद से पति वेद प्रकाश शैलजा का मानसिक उत्पीड़न करने लगे। दांपत्य जीवन में आई खटास के बाद शैलजा ने अदालत में घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम के तहत परिवाद दायर किया था। इसकी सुनवाई के बाद सीजेएम ज्ञान प्रकाश सिंह ने पति वेद प्रकाश पर आरोप सही साबित होने पर पत्नी और बेटियों को 70 हजार रुपये प्रतिमाह देने का आदेश दिया है। इसके अतिरिक्त मानसिक उत्पीड़न के मामले में तीन लाख रुपये और देने का आदेश दिया है।
विज्ञापन
अधिवक्ता सौरभ मिश्र व नवीन मिश्र ने बताया कि कोर्ट में दायर परिवाद के अनुसार मिल मालिक वेद कृष्णा की शादी कोलकाता निवासी शैलजा कृष्णा के साथ 30 मई 1996 को हुई थी। मार्च 2005 में शैलजा के ससुर कृष्ण कुमार झुनझुनवाला की मौत हो गई, तो यश पेपर मिल व अन्य प्रतिष्ठानों के मालिक वेद कृष्णा हो गए। इसके बाद शैलजा के पति ने उसे यश पेपर्स लिमिटेड का उपाध्यक्ष बनाया। इसके अलावा अन्य दायित्वों का निर्वहन परिवादिनी ने 2010 तक किया। वेद कृष्णा का अरबों रुपये का कारोबार है। इसी बीच शैलजा के दो पुत्रियां सरगम व विद्या हुईं। इसके बाद से पति वेद प्रकाश शैलजा का मानसिक उत्पीड़न करने लगे। दांपत्य जीवन में आई खटास के बाद शैलजा ने अदालत में घरेलू हिंसा से महिलाओं का संरक्षण अधिनियम के तहत परिवाद दायर किया था। इसकी सुनवाई के बाद सीजेएम ज्ञान प्रकाश सिंह ने पति वेद प्रकाश पर आरोप सही साबित होने पर पत्नी और बेटियों को 70 हजार रुपये प्रतिमाह देने का आदेश दिया है। इसके अतिरिक्त मानसिक उत्पीड़न के मामले में तीन लाख रुपये और देने का आदेश दिया है।
विज्ञापन