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Etawah News: खून की दलाली का वीडियो वायरल
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सैफई। उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय सैफई में ब्लड उपलब्ध कराने के नाम पर रुपये लेने के आरोप का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लिया है। विश्वविद्यालय के सहायक सुरक्षा अधिकारी ने सैफई थाना प्रभारी को पत्र भेजकर मामले की जांच कर विधिक कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।
पत्र के अनुसा , छह अक्तूबर को सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा मरीज रामवीर पुत्र श्री रामदेव, उम्र करीब 61 वर्ष, निवासी ग्राम तिलकपुर, पोस्ट खड़रिया, औरैया से ब्लड उपलब्ध कराने के एवज में आठ हजार रुपये लेने की बात सामने आई है। पत्र में संबंधित व्यक्ति का मोबाइल नंबर भी दर्ज किया गया है।
विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि मरीज के तीमारदार से मजबूरी का फायदा उठाकर धन की उगाही की जा रही है। ऐसी गतिविधि उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय की गरिमा और छवि को धूमिल करती है। सहायक सुरक्षा अधिकारी रूपेश कुमार ने थाना प्रभारी से प्रकरण की विवेचना कर आवश्यक विधिक कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।
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पत्र के साथ अज्ञात व्यक्ति के फोटोग्राफ और वायरल वीडियो को भी सुरक्षित रखा गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले में कार्रवाई के लिए सुरक्षा विभाग को भी निर्देशित किया है। प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र सिंह राठी ने बताया कि मामले में आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय प्रबंधन की ओर से शिकायती पत्र और वीडियो उपलब्ध कराया गया है। प्रकरण की जांच की जा रही है। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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पत्र के अनुसा , छह अक्तूबर को सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में एक अज्ञात व्यक्ति द्वारा मरीज रामवीर पुत्र श्री रामदेव, उम्र करीब 61 वर्ष, निवासी ग्राम तिलकपुर, पोस्ट खड़रिया, औरैया से ब्लड उपलब्ध कराने के एवज में आठ हजार रुपये लेने की बात सामने आई है। पत्र में संबंधित व्यक्ति का मोबाइल नंबर भी दर्ज किया गया है।
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विश्वविद्यालय प्रशासन का कहना है कि मरीज के तीमारदार से मजबूरी का फायदा उठाकर धन की उगाही की जा रही है। ऐसी गतिविधि उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय की गरिमा और छवि को धूमिल करती है। सहायक सुरक्षा अधिकारी रूपेश कुमार ने थाना प्रभारी से प्रकरण की विवेचना कर आवश्यक विधिक कार्रवाई करने का अनुरोध किया है।
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पत्र के साथ अज्ञात व्यक्ति के फोटोग्राफ और वायरल वीडियो को भी सुरक्षित रखा गया है। विश्वविद्यालय प्रशासन ने मामले में कार्रवाई के लिए सुरक्षा विभाग को भी निर्देशित किया है। प्रभारी निरीक्षक भूपेंद्र सिंह राठी ने बताया कि मामले में आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय प्रबंधन की ओर से शिकायती पत्र और वीडियो उपलब्ध कराया गया है। प्रकरण की जांच की जा रही है। जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।