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कालिया और भोला खा रहे चना-जौ की रोटियां
अमर उजाला ब्यूरो/इटावा
Updated Thu, 06 Apr 2017 11:24 PM IST
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भालू।
- फोटो : अमर उजाला
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इटावा। इटावा सफारी पार्क के बीयर सफारी में पहुंचे चार भालू अब सफारी के रंग में रंगने लगे हैं। भालू जमकर मस्ती भी कर रहे हैं। भालुओं का यहां डाइट चार्ट भी तैयार हो गया है और नर भालुओं को दूध और शहद के साथ चने-जौ के आटे की रोटियां खूब भा रही हैं। ताजा पपीता और अंगूर मादा भालू कुनी की पसंद बन चुके हैं। सुबह का नास्ता चावल और गुण की खीर के साथ शुरू होता है। दिन में ताजी सब्जियां और मौसमी फलों का लुत्फ भालुओं को मिल रहा है।
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बीयर सफारी में भालुओं को आए गुरुवार को चार दिन हो चुके हैं। भालू सफारी के माहौल में घुलने मिलने लगे हैं। सफारी के शेरों की ही तरह इन्हें भी पानी में इलेक्ट्राल दिया जा रहा है। देखरेख में जुटे सफारी के डाक्टर अरविंद त्रिपाठी ने खानपान का चार्ट तैयार कर दिया है। उसी के अनुसार भालुओं को डाइट दी जा रही है। सभी भालू सुबह के नाश्ते में दूध चावल और गुड़ की खीर खा रहे हैं। इसके बाद इन्हें दूध में जौ और चने के आटे की रोटियों मिलाकर दी जा रही हैं। जो नर भालू कालिया-भोला और शंकर को खूब भा रही हैं और वह पल भर में इसे चट कर जा रहे हैं। इसके बाद दोपहर के समय इन्हें ताजे मौसमी फल खाने को दिए जा रहे हैं जिसमें मादा भालू कुनी को पपीता व अंगूर बेहद पसंद आ रहे हैं। दिन में एक बार केला आदि फल भी दिए जा रहे हैं। इसके बाद शाम के समय भालुओं को संतुलित भोजन के रूप में सब्जियां खाने को दी जा रही हैं जिसमें ताजा खीरा, पालक, बैगन, गाजर, ककड़ी आदि शामिल हैं।
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गर्मी बढ़ने पर लगेंगे कूलर
इटावा। सफारी में भालुओं की जमकर सेवा की जा रही है। भालुओं के आवास में भी शेरों के बाड़ों की तरह गर्मी से राहत के लिए कूलर लगाए गए हैं। इनके बाडे़ के दरवाजों पर खसखस लगाई गई है। 21 दिन तक इन भालुओं को यहां रखा जाएगा और इसके बाद इन्हें बीयर सफारी में शिफ्ट कर दिया जाएगा।
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