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तीन गांव के 148 किसानों को मिलेगा मुआवजा
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इटावा। लवेदी थाना क्षेत्र के पांच गांवों के खेतों में आग लगने से हुए नुकसान का सर्वे गुरुवार को तहसील टीमों ने पूरा कर लिया। तीन गांवों के 148 किसानों को मुआवजा दिया जाएगा। इसकी रिपोर्ट तहसील मंडी समिति को भेजेगा।
दुर्गापुरा, उलीची, जैतपुरा, इगुर्री और मानपुरा गांव के किसानों के खेतों में रविवार को आग लग गई थी। एसडीएम भरथना ने सर्वे के लिए तीन टीमें लगाई थीं। आग लगने के बाद मौके पर एसडीएम चकरनगर इंद्रजीत सिंह भी पहुंचे थे, इसलिए गुरुवार को उन्होंने गांवों में जाकर नुकसान का जायजा लिया। एसडीएम ने बताया कि 148 किसानों की फसल जली है। सदस्य राजस्व निरीक्षक छोटे लाल ने बताया कि सवा ग्यारह सौ बीघा रकबा आग की चपेट में आया। इगुर्री और मानपुरा में कोई नुकसान नहीं हुआ है। दुर्गापुरा, उलीची और जैतपुरा करीब 37 हेक्टेअर ।465 बीघा गेहूं की फसल जली है। इन तीन गांवों में 52 हेक्टेअर रकबे में गेहूं की फसल कंबाइन मशीन से काटी जा चुकी थी। ये रकबा नुकसान के दायरे मेें नहीं है।
एसडीएम ने बताया कि मंडी समिति के अधिकारियों ने भी सर्वे कर लिया है। मुआवजा मंडी समिति की ओर से ही दिया जाएगा। 1 हेक्टेअर तक अधिकतम तीस हजार रुपये मुआवजा किसानों को मिलेगा। एक हेक्टेअर से अधिक दो हेक्टेअर से कम जमीन वालों को 40 हजार रुपये तक व दो हेक्टेअर से अधिक व 5 हेक्टेअर से कम जमीन वाले किसानों को 50 हजार अधिकतम मुआवजा दिया जाएगा।
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किशनपुरा के शिवम की हुई तारीफ
जिस वक्त खेतों में आग लगी करीब पांच किलोमीटर दूर किशनपुरा के किसान शिवम ट्रैक्टर से खेत की जोताई कर लौट रहे थे। धुआं उठता देख खेत पर पहुंचे और जहां आग लगी थी वहां जोताई कर दी। इससे आग खेतों और गांव की तरफ न बढ़ पाए। गुरुवार को एसडीएम के समक्ष ग्रामीणों ने शिवम की तरीफ की।
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दुर्गापुरा, उलीची, जैतपुरा, इगुर्री और मानपुरा गांव के किसानों के खेतों में रविवार को आग लग गई थी। एसडीएम भरथना ने सर्वे के लिए तीन टीमें लगाई थीं। आग लगने के बाद मौके पर एसडीएम चकरनगर इंद्रजीत सिंह भी पहुंचे थे, इसलिए गुरुवार को उन्होंने गांवों में जाकर नुकसान का जायजा लिया। एसडीएम ने बताया कि 148 किसानों की फसल जली है। सदस्य राजस्व निरीक्षक छोटे लाल ने बताया कि सवा ग्यारह सौ बीघा रकबा आग की चपेट में आया। इगुर्री और मानपुरा में कोई नुकसान नहीं हुआ है। दुर्गापुरा, उलीची और जैतपुरा करीब 37 हेक्टेअर ।465 बीघा गेहूं की फसल जली है। इन तीन गांवों में 52 हेक्टेअर रकबे में गेहूं की फसल कंबाइन मशीन से काटी जा चुकी थी। ये रकबा नुकसान के दायरे मेें नहीं है।
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एसडीएम ने बताया कि मंडी समिति के अधिकारियों ने भी सर्वे कर लिया है। मुआवजा मंडी समिति की ओर से ही दिया जाएगा। 1 हेक्टेअर तक अधिकतम तीस हजार रुपये मुआवजा किसानों को मिलेगा। एक हेक्टेअर से अधिक दो हेक्टेअर से कम जमीन वालों को 40 हजार रुपये तक व दो हेक्टेअर से अधिक व 5 हेक्टेअर से कम जमीन वाले किसानों को 50 हजार अधिकतम मुआवजा दिया जाएगा।
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किशनपुरा के शिवम की हुई तारीफ
जिस वक्त खेतों में आग लगी करीब पांच किलोमीटर दूर किशनपुरा के किसान शिवम ट्रैक्टर से खेत की जोताई कर लौट रहे थे। धुआं उठता देख खेत पर पहुंचे और जहां आग लगी थी वहां जोताई कर दी। इससे आग खेतों और गांव की तरफ न बढ़ पाए। गुरुवार को एसडीएम के समक्ष ग्रामीणों ने शिवम की तरीफ की।