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कैसे होंगे आयुष्मान, कार्ड तो बने पर मिले अभी तक नहीं

Sat, 24 Jul 2021 10:40 PM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Sat, 24 Jul 2021 10:40 PM IST
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etawah news,Ayushman card has not arrived, so how can you be Ayushman?
इटावा। केंद्र सरकार की महत्वाकांक्षी प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना (आयुष्मान भारत) के तहत बनाए जा रहे निशुल्क आयुष्मान कार्ड की सुविधा पटरी पर नहीं आ पा रही है।
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कई बार प्रयास करने के बाद भी लोगों तक आयुष्मान कार्ड नही पहुंच सके हैं। ऐसे में जब किसी लाभार्थी के पास कार्ड ही नहीं पहुंचा है, तो वह कैसे आयुष्मान भव होगा।
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राष्ट्रीय स्वास्थ्य प्राधिकरण (नेशनल हेल्थ अथॉरिटी) और जन सुविधा केंद्र के बीच हुए करार के बाद जिले में आयुष्मान कार्ड निशुल्क बनाए जाने की योजना पर मार्च और अप्रैल 2021 में काम हुआ।
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जन सेवा केंद्रों (कॉमन सर्विस सेंटर) पर लाभार्थियों के निशुल्क कार्ड बनाए गए। पहले यह अभियान 10 से 31 मार्च तक चला। जिसमें 20,118 आयुष्मान कार्ड बनाए गए।
इसमें महेवा ब्लाक में 3127, बढ़पुरा में 1384 ,चकरनगर में 812, बसरेहर में 2825, जसवंतनगर में 1408, ताखा में 2399, भरथना में 4263, सैफई में 1916 तथा नगरीय क्षेत्र में 1989 कार्ड बने।
आयुष्मान कार्ड के लिए लाभार्थियों के फोटो खिंचे। कंप्यूटर में डाटा फीड हुआ। संख्या शासन को भी पहुंच गई, लेकिन हकीकत में एक भी कार्ड धारक को आयुष्मान कार्ड नहीं मिला।
वजह इनके वितरण की कोई व्यवस्था नहीं होना बताया गया। अगर कामन सर्विस सेंटरों को ही वितरण की जिम्मेदारी दी जाती, तो सभी उनके घर तक कार्ड पहुंच जाते।
अब कार्ड हैं कहां और कब मिलेंगे इस बात की जानकारी किसी को नहीं है। हालात ये हैं कि सीएमओ कार्यालय में अभी तक योजना का काउंटर भी नहीं खोला गया है।
कार्ड को डाक के माध्यम से भेजने की व्यवस्था नहीं है। समाजसेवी मनोज अग्रवाल ने कहा कि सरकार की योजनाओं का यही हश्र होता है। कोई काम नियोजन के साथ नहीं होगा। शासन का आदेश आते ही फौरन काम शुरू हो जाता है। उसके बाद काम ठप पड़ जाता।
प्रभारी मंत्री ने भी जताई थी नाराजगी
जनवरी में प्रभारी मंत्री सूर्य प्रताप शाही ने आयुष्मान कार्ड की धीमी प्रगति पर नाराजगी जाहिर की थी। जिले में 128940 परिवारों के सापेक्ष केवल 39 हजार परिवारों को ही आयुष्मान कार्ड से संतृप्त किया जा सका था।

अप्रैल तक 4023 परिवारों को ही कार्ड बन सके। दोनों आंकड़े मिलाकर देखें तो करीब 43 हजार परिवार इस योजना से आच्छादित हैं। यह प्रगति 50 फीसदी भी नहीं है। इनमें कितने परिवारों तक कार्ड पहुंचे इस बारे में विभाग के पास कोई सही आंकड़ा नहीं है।
लाभार्थी ने जहां से आयुष्मान कार्ड बनवाया था। उसे वहीं से कार्ड मिलेगा, उनके पास कोई कार्ड नहीं आए हैं। - अखिलेंद्र यादव जिला कार्यक्रम समन्वयक
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