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उर्स-ए-नूरी में हुई खरकापोशी की रस्म
अमर उजाला ब्यूरो
Updated Sun, 09 Apr 2017 11:47 PM IST
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नातिया मुशायरा
- फोटो : अमर उजाला
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दुनियाभर में विख्यात आलम-ए-शोहरत की दरगाह खानकाह ए बरकातिया पर जारी उर्स-ए-नूरी में रविवार को खरकापोशी की रस्म अदायगी हुई।
सैयद अबुल हुसैन अहमदे नूरी उर्फ नूरी मियां की याद में दरगाह शरीफ पर चल रहे उर्स के दूसरे दिन खरका पोशी की रस्म हुई। बाद नमाज इशा के सरकार नूरी मियां के हुजरे से उर्स के गद्दीनशीन सैयद नजीब हैदर नूरी अपने बुजुर्गों के लिबास पहनकर दरगाह खानकाहे बरकातिया पहुंचे। सैयद नजीब हैदर नूरी ने खानकाह में पहुंच कर बुजुर्गों की मजार पर फातिहा पढ़ने के बाद गुलशने बरकात पार्क पहुंचे। जायरीन को जियारत कराई। वहीं शनिवार देर रात गुलशने बरकात पार्क में नातिया मुशायरा हुआ। इसकी सदारत जमील अफगानी ने की। शायर कासिम हबीबी कानपुर, दानिश कलीम, अगर इनायती, डॉ सैयद अहमद मुस्तफा सिद्दीकी, जावेद रामपुरी ने कलाम पेश किए। कार्यक्रम की अध्यक्षता इनकम टैक्स कमिश्नर सैयद मोहम्मद, अशरफ मियां कादरी और संचालन कासिम हबीबी कानपुर ने किया। सज्जादानशीं, प्रो. सैयद अमीन मियां कादरी, सज्जादानशीं सैयद नजीब हैदर नूरी, सैयद अमान मियां कादरी, सैयद उस्मान मियां कादरी, सैयद हैदर हसन मौजूद रहे।
उर्से नूरी के सहयोग में सामाजिक संस्थाएं
सामाजिक संस्था गुलामान मुस्तफा कमेटी के अध्यक्ष की सरपरस्ती में उर्स-ए-नूरी में आने वाले जायरीनों के स्वागत के लिए स्वागत द्वार के अलावा पीने की पानी आदि की व्यवस्था की गई थी।
जायरीनों ने लिया शाकाहारी भोजन
दरगाह खानकाहे बरकातिया पर पहली बार उर्स में शिरकत करने देश विदेश से आए जायरीन ने दरगाह कमेटी की ओर से सरकार के आदेशों के पालन में बंद बूचड़खानों का स्वागत करते हुए शुद्ध शाकाहारी भोजन का जायका लिया।
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सैयद अबुल हुसैन अहमदे नूरी उर्फ नूरी मियां की याद में दरगाह शरीफ पर चल रहे उर्स के दूसरे दिन खरका पोशी की रस्म हुई। बाद नमाज इशा के सरकार नूरी मियां के हुजरे से उर्स के गद्दीनशीन सैयद नजीब हैदर नूरी अपने बुजुर्गों के लिबास पहनकर दरगाह खानकाहे बरकातिया पहुंचे। सैयद नजीब हैदर नूरी ने खानकाह में पहुंच कर बुजुर्गों की मजार पर फातिहा पढ़ने के बाद गुलशने बरकात पार्क पहुंचे। जायरीन को जियारत कराई। वहीं शनिवार देर रात गुलशने बरकात पार्क में नातिया मुशायरा हुआ। इसकी सदारत जमील अफगानी ने की। शायर कासिम हबीबी कानपुर, दानिश कलीम, अगर इनायती, डॉ सैयद अहमद मुस्तफा सिद्दीकी, जावेद रामपुरी ने कलाम पेश किए। कार्यक्रम की अध्यक्षता इनकम टैक्स कमिश्नर सैयद मोहम्मद, अशरफ मियां कादरी और संचालन कासिम हबीबी कानपुर ने किया। सज्जादानशीं, प्रो. सैयद अमीन मियां कादरी, सज्जादानशीं सैयद नजीब हैदर नूरी, सैयद अमान मियां कादरी, सैयद उस्मान मियां कादरी, सैयद हैदर हसन मौजूद रहे।
उर्से नूरी के सहयोग में सामाजिक संस्थाएं
सामाजिक संस्था गुलामान मुस्तफा कमेटी के अध्यक्ष की सरपरस्ती में उर्स-ए-नूरी में आने वाले जायरीनों के स्वागत के लिए स्वागत द्वार के अलावा पीने की पानी आदि की व्यवस्था की गई थी।
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जायरीनों ने लिया शाकाहारी भोजन
दरगाह खानकाहे बरकातिया पर पहली बार उर्स में शिरकत करने देश विदेश से आए जायरीन ने दरगाह कमेटी की ओर से सरकार के आदेशों के पालन में बंद बूचड़खानों का स्वागत करते हुए शुद्ध शाकाहारी भोजन का जायका लिया।
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