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दिमाग तथा रीढ़ की हड्डी के होंगे आपरेशन
ब्यूरो/अमर उजाला, इटावा
Updated Wed, 11 May 2016 12:14 AM IST
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न्यूरो सर्जरी विभाग में मरीज को देखते चिकित्सक।
- फोटो : अमर उजाला
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उप्र ग्रामीण आयुर्विज्ञान एवं अनुसंधान संस्थान सैफई के न्यूरो सर्जरी विभाग में अत्याधुनिक तकनीक वाले माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधा का इजाफा हुआ है। इससे अब न्यूरो सर्जरी विभाग में दिमाग एवं रीढ़ की हड्डी के जटिल आपरेशन अब कम समय और कम खर्चे में उपलब्ध हो सकेंगे।
संस्थान के निदेशक डा. (ब्रिगेडियर) टी. प्रभाकर ने बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग निरंतर अपनी चिकित्सकीय सुविधाओं में इजाफा कर रहा है। हाल ही में संस्थान के इस विभाग द्वारा अत्याधुनिक तकनीक वाले माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधाओं को जोड़ा गया है।
उन्होंने बताया कि न्यूरो सर्जरी विभागाध्यक्ष डा. मयंक बंसल एवं विशेषज्ञ सर्जनों की टीम द्वारा लगातार न्यूरो सर्जरी से संबंधित जटिल आपरेशन संस्थान के न्यूरो सर्जरी विभाग द्वारा किए जा रहे हैं। न्यूरो सर्जरी विभाग का प्रयास है कि आसपास के क्षेत्र तथा दूरदराज से आए दिमाग व रीढ़ की हड्डी की बीमारी से ग्रसित मरीजों का इलाज कम खर्च पर संस्थान में उपलब्ध हो। डा. प्रभाकर ने बताया कि नियमित रूप से न्यूरो ओपीडी शुरू की गई है ताकि न्यूरो सर्जरी के मरीजों का इलाज त्वरित रूप से किया जा सके।
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न्यूरो सर्जरी विभागाध्यक्ष डा. मयंक बंसल ने विभाग द्वारा किये जाने वाले आपरेशन एवं सुविधाओं के बारे में बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग में माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधाएं शुरू होने से ब्रेन ट्यूमर, रीढ़ की हड्डी के ट्यूमर, हाइड्रोसिफेलस अर्थात सिर में पानी भर जाना, गर्दन एवं कमर के दर्द (स्लिप डिस्क), लकवा के दौरे आना, सिर एवं रीढ़ की हड्डी की चोट के मरीजों का सफल इलाज संभव है।
डा. मयंक ने बताया कि इस तरह की बीमारियों से संबंधित आपरेशन की सुविधा कुछ वर्ष पूर्व तक प्रदेश के मात्र कुछ गिने चुने चिकित्सा संस्थानों में उपलब्ध थी, जिसमें एसजीपीजीआई तथा केजीएमयू लखनऊ प्रमुख है। संस्थान निदेशक के अथक प्रयासों से यह सभी सुविधाएं संस्थान में उपलब्ध हो गई हैं। नियमित रूप से न्यूरो सर्जरी के मरीजों का आपरेशन किया जा रहा है।
संस्थान के चिकित्सा अधीक्षक डा. (ब्रिगेडियर) एसके गुप्ता ने बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग द्वारा मस्तिष्क, तंत्रिका तंत्र तथा मांसपेशियों से संबंधित रोगों की जांच व आपरेशन संस्थान में पिछले कुछ वर्षों से नियमित रूप से किए जा रहे हैं। नई तकनीक वाले माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधा जुड़ने से मस्तिष्क, तंत्रिका तंत्र एवं मांसपेशियों से जुडे़ आपरेशन और भी आसान हो जाएंगे। उन्होंने बताया कि भविष्य में न्यूरो सर्जरी विभाग को और उन्नत बनाया जा रहा है।
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संस्थान के निदेशक डा. (ब्रिगेडियर) टी. प्रभाकर ने बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग निरंतर अपनी चिकित्सकीय सुविधाओं में इजाफा कर रहा है। हाल ही में संस्थान के इस विभाग द्वारा अत्याधुनिक तकनीक वाले माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधाओं को जोड़ा गया है।
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उन्होंने बताया कि न्यूरो सर्जरी विभागाध्यक्ष डा. मयंक बंसल एवं विशेषज्ञ सर्जनों की टीम द्वारा लगातार न्यूरो सर्जरी से संबंधित जटिल आपरेशन संस्थान के न्यूरो सर्जरी विभाग द्वारा किए जा रहे हैं। न्यूरो सर्जरी विभाग का प्रयास है कि आसपास के क्षेत्र तथा दूरदराज से आए दिमाग व रीढ़ की हड्डी की बीमारी से ग्रसित मरीजों का इलाज कम खर्च पर संस्थान में उपलब्ध हो। डा. प्रभाकर ने बताया कि नियमित रूप से न्यूरो ओपीडी शुरू की गई है ताकि न्यूरो सर्जरी के मरीजों का इलाज त्वरित रूप से किया जा सके।
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न्यूरो सर्जरी विभागाध्यक्ष डा. मयंक बंसल ने विभाग द्वारा किये जाने वाले आपरेशन एवं सुविधाओं के बारे में बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग में माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधाएं शुरू होने से ब्रेन ट्यूमर, रीढ़ की हड्डी के ट्यूमर, हाइड्रोसिफेलस अर्थात सिर में पानी भर जाना, गर्दन एवं कमर के दर्द (स्लिप डिस्क), लकवा के दौरे आना, सिर एवं रीढ़ की हड्डी की चोट के मरीजों का सफल इलाज संभव है।
डा. मयंक ने बताया कि इस तरह की बीमारियों से संबंधित आपरेशन की सुविधा कुछ वर्ष पूर्व तक प्रदेश के मात्र कुछ गिने चुने चिकित्सा संस्थानों में उपलब्ध थी, जिसमें एसजीपीजीआई तथा केजीएमयू लखनऊ प्रमुख है। संस्थान निदेशक के अथक प्रयासों से यह सभी सुविधाएं संस्थान में उपलब्ध हो गई हैं। नियमित रूप से न्यूरो सर्जरी के मरीजों का आपरेशन किया जा रहा है।
संस्थान के चिकित्सा अधीक्षक डा. (ब्रिगेडियर) एसके गुप्ता ने बताया कि सुपर स्पेशिलिटी न्यूरो सर्जरी विभाग द्वारा मस्तिष्क, तंत्रिका तंत्र तथा मांसपेशियों से संबंधित रोगों की जांच व आपरेशन संस्थान में पिछले कुछ वर्षों से नियमित रूप से किए जा रहे हैं। नई तकनीक वाले माइक्रोस्कोप एवं एंडोस्कोप (दूरबीन) से आपरेशन की सुविधा जुड़ने से मस्तिष्क, तंत्रिका तंत्र एवं मांसपेशियों से जुडे़ आपरेशन और भी आसान हो जाएंगे। उन्होंने बताया कि भविष्य में न्यूरो सर्जरी विभाग को और उन्नत बनाया जा रहा है।