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परिचालक से मारपीट, अनुबंधित बसों की हड़ताल
Updated Sun, 25 Nov 2018 12:17 AM IST
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इटावा। मैनपुरी के किशनी में शुक्रवार शाम दबंगों ने अनुबंधित बस के चालक और परिचालक की पिटाई कर दी। इस पर शनिवार को आक्रोशित अनुबंधित बस चालकों ने हड़ताल कर दी। इससे यात्रियों को काफी दिक्कत हुई। वहीं चालकों-परिचालकों ने एआरएम को ज्ञापन देकर रिपोर्ट दर्ज कराए जाने की मांग की। एआरएम के कहने पर किशनी थाने में दबंग के खिलाफ मारपीट का मामला दर्ज किया गया, तब जाकर हड़ताल समाप्त हो सकी।
इटावा से फर्रुखाबाद मार्ग पर रोडवेज से 12 बसें अनुबंधित हैं। चौबिया के नगलाजिंद गांव निवासी परिचालक जितेंद्र सिंह ने बताया कि वह शुक्रवार शाम इटावा से फर्रुखाबाद बस लेकर जा रहा था। किशनी से एक यात्री बस पर सवार हुआ और जब उससे टिकट बनवाने को कहा तो उसने खुद को स्टाफ बताया। कार्ड मांगने पर वह मारपीट करने लगा। विवाद बढ़ने पर चालक रामनरेश ने बीचबचाव की कोशिश की तो उसे भी पीटा। उधर, इस घटना की जानकारी होने पर अनुबंधित बसों के चालकों- परिचालकों ने शनिवार को हड़ताल कर दी।
इन बसों के न चलने पर फर्रुखाबाद रूट पर चलने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रोडवेज इंपलाइज यूनियन के क्षेत्रीय अध्यक्ष जगपाल सिंह यादव, मजदूर सभा के प्रदेश अध्यक्ष जयवीर सिंह समेत अन्य कर्मचारी नेताओं ने एआरएम राजीव कुमार शर्मा से मुलाकात कर उन्हें घटनाक्रम बताया। राजीव कुमार के कहने पर किशनी थाने में शीलू यादव के खिलाफ मारपीट और धमकी का मामला दर्ज किया गया। तब कहीं जाकर देर शाम बसों का संचालन शुरू हो सका।
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बस का इंतजार कर रहे रमेश ने बताया कि वह पुत्र का सैफई से इलाज कराने के बाद घर जाने के लिए सुबह करीब दो घंटे से बस का इंतजार कर रहा है लेकिन बसें खड़ीं हैं लेकिन कोई जा नहीं रहीं है। कुछ पता नहीं चल रहा है कब बस जाएगी।
रामवीर ने बताया कि उसे भी फ र्रुखाबाद जाना था लेकिन एक भी बस फर्रुखाबाद नहीं जा रही है। न जाने की वजह भी कोई नहीं बता रहा है किससे पूछे कोई बताने को तैयार नहीं हैं। जाना बहुत जरूरी है।
कंधे पर बैग डाले इधर-उधर परेशान घूम रहे शमीम ने बताया उसे फर्रुखाबाद जाना है। करीब तीन घंटे से परेशान हैं। बस बगैर फर्रुखाबाद जाने का कोई और दूसरा साधन नहीं हैं। फर्रुखाबाद जाने के लिए काफी देर से बस का इंतजार कर रहे। कामिल ने बताया कि बसें खड़ी हैं और सवारियां भी बसों के अंदर बैठी हैं। फिर भी नहीं जा रही हैं। इससे और भी ज्यादा परेशानी हो रही है कि फर्रुखाबाद पहुंचना कैसे होगा।
-एआरएम के हस्तक्षेप के बाद किशनी में दर्ज हुआ मुकदमा
-अनुबंधित बसों का संचालन नहीं होने से यात्री परेशान
अमर उजाला ब्यूरो
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इटावा से फर्रुखाबाद मार्ग पर रोडवेज से 12 बसें अनुबंधित हैं। चौबिया के नगलाजिंद गांव निवासी परिचालक जितेंद्र सिंह ने बताया कि वह शुक्रवार शाम इटावा से फर्रुखाबाद बस लेकर जा रहा था। किशनी से एक यात्री बस पर सवार हुआ और जब उससे टिकट बनवाने को कहा तो उसने खुद को स्टाफ बताया। कार्ड मांगने पर वह मारपीट करने लगा। विवाद बढ़ने पर चालक रामनरेश ने बीचबचाव की कोशिश की तो उसे भी पीटा। उधर, इस घटना की जानकारी होने पर अनुबंधित बसों के चालकों- परिचालकों ने शनिवार को हड़ताल कर दी।
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इन बसों के न चलने पर फर्रुखाबाद रूट पर चलने वाले यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। रोडवेज इंपलाइज यूनियन के क्षेत्रीय अध्यक्ष जगपाल सिंह यादव, मजदूर सभा के प्रदेश अध्यक्ष जयवीर सिंह समेत अन्य कर्मचारी नेताओं ने एआरएम राजीव कुमार शर्मा से मुलाकात कर उन्हें घटनाक्रम बताया। राजीव कुमार के कहने पर किशनी थाने में शीलू यादव के खिलाफ मारपीट और धमकी का मामला दर्ज किया गया। तब कहीं जाकर देर शाम बसों का संचालन शुरू हो सका।
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बस का इंतजार कर रहे रमेश ने बताया कि वह पुत्र का सैफई से इलाज कराने के बाद घर जाने के लिए सुबह करीब दो घंटे से बस का इंतजार कर रहा है लेकिन बसें खड़ीं हैं लेकिन कोई जा नहीं रहीं है। कुछ पता नहीं चल रहा है कब बस जाएगी।
रामवीर ने बताया कि उसे भी फ र्रुखाबाद जाना था लेकिन एक भी बस फर्रुखाबाद नहीं जा रही है। न जाने की वजह भी कोई नहीं बता रहा है किससे पूछे कोई बताने को तैयार नहीं हैं। जाना बहुत जरूरी है।
कंधे पर बैग डाले इधर-उधर परेशान घूम रहे शमीम ने बताया उसे फर्रुखाबाद जाना है। करीब तीन घंटे से परेशान हैं। बस बगैर फर्रुखाबाद जाने का कोई और दूसरा साधन नहीं हैं। फर्रुखाबाद जाने के लिए काफी देर से बस का इंतजार कर रहे। कामिल ने बताया कि बसें खड़ी हैं और सवारियां भी बसों के अंदर बैठी हैं। फिर भी नहीं जा रही हैं। इससे और भी ज्यादा परेशानी हो रही है कि फर्रुखाबाद पहुंचना कैसे होगा।
-एआरएम के हस्तक्षेप के बाद किशनी में दर्ज हुआ मुकदमा
-अनुबंधित बसों का संचालन नहीं होने से यात्री परेशान
अमर उजाला ब्यूरो