{"_id":"69499373f4705dd4f20597b7","slug":"cervical-cancer-treatment-possible-in-early-days-etawah-news-c-216-1-etw1012-135188-2025-12-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etawah News: शुरूआती दिनों में सर्वाइकल कैंसर का इलाज संभव","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etawah News: शुरूआती दिनों में सर्वाइकल कैंसर का इलाज संभव
विज्ञापन
इटावा। उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विवि सैफई में सोमवार को स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग के तत्वावधान में सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग एवं जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ कुलपति प्रो. डॉ. अजय सिंह ने किया। उन्होंने कहा कि यदि सर्वाइकल कैंसर एवं ब्रेस्ट कैंसर का पता प्रारंभिक अवस्था में लग जाए तो इनका सफल उपचार संभव है। इसके लिए नियमित स्क्रीनिंग एवं सामुदायिक जागरूकता अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने स्त्री एवं प्रसूति रोग विभाग के प्रयासों की सराहना करते हुए सभी महिलाओं से अपील की कि वह ओपीडी में आकर नियमित रूप से अपनी सर्वाइकल कैंसर स्क्रीनिंग अवश्य कराएं।
इस अवसर पर नौ वर्षीय आर्या को सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए ह्यूमन पैपिलोमा वायरस वैक्सीन का टीकाकरण किया गया। स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. कल्पना कुमारी ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए महिलाओं की स्क्रीनिंग के साथ-साथ इस कार्यक्रम के माध्यम से 300 डोज एचपीवी वैक्सीन निशुल्क लगाए जाने का संकल्प लिया गया है।
प्रोफेसर डॉ. कल्पना कुमारी ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन, जिसे एचपीवी वैक्सीन भी कहा जाता है, यह वैक्सीन शरीर में एंटीबॉडी विकसित कर भविष्य में होने वाले एचपीवी संक्रमण से सुरक्षा प्रदान करती है। नौ से 14 वर्ष की आयु में यह वैक्सीन दो खुराक में दी जाती है, जबकि अधिक आयु वर्ग में तीन खुराक की आवश्यकता होती है। डॉक्टर, स्त्री एवं प्रसूति विभाग संकाय सदस्य, नर्सिंग स्टाफ, छात्र-छात्राएं व बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
इस अवसर पर नौ वर्षीय आर्या को सर्वाइकल कैंसर से बचाव के लिए ह्यूमन पैपिलोमा वायरस वैक्सीन का टीकाकरण किया गया। स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष प्रोफेसर डॉ. कल्पना कुमारी ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए महिलाओं की स्क्रीनिंग के साथ-साथ इस कार्यक्रम के माध्यम से 300 डोज एचपीवी वैक्सीन निशुल्क लगाए जाने का संकल्प लिया गया है।
विज्ञापन
प्रोफेसर डॉ. कल्पना कुमारी ने बताया कि सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन, जिसे एचपीवी वैक्सीन भी कहा जाता है, यह वैक्सीन शरीर में एंटीबॉडी विकसित कर भविष्य में होने वाले एचपीवी संक्रमण से सुरक्षा प्रदान करती है। नौ से 14 वर्ष की आयु में यह वैक्सीन दो खुराक में दी जाती है, जबकि अधिक आयु वर्ग में तीन खुराक की आवश्यकता होती है। डॉक्टर, स्त्री एवं प्रसूति विभाग संकाय सदस्य, नर्सिंग स्टाफ, छात्र-छात्राएं व बड़ी संख्या में महिलाएं उपस्थित रहीं।
विज्ञापन