{"_id":"5ce98886bdec22071c2e057b","slug":"severe-abdominal-pain-and-diarrhea-sufferers","type":"story","status":"publish","title_hn":"मौसम की मार से बढ़ रहे पेट दर्द और डायरिया के रोगी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
मौसम की मार से बढ़ रहे पेट दर्द और डायरिया के रोगी
Sat, 25 May 2019 11:55 PM IST
प्रतीक दुबे
etawah
etawah
Published by: प्रतीक दुबे
Updated Sat, 25 May 2019 11:55 PM IST
विज्ञापन
फिजिशियन के कक्ष के बाहर लगी मरीजों की भीड़ ।
- फोटो : amar ujala
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इटावा। धूप, गर्मी और खान पान की वजह से लोग बीमार होकर अस्पताल पहुंच रहे हैं। तापमान 38 डिग्री सेल्सियस होने के बावजूद शनिवार को जिला अस्पताल आए नौ सौ मरीजों में सबसे ज्यादा पेट दर्द, डायरिया के मरीज रहे, जिनकी संख्या चार सौ रही। जिला अस्पताल में जनरल फिजिशियन डा. अजय शर्मा के कक्ष से लेकर बाहर तक तथा ह्दय रोग विभाग में डा. बीके साहू व डा.शांतनु निगम मरीजों का स्वास्थ्य चेकअप कर दवाएं लिखने में लगे रहे।
रक्त की जांच कराने के लिए भी रोजाना करीब एक सौ से सवा सौ मरीज आ रहे हैं। सीएमएस डा.एसएस भदौरिया ने बताया कि अप्रैल के मुकाबले मई में मलेरिया की जांच कराने वालों की संख्या ज्यादा रही। अप्रैल में 644 जांच में एक भी रोगी मलेरिया का नहीं निकला। जबकि 24 मई तक 977 रक्त जांच मं तीन केस पॉजिटिव निकले। शनिवार को कुल 130 से ज्यादा रक्त जांच की गई। जिला अस्पताल के ओपीडी प्रभारी विकास पांडे के अनुसार कुल नौ सौ मरीजों में सबसे ज्यादा चार सौ पेट दर्द, डायरिया और बुखार के मरीज शामिल रहे।
रोज दस से ज्यादा डायरिया मरीज हो रहे भर्ती
ह्दयरोग विभाग में मरीजों का परीक्षण कर रहे फिजिशियन डा.बीके साहू ने बताया कि मौसम में आ रहे बदलाव की वजह से ज्यादातर लोग पेट दर्द, उल्टी दस्त से ग्रसित हैं। रोजाना करीब 10 से 12 डायरिया पीड़ित मरीज भर्ती हो रहे हैं। इसके अलावा जुकाम, बुखार श्वांस से ग्रसित रोगी हैं। डा.बीके साहू ने लोगों को सलाह दी है कि वह कटे फल और सलाद खाने से परहेज करें। ताजा खाना खाएं। सुबह का खाना फ्रिज में रख दें। कोशिश यही करें कि ताजा खाना ही खाएं।
विज्ञापन
खान पान की वजह से लोग हो रहे बीमार: डा.शांतनु निगम
फिजिशियन डा.शांतनु निगम ने बताया कि गर्मी की वजह से डायरिया के मरीज बढ़ते जा रहे है। अभी तक करीब एक सैकड़ा मरीजों को देख चुके हैं। अन्य मरीजों में जुकाम बुखार और खांसी के अलावा श्वांस की बीमारी से पीड़ित मरीज भी आ रहे हैं। गर्मी में चर्म रोगी भी आ रहे हैं। सप्ताह में दो दिन मंगलवार और शुक्रवार को चर्म रोग चिकित्सक जिला अस्पताल में बैठते हैं। शेष दिन में उनके पास चर्म रोगी आते हैं। डा.शांतनु निगम ने कहा कि शरीर में होने वाली खुजली को खुजलाने के बाद लोग हाथ नहीं धोते। इस वजह से खुजली फैल जाती है। धूप में चेहरा ढंक कर निकलें और उड़ने वाली धूल से भी बचें। लोगों से गर्मी के मौसम में बीमारियों से बचने के लिए फास्ट फूड से बचने की सलाह भी दी। कहा कि ज्यादातर बीमारी की वजह फास्टफूड ही हैं। इन्हें बनाने वाले साफ सफाई का ध्यान नहीं रखते और हाथ भी नहीं धोते। इस वजह से ज्यादातर लोग बीमार हो रहे हैं। प्रयास करें की धूप से आने के बाद ठंडा पानी न पिएं बल्कि कुछ देर रुकने के बाद पानी पिएं।
विज्ञापन
रक्त की जांच कराने के लिए भी रोजाना करीब एक सौ से सवा सौ मरीज आ रहे हैं। सीएमएस डा.एसएस भदौरिया ने बताया कि अप्रैल के मुकाबले मई में मलेरिया की जांच कराने वालों की संख्या ज्यादा रही। अप्रैल में 644 जांच में एक भी रोगी मलेरिया का नहीं निकला। जबकि 24 मई तक 977 रक्त जांच मं तीन केस पॉजिटिव निकले। शनिवार को कुल 130 से ज्यादा रक्त जांच की गई। जिला अस्पताल के ओपीडी प्रभारी विकास पांडे के अनुसार कुल नौ सौ मरीजों में सबसे ज्यादा चार सौ पेट दर्द, डायरिया और बुखार के मरीज शामिल रहे।
विज्ञापन
रोज दस से ज्यादा डायरिया मरीज हो रहे भर्ती
ह्दयरोग विभाग में मरीजों का परीक्षण कर रहे फिजिशियन डा.बीके साहू ने बताया कि मौसम में आ रहे बदलाव की वजह से ज्यादातर लोग पेट दर्द, उल्टी दस्त से ग्रसित हैं। रोजाना करीब 10 से 12 डायरिया पीड़ित मरीज भर्ती हो रहे हैं। इसके अलावा जुकाम, बुखार श्वांस से ग्रसित रोगी हैं। डा.बीके साहू ने लोगों को सलाह दी है कि वह कटे फल और सलाद खाने से परहेज करें। ताजा खाना खाएं। सुबह का खाना फ्रिज में रख दें। कोशिश यही करें कि ताजा खाना ही खाएं।
विज्ञापन
खान पान की वजह से लोग हो रहे बीमार: डा.शांतनु निगम
फिजिशियन डा.शांतनु निगम ने बताया कि गर्मी की वजह से डायरिया के मरीज बढ़ते जा रहे है। अभी तक करीब एक सैकड़ा मरीजों को देख चुके हैं। अन्य मरीजों में जुकाम बुखार और खांसी के अलावा श्वांस की बीमारी से पीड़ित मरीज भी आ रहे हैं। गर्मी में चर्म रोगी भी आ रहे हैं। सप्ताह में दो दिन मंगलवार और शुक्रवार को चर्म रोग चिकित्सक जिला अस्पताल में बैठते हैं। शेष दिन में उनके पास चर्म रोगी आते हैं। डा.शांतनु निगम ने कहा कि शरीर में होने वाली खुजली को खुजलाने के बाद लोग हाथ नहीं धोते। इस वजह से खुजली फैल जाती है। धूप में चेहरा ढंक कर निकलें और उड़ने वाली धूल से भी बचें। लोगों से गर्मी के मौसम में बीमारियों से बचने के लिए फास्ट फूड से बचने की सलाह भी दी। कहा कि ज्यादातर बीमारी की वजह फास्टफूड ही हैं। इन्हें बनाने वाले साफ सफाई का ध्यान नहीं रखते और हाथ भी नहीं धोते। इस वजह से ज्यादातर लोग बीमार हो रहे हैं। प्रयास करें की धूप से आने के बाद ठंडा पानी न पिएं बल्कि कुछ देर रुकने के बाद पानी पिएं।